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Jagannath Rath Yatra 2020: भगवान जगन्नाथ को पांच सौ मीटर क्षेत्र भ्रमण की भी नहीं मिली अनुमति

Mon, 22 Jun 2020 06:57 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो Updated Mon, 22 Jun 2020 06:57 PM IST
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Lord Jagannath did not get permission to visit
भगवान जगन्नाथ - फोटो : अमर उजाला

बीमार होने की वजह से औषधीय काढ़े के भोग से भगवान जगन्नाथ सपरिवार सोमवार को स्वस्थ तो हो गए, लेकिन यह पहला मौका होगा जब वह उनका रथ सैर-सपाटे के लिए नहीं निकल सकेगा। प्रशासन ने रथयात्रा निकालने की अनुमति नहीं दी है। जगन्नाथ रथयात्रा समिति ने सिर्फ पांच लोगों के साथ भगवान को क्षेत्र भ्रमण कराने की अनुमति मांगी थी, लेकिन प्रशासन ने ऐसा करने से मना कर दिया।

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इतना ही नहीं, इस बार भगवान की प्रतिमा को मंदिर से बाहर भी नहीं निकाला जा सकेगा। मंगलवार को मंदिर के भीतर ही पूजा के बाद भोग लगेगा और दूर से दर्शन होंगे। प्रभु जगन्नाथ रथयात्रा समिति ने भगवान के क्षेत्र भ्रमण की अनुमति न मिलने के कारण मंदिर में ही महोत्सव मनाने का निर्णय किया है। रथयात्रा समिति के पदाधिकारियों ने प्रशासन आग्रह किया था सिर्फ पांच लोगों के साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए मात्र 500 मीटर ही सही भगवान को क्षेत्र भ्रमण की अनुमति प्रदान की जाए लेकिन प्रशासन ने नहीं सुनी। इससे रथयात्रा को लेकर उत्साह ठंडा पड़ गया है।
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रथ यात्रा संयोजक शिब्बू तिवारी, अनंत अग्रवाल, रण विजय सिंह, सत्येंद्र तिवारी, अमित शर्मा, सूरज शर्मा, मोछा गुरु, पीयूष जायसवाल ने कोरोना संक्रमण की वजह से प्रशासन की गाइड लाइन के तहत मंदिर में पूजा-दर्शन की तैयारी शुरू कर दी है। मंदिर को सैनिटाइज करा दिया गया है। इनसेट भगवान जगन्नाथ को मंदिर परिसर से बाहर लाने पर भी रोक प्रयागराज। भगवान जगन्नाथ को मंदिर परिसर से बाहर लाने से भी मना कर दिया गया है।
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मिति के सदस्यों ने प्रशासन की इस सख्ती पर नाराजगी प्रगट की है। पदाधिकारियों ने कहा है कि एक सांकेतिक यात्रा की भी अनुमति न देना अत्यंत निराशाजनक है। अंतत: समिति के पदाधिकारियों ने मंदिर प्रांगण में ही पांच लोगों के साथ पूजा अर्चना का निर्णय लिया। दर्शनार्थी मंदिर के बाहर से ही भगवान जगन्नाथ की पूजा करेंगे। मंगलवार की सुबह पांच बजे से भगवान के दर्शन शुरू होंगे। 

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