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किस्मत रूठी, मदद की आस टूटी
ब्यूरो/अमर उजाला, औरैया
Updated Wed, 18 Mar 2015 12:59 AM IST
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रबी फसली चक्र में बेमौसम बारिश ने किसान को सदमे में लाकर खड़ा कर दिया है। बीते दिवसे बारिश से तबाह हुई फसलों का जायजा लेने अमर उजाला टीम ने सदर ब्लाक के ग्राम बमुरीपुर व दौलतपुर का जायजा लिया।
गांवों में किसानों के साथ उनकी फसलें भी मौसम की मार से रोती हुई दिखाई दीं। तेज हवा और बारिश ने जमीन पर गिरी फसलों का देख किसान अपनी किस्मत को कोसेते हुए कुछ यूं बोले ....
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अब कहां से चुकाएंगे कर्ज- पूरी फसलें जमीन पर गिरी पड़ी है। किसान क्रेडिट कार्ड से पैसे निकाल कर खाद-बीज का इंतजाम किया था। अब हम कर्ज कहां से चुकाएंगे। श्याम किशोर, दौलतपुर
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बरबाद कर दओ बारिश ने - या बेमौसम की बरसात ने हमें बरबाद कर दयो। पार साल चना की फसल खतम हो गई हती। खरीफ फसल में सूखा से नुकसान हो गओ हतो, जा बार की बरसात ने तो हमें बरबाद कर दओ। गंगादीन, दौलतपुर
अजी गलत है रिपोर्ट - बेमौसम बारिश से हमारे गांव की फसलें नष्ट हो चुकी हैं। पर नौकरशाह को दिखाई नहीं दे रहा है। 10-15 फीसदी फसलों के नुकसान की रिपोर्ट गलत है। राजेंद्र सिंह, बमुरीपुर
सब गलत हैं-फसलें हमारी नष्ट हुईं हैं। नुकसान हमारा हुआ है। उनका क्या गया है। 10-15 फीसदी नुकसान, सब गलत हैं। राजेश सिंह, बमुरीपुर
किसानों ने नकारी रिपोर्ट- मार्च की शुरुआत में हुई बारिश और ओलावृष्टि से हुई फसलों के नुकसान का तहसील स्तर पर सत्यापन कराया था। सत्यापन में राजस्व कर्मियों ने किसानों की फसलों को 10 से 15 फीसदी नुकसान का आंकलन कर रिपोर्ट प्रेषित की है। गांव के किसानों ने जिला प्रशासन की इस रिपोर्ट को पूरी तरह नकार दिया है।
वर्जन - 14 व 15 मार्च को हुई बारिश से फसलों को हुए नुकसान का सत्यापन कराया जा रहा है। रिपोर्ट दो-एक रोज में प्राप्त होगी। तभी नुकसान के बारे में ठोस रूप से कहा जाएगा। रामनयन, तहसीलदार सदर
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गांवों में किसानों के साथ उनकी फसलें भी मौसम की मार से रोती हुई दिखाई दीं। तेज हवा और बारिश ने जमीन पर गिरी फसलों का देख किसान अपनी किस्मत को कोसेते हुए कुछ यूं बोले ....
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अब कहां से चुकाएंगे कर्ज- पूरी फसलें जमीन पर गिरी पड़ी है। किसान क्रेडिट कार्ड से पैसे निकाल कर खाद-बीज का इंतजाम किया था। अब हम कर्ज कहां से चुकाएंगे। श्याम किशोर, दौलतपुर
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बरबाद कर दओ बारिश ने - या बेमौसम की बरसात ने हमें बरबाद कर दयो। पार साल चना की फसल खतम हो गई हती। खरीफ फसल में सूखा से नुकसान हो गओ हतो, जा बार की बरसात ने तो हमें बरबाद कर दओ। गंगादीन, दौलतपुर
अजी गलत है रिपोर्ट - बेमौसम बारिश से हमारे गांव की फसलें नष्ट हो चुकी हैं। पर नौकरशाह को दिखाई नहीं दे रहा है। 10-15 फीसदी फसलों के नुकसान की रिपोर्ट गलत है। राजेंद्र सिंह, बमुरीपुर
सब गलत हैं-फसलें हमारी नष्ट हुईं हैं। नुकसान हमारा हुआ है। उनका क्या गया है। 10-15 फीसदी नुकसान, सब गलत हैं। राजेश सिंह, बमुरीपुर
किसानों ने नकारी रिपोर्ट- मार्च की शुरुआत में हुई बारिश और ओलावृष्टि से हुई फसलों के नुकसान का तहसील स्तर पर सत्यापन कराया था। सत्यापन में राजस्व कर्मियों ने किसानों की फसलों को 10 से 15 फीसदी नुकसान का आंकलन कर रिपोर्ट प्रेषित की है। गांव के किसानों ने जिला प्रशासन की इस रिपोर्ट को पूरी तरह नकार दिया है।
वर्जन - 14 व 15 मार्च को हुई बारिश से फसलों को हुए नुकसान का सत्यापन कराया जा रहा है। रिपोर्ट दो-एक रोज में प्राप्त होगी। तभी नुकसान के बारे में ठोस रूप से कहा जाएगा। रामनयन, तहसीलदार सदर