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वाजिद हत्याकांड में अनिल को आजीवन कारावास
ब्यूरो, अमर उजाला/ बिजनौर
Updated Tue, 16 Jan 2018 11:19 PM IST
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बिजनौर में एडीजे सुनील कुमार ने वाजिद हत्याकांड के आरोपी अनिल कुमार को आजीवन कारावास और बीस हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
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शासकीय अधिवक्ता राजेंद्र शर्मा के अनुसार किरतपुर के मोहल्ला कोटरा निवासी वाजिद की ओर से थाना किरतपुर में यह तहरीर दी गई थी कि 27 दिसंबर 2015 को जब वह अपने खेत को ट्रैक्टर से जुतवा रहा था। इसी दौरान अनिल कुमार और अमर सिंह उसके पास आए और उससे खेत जोतने को मना करने लगे। वाजिद ने कहा कि खेत जोतना जरूरी है। इस बात पर दोनों नाराज हो गए और डंडो से ताबड़तोड़ वार कर गंभीर घायल दिया। उसके शोर पर आसपास के लोगों को आता देख दोनों भाग गए। इस मामले में दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। दो जनवरी 2016 को वाजिद की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले को हत्या में तरमीम कर दिया था। जांच की तो पाया कि इस घटना में सिर्फ अनिल कुमार ही शामिल था। अमर सिंह को घटना से कोई वास्ता नही था। पुलिस ने अनिल कुमार के खिलाफ ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। कोर्ट ने मंगलवार को अनिल कुमार को वाजिद की हत्या का दोषी मानते हुए सजा सुनाई है।
नौशाद हत्याकांड में तीन भाइयों समेत चार की जमानत निरस्त
बिजनौर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुभाष चंद ने नौशाद हत्याकांड में तीन भाईयों समेत चार आरोपियों की जमानत याचिका निरस्त कर दी है।
शासकीय अधिवक्ता श्याम स्वरूप शर्मा के अनुसार थाना किरतपुर के गांव भनेड़ा निवासी बाबू की चचेरी बहन का रिश्ता गांव के ही सोनू के साथ चल रहा था। रिश्ते को लेकर उसके चाचा जहूर और सोनू के पिता मकसूद में कहासुनी हो रही थी। तभी मकसूद के पुत्र इमरान, हिफ्जान, जावेद, सोनू एवं इरफान मौके पर चाकू लेकर आ गए। बाबू के पुत्र नौशाद ने बीचबचाव का प्रयास किया। मकसूद और उसके पांचों पुत्रों ने नौशाद पर धारदार हथियारों से हमला बोल दिया। इससे नौशाद गंभीर रूप से घायल हो गया। बाबू जब अपने घायल पुत्र नौशाद को लेकर अस्पताल पहुंचा तो चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बाबू ने हत्या की रिपोर्ट मकसूद ओर उसके पांच पुत्रों सोनू, इमरान, हिफ्जान, जावेद व इरफान के खिलाफ दर्ज कराई। कोर्ट ने मकसूद, हिफ्जान, इमरान एवं इरफान की जमानत याचिका पर्याप्त आधार नहीं पाते हुए निरस्त कर दी है। एक अन्य घटना में कोर्ट ने नजीबाबाद के ब्लॉक प्रमुख अवधेश कुमार के भाई बालेश कुमार पर हुए जानलेवा हमले के आरोपी मंजीत की भी जमानत याचिका निरस्त की है।
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