{"_id":"6a075499b6e7f4ed1b0d755b","slug":"the-accident-did-not-break-his-spirit-harshvardhan-received-the-national-sports-ratna-award-balrampur-news-c-99-1-slko1018-148355-2026-05-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Balrampur News: दुर्घटना से नहीं टूटा हौसला, हर्षवर्धन को मिला राष्ट्रीय खेल रत्न सम्मान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Balrampur News: दुर्घटना से नहीं टूटा हौसला, हर्षवर्धन को मिला राष्ट्रीय खेल रत्न सम्मान
Fri, 15 May 2026 10:45 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Fri, 15 May 2026 10:45 PM IST
विज्ञापन
फोटो-30- सम्मानित होते जिले के खिलाड़ी हर्षवर्धन। स्राेत स्वयं
बलरामपुर। जिले के इंटरनेशनल पैरा एथलीट हर्षवर्धन मणि दीक्षित को लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में राष्ट्रीय खेल रत्न पुरस्कार एवं सर्वश्रेष्ठ उत्तर प्रदेश खिलाड़ी सम्मान से सम्मानित किया गया। यह सम्मान स्वर्ण भारत परिवार ट्रस्ट एवं स्वर्ण भारत दिव्यांग बोर्ड की तरफ से प्रदान किया गया।
मुख्य अतिथि डॉ. सतेंद्र कुशवाहा एवं एमएलसी अवनीश सिंह पटेल ने हर्षवर्द्धन को राष्ट्रीय खेल रत्न पुरस्कार प्रदान किया। बलरामपुर के दीक्षित कालोनी निवासी हर्षवर्द्धन को वर्ष 2009 में भारतीय सेना में चयन के बाद एक गंभीर दुर्घटना के चलते सर्वाइकल स्पाइनल कॉर्ड इंजरी का सामना करना पड़ा। हादसे के बाद उनका जीवन पूरी तरह बदल गया, लेकिन उन्होंने कठिन परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानी। परिवार और शुभचिंतकों के सहयोग से उन्होंने खेलों में नई पहचान बनाई। हर्षवर्धन ने व्हीलचेयर मैराथन में स्वर्ण पदक जीतकर प्रदेश और देश का नाम रोशन किया। इसके अलावा पैरा एथलेटिक्स के क्लब थ्रो और डिस्कस थ्रो में रजत पदक तथा पैरा बोशिया में दो स्वर्ण पदक हासिल किए। उन्होंने दुबई, जॉर्डन और कजाकिस्तान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए शानदार प्रदर्शन किया। एशियन गेम्स का कांस्य पदक जीतना उनकी बड़ी उपलब्धियों में शामिल है।
विज्ञापन
मुख्य अतिथि डॉ. सतेंद्र कुशवाहा एवं एमएलसी अवनीश सिंह पटेल ने हर्षवर्द्धन को राष्ट्रीय खेल रत्न पुरस्कार प्रदान किया। बलरामपुर के दीक्षित कालोनी निवासी हर्षवर्द्धन को वर्ष 2009 में भारतीय सेना में चयन के बाद एक गंभीर दुर्घटना के चलते सर्वाइकल स्पाइनल कॉर्ड इंजरी का सामना करना पड़ा। हादसे के बाद उनका जीवन पूरी तरह बदल गया, लेकिन उन्होंने कठिन परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानी। परिवार और शुभचिंतकों के सहयोग से उन्होंने खेलों में नई पहचान बनाई। हर्षवर्धन ने व्हीलचेयर मैराथन में स्वर्ण पदक जीतकर प्रदेश और देश का नाम रोशन किया। इसके अलावा पैरा एथलेटिक्स के क्लब थ्रो और डिस्कस थ्रो में रजत पदक तथा पैरा बोशिया में दो स्वर्ण पदक हासिल किए। उन्होंने दुबई, जॉर्डन और कजाकिस्तान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए शानदार प्रदर्शन किया। एशियन गेम्स का कांस्य पदक जीतना उनकी बड़ी उपलब्धियों में शामिल है।
विज्ञापन