{"_id":"65131a5718342f23850c0834","slug":"three-years-of-rigorous-imprisonment-to-three-people-including-the-gang-leader-hamirpur-news-c-225-1-mah1001-1803-2023-09-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahoba News: अस्पतालों में छुट्टी से पहले मिलेगा जन्म प्रमाणपत्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahoba News: अस्पतालों में छुट्टी से पहले मिलेगा जन्म प्रमाणपत्र
Tue, 26 Sep 2023 11:23 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
Updated Tue, 26 Sep 2023 11:23 PM IST
विज्ञापन
महोबा। अब जन्म व मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए नगर निकायों पर लोगों को निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। अस्पतालों से ही जन्म प्रमाणपत्र निर्गत किए जाएंगे। इसको लेकर चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव ने आदेश जारी किया गया। इसके लिए अस्पतालों में अलग से स्टाफ की व्यवस्था की जाएगी।
अस्पताल में होने वाले हर जन्म और मृत्यु को तत्काल नागरिक पंजीयन प्रणाली के तहत दर्ज किया जाएगा। अस्पताल से प्रसूता की छुट्टी होने से पहले हर हाल में नवजात का जन्म प्रमाणपत्र परिजनों को उपलब्ध कराना होगा। इससे न सिर्फ लोगों को सुविधा होगी बल्कि नगर पालिका सहित अन्य निकायों पर जन्म-मृत्यु पंजीयन की भीड़ भी घटेगी। अस्पतालों के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी भी नियुक्त किए जाने को लेकर शासन स्तर से आदेश जारी किए गए हैं। चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने इसको लेकर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। कहा कि कि अस्पतालों में जन्म-मृत्यु के प्रत्येक मामले का पंजीयन करना होगा। नई व्यवस्था से अब लोगों को जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए निकायों पर ही निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
विज्ञापन
अस्पताल में होने वाले हर जन्म और मृत्यु को तत्काल नागरिक पंजीयन प्रणाली के तहत दर्ज किया जाएगा। अस्पताल से प्रसूता की छुट्टी होने से पहले हर हाल में नवजात का जन्म प्रमाणपत्र परिजनों को उपलब्ध कराना होगा। इससे न सिर्फ लोगों को सुविधा होगी बल्कि नगर पालिका सहित अन्य निकायों पर जन्म-मृत्यु पंजीयन की भीड़ भी घटेगी। अस्पतालों के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी भी नियुक्त किए जाने को लेकर शासन स्तर से आदेश जारी किए गए हैं। चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने इसको लेकर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। कहा कि कि अस्पतालों में जन्म-मृत्यु के प्रत्येक मामले का पंजीयन करना होगा। नई व्यवस्था से अब लोगों को जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए निकायों पर ही निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
विज्ञापन