फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   by threatening to cut off electricity

Basti News: बिजली काटने की धमकी देकर ठगी पर उतरे साइबर अपराधी

Thu, 25 Jan 2024 03:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Thu, 25 Jan 2024 03:28 AM IST
विज्ञापन
by threatening to cut off electricity
लोगों को ठगने के लिए साइबर अपराधियों ने नया तरीका ढूंढ निकाला
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी


बस्ती। आपके मोबाइल फोन पर बिजली बिल भरने से संबंधित मैसेज आ रहे हैं और भुगतान नहीं करने पर कनेक्शन काटने की बात कही जा रही है तो सावधान हो जाइए। आपका बैंक अकाउंट खाली हो सकता है। लोगों को ठगने के लिए साइबर अपराधियों ने नया तरीका ढूंढ निकाला है। पुलिस ने लोगों को इनके झांसे में न आने की सलाह दी है।

साइबर अपराधियों ने लोगों को बिजली के बिल के नाम पर ठगने का नया तरीका इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है। उपभोक्ताओं के पास मैसेज भेजकर कहा जा रहा है कि आपका पिछले माह का बिजली बिल नहीं भरा गया है। अगर, बिल अपडेट नहीं कराएंगे तो कनेक्शन काट दिया जाएगा। इसके लिए एक नंबर भी देते हैं। इस नंबर पर कॉल करने पर बिल अपडेट करने के लिए कहा जाता है। साइबर अपराधी बात करने पर मोबाइल फोन पर स्क्रीन शेयरिंग एप डाउनलोड करने के लिए कहते हैं। उसे डाउनलोड करते ही बैंक खाते से रकम कट जाती है।
विज्ञापन

नगर क्षेत्र के नरायनपुर निवासी धीरेंद्र के मोबाइल फोन पर 29 अप्रैल को मैसेज आया। उसमें लिखा था कि आपका बिजली बिल बकाया है। जबकि उन्होंने कुछ दिन पहले ही ऑनलाइन बिल जमा किया था। चूंकि वह पहले से फर्जी मैसेज के बारे में जानते थे, इसलिए बिना बातों में आए मैसेज को नजरअंदाज कर गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

गांधीनगर के सुरेंद्र प्रताप के मोबाइल फोन पर ऐसा ही मैसेज आया था। उसमें 24 घंटे में कनेक्शन काट देने की बात कही गई। सुरेंद्र का बिल वाकई में बकाया था, इसलिए वह सकते में आ गए। मैसेज में बताए नंबर पर कॉल की तो वहां से एक व्हाट्सएप नंबर दिया गया। उस पर एक लिंक भेजा गया। लिंक डाउनलोड करने पर कहा गया एक रुपये भेजे, इसके कुछ देर बाद उनके खाते से 11 हजार रुपये कट गए।
हर्रैया कस्बे के अभिषेक गुप्ता के पास 13 मई को इसी तरह का मैसेज आया। उनका भी बिल बकाया था। गनीमत रही कि मैसेज में दिए लिंक और मोबाइल नंबर पर डायल करने से पहले वह बिजली निगम के दफ्तर पहुंच गए। वहां मैसेज दिखाया तो बताया गया कि फर्जी है।
...


कर्मचारी बनकर करते हैं फोन

मैसेज के साथ वह एक फर्जी बिजली निगम के अधिकारी का नंबर भी भेजते हैं। ठग खुद को बिजली निगम का कर्मचारी बताते हैं और फिर उपभोक्ताओं को उनके बकाया बिल की जानकारी देते हैं। उस नंबर को अगर कोई ट्रू-कॉलर पर चेक करता है तो उस पर बिजली निगम या यूपीपीसीएस लिखकर आता है। इससे लोगों को यकीन हो जाता है कि वह विभागीय कर्मचारी है। कई बार इसके लिए वह लोगों को व्हाट्स एप पर संपर्क करते हैं। यदि कोई शख्स बिजली बिल के भुगतान के लिए तैयार हो जाता है तो स्क्रीन शेयरिंग एप डाउनलोड करने के बाद दस रुपये ट्रांसफर करने की बात कहकर क्रेडिट और डेबिट कार्ड की जानकारी ले लेते हैं। इसके बाद खाता खाली कर देते हैं।







-

ऐसे करें बचाव

सबसे पहले आप खुद और अपने घरवालों को जागरूक बनाएं। दूसरा किसी भी अनजान शख्स से अपना ओटीपी शेयर ना करें। मैसेज पर आए लिंक या अनजान फोन नंबर का उपयोग नहीं करें। किसी के कहने पर स्क्रीन शेयरिंग एप डाउनलोड नहीं करें। यदि आपके पास इस तरह का कोई मैसेज आता है, तो पहले उसके स्रोत की जांच कर लें। किसी भी प्राइवेट अकाउंट में पेमेंट करने से बचें। थाने में शिकायत करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed