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जेल में कैदी की हालत बिगड़ी, अस्पताल में मौत
Sat, 16 Mar 2019 11:34 PM IST
akhilesh अखिलेश यादव
जेल में कैदी की हालत बिगड़ी, अस्पताल में मौत
जेल में कैदी की हालत बिगड़ी, अस्पताल में मौत
Published by: akhilesh अखिलेश यादव
Updated Sat, 16 Mar 2019 11:34 PM IST
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ded kaidi
- फोटो : amar ujala
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अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। जिला जेल में हत्या के प्रयास मामले में सजायाफ्ता कंदू (50) की शनिवार की सुबह अचानक तबियत बिगड़ गई। सीने में दर्द की शिकायत पर जेलर ने पुलिस कर्मियों के साथ कैदी को जिला अस्पताल भेजा लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। मृतक महोबा जिले के अजनेर थाना अंतर्गत नगरादान गांव निवासी था। इस मामले में कई बंदियों ने बताया कि जेल में इलाज के लिए न पर्याप्त डाक्टर हैं और न ही दवाएं हैं। इसी प्रकार कई अन्य मरीज भी बीमार चल रहे है।
जिले में जेल बनने के बाद दो दिसंबर 2018 को महोबा जेल से नगरादान गांव निवासी कंदू पुत्र नंदू को शिफ्ट किया गया था। शनिवार की दोपहर उसके सीने में दर्द होने के बाद वह बेहोश होने लगा। जेलर ने सुरक्षाकर्मी छत्रपाल सिंह व रहीमखान के साथ जिला अस्पताल भेजा। अस्पताल में डाक्टर ने उसके मौत की पुष्टि की। डा.शिवकुमार ने बताया कि कैदी जब अस्पताल पहुंचा तो उसकी रास्ते में मौत हो चुकी थी। मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चलेगा। जेलर श्रीप्रकाश त्रिपाठी ने बताया कि कैदी कंदू पर धारा 504, 506 व 307 के तहत दर्ज मामले में सात साल कैद की सजा हुई थी। इस मामले में जेलर श्रीप्रकाश त्रिपाठी का कहना है कि जेल में अभी पूरी सुविधाएं नहीं हो पाई हैं। जिसका लगातार प्रयास किया जा रहा है।
चित्रकूट। जिला जेल में हत्या के प्रयास मामले में सजायाफ्ता कंदू (50) की शनिवार की सुबह अचानक तबियत बिगड़ गई। सीने में दर्द की शिकायत पर जेलर ने पुलिस कर्मियों के साथ कैदी को जिला अस्पताल भेजा लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। मृतक महोबा जिले के अजनेर थाना अंतर्गत नगरादान गांव निवासी था। इस मामले में कई बंदियों ने बताया कि जेल में इलाज के लिए न पर्याप्त डाक्टर हैं और न ही दवाएं हैं। इसी प्रकार कई अन्य मरीज भी बीमार चल रहे है।
जिले में जेल बनने के बाद दो दिसंबर 2018 को महोबा जेल से नगरादान गांव निवासी कंदू पुत्र नंदू को शिफ्ट किया गया था। शनिवार की दोपहर उसके सीने में दर्द होने के बाद वह बेहोश होने लगा। जेलर ने सुरक्षाकर्मी छत्रपाल सिंह व रहीमखान के साथ जिला अस्पताल भेजा। अस्पताल में डाक्टर ने उसके मौत की पुष्टि की। डा.शिवकुमार ने बताया कि कैदी जब अस्पताल पहुंचा तो उसकी रास्ते में मौत हो चुकी थी। मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चलेगा। जेलर श्रीप्रकाश त्रिपाठी ने बताया कि कैदी कंदू पर धारा 504, 506 व 307 के तहत दर्ज मामले में सात साल कैद की सजा हुई थी। इस मामले में जेलर श्रीप्रकाश त्रिपाठी का कहना है कि जेल में अभी पूरी सुविधाएं नहीं हो पाई हैं। जिसका लगातार प्रयास किया जा रहा है।
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