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27 दिन बाद दीपक बदमाशों के चंगुल से छूटा
ब्यूरो/अमर उजाला, औरैया
Updated Sun, 08 Mar 2015 12:33 AM IST
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दिबियापुर के पुर्वा महिपाल से 27 दिन पूर्व अपह्रत युवक दीपक गुरुवार रात बदमाशों की चंगुल से छूटकर वापस आ गया। दीपक के घर से होली की खुशियां और बढ़ गई। पुलिस दीपक से बदमाशों के बारे में पूछताछ करने में जुट गई है।
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पूर्वा महिपाल कंचौसी निवासी एवं भारतीय दलित पैंथर के जिलाध्यक्ष संतोष के बड़े पुत्र दीपक का 10 फरवरी को कंचौसी मोड़ ककोर से रात आठ बजे अपहरण हो गया था। बोलेरो सवार बदमाशों ने दीपक को उस समय उठाया था, जब वह भोगनीपुर कानपुर देहात जाने को वाहन का इंतजार कर रहा था।
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होली की रात दीपक किसी तरह बदमाशों के चंगुल से छूटकर घर वापस लौट आया। दीपक के घर लौटते ही परिजनों में खुशी की लहर दौड़ गई है। दीपक ने बताया कि 10 फरवरी को एक बोलेरो उसके पास आकर रुकी, बोलेरो सवार चार लोगों ने उरई की ओर जाने की बात कहकर उसे भोगनीपुर के लिए गाड़ी में बैठा लिया।
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कुछ दूर चलने के बाद पीछे बैठे लोगों ने गर्दन पकड़कर उसे सीट के नीचे दबा दिया। इसके बाद बदमाशों ने लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया। दीपक का कहना है कि गाड़ी में सवार तीन लोग कंचौसी के रहने वाले है।
वह तीनों को पहचानता है। इधर पिता संतोष पैंथर ने बताया कि पुलिस के दबाव के चलते बदमाशों ने उसके पुत्र को सकुशल छोड़ दिया।