फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Urea black marketing continues, patterns change

Basti News: थमी नहीं यूरिया की कालाबाजारी...पैतरा बदला

Mon, 08 Dec 2025 12:55 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 08 Dec 2025 12:55 AM IST
विज्ञापन
Urea black marketing continues, patterns change
खाद की दुकान पर निरीक्षण करते जिला कृ​षि अ​धिकारी डॉ. बाबू राम मौर्य।
बस्ती। शासन-प्रशासन की सख्ती के बाद भी यूरिया की कालाबाजारी थम नहीं रही हैं। धंधेबाज हर बार पैतरा बदल दे रहे हैं। जानकारों का कहना है यूरिया निजी क्षेत्र के दुकान और सहकारी समितियों से अनुदानित मूल्य वाली यूरिया सेटिंग के जरिये लेकर सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों में इसकी खपत की जा रही है।
विज्ञापन

धंधेबाजों का नेटवर्क सरकारी, गैर सरकारी गोदामों से लेकर गैर लाइसेंसी विक्रेताओं तक फैला हुआ है। लोकल स्तर पर बिक्री करने पर प्रति बोरी यूरिया में दो सौ से तीन सौ रुपये तक मुनाफा कमाया जा रहा है। विश्वस्त सूत्र बताते हैं कि धंधेबाज निजी क्षेत्र की दुकानों और सहकारी समितियों से सेटिंग करके पीओएस मशीन में किसानों के नाम जरूरत से ज्यादा यूरिया की निकासी करा ली जा रही है।
विज्ञापन

बाद में यह खेप सुदूर गांवों में प्राइवेट लोगों के पास पहुंचा दिया जा रहा है। जिनके यहां से स्थानीय किसानों में मुंहमांगी रकम पर यूरिया बेच दी जा रही है। जानकार बताते हैं कि धंधेबाजों का एक नेटवर्क नेपाल से भी जुड़ा हुआ है। 267 रुपये प्रति बोरी अनुदानित यूरिया 400 रुपये तक लेकर नेपाल बार्डर पर पहुंचा दिया जा रहा है। वहां से कैरियर बनकर लोग साइकिल और मोटरसाइकिल से गांवों के रास्ते यूरिया को सीमा पार पहुंचा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

बताया जा रहा है कि अनुदानित मूल्य की यूरिया नेपाल में डेढ़ हजार से दो हजार रुपये बोरी बिक जा रही है। खरीफ सीजन में बड़े पैमाने पर अनुदानित यूरिया की कालाबाजारी कर नकली लिक्विड यूरिया की फैक्टरियों में आपूर्ति का खुलासा हुआ था। इसके बाद धंधेबाजों ने पैतरा बदल दिया है।

समितियों और दुकानों पर लाइन लगाने से अच्छा प्रति बोरी दो सौ से तीन सौ रुपये तक ज्यादा रुपये देकर यूरिया लेना सुदूरवर्ती किसानों को आसान पड़ रहा है।
इसीलिए सुदूर ग्रामीण क्षेत्र में धंधेबाजों के एजेंट बिना लाइसेंस के यूरिया की बिक्री कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि इनके एजेंट अपने घरों से ही स्थानीय काश्तकारों को दोगुने मुनाफे पर यूरिया उपलब्ध करा दे रहे हैं। इस नेटवर्क का खुलासा अभी नहीं हो पाया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed