{"_id":"5f11f75e8ebc3e639a6a9047","slug":"radha-who-teaches-name-of-sandhya-dwivedi-is-arrested-city-office-news-ali238907980","type":"story","status":"publish","title_hn":"संध्या द्विवेदी के नाम से पढ़ाने वाली राधा गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संध्या द्विवेदी के नाम से पढ़ाने वाली राधा गिरफ्तार
विज्ञापन
फर्जी शिक्षिका संध्या द्विवेदी के नाम पर नौकरी करने वाली राधा।
- फोटो : CITY OFFICE
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय विजयगढ़ में संध्या द्विवेदी के शैक्षिक अभिलेख, आधार कार्ड, बैंक खाता के आधार पर नौकरी करने वाली फर्जी शिक्षिका राधा को शुक्रवार को थाना विजयगढ़ की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। विद्यालय में नियुक्ति दौरान वह नाबालिग थी। दस्तावेजों के अनुसार एक महीने पहले ही वह बालिग हुई है।
शुक्रवार शाम चार बजे पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि फर्जी शिक्षिका संध्या द्विवेदी कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय विजयगढ़ के पास देखी गई है। थानाध्यक्ष विनोद कुमार अपने हमराहियों के साथ मौके पर पहुंच गए। खोजबीन के दौरान संध्या को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने खुद का नाम राधा बताया। महागमा, मैनपुरी निवासी राधा पुत्री राजाराम ने कहा कि वह हाईस्कूल पास है। हाईस्कूल के अंक पत्र में उसकी जन्मतिथि 26 जून 2002 अंकित है। 10 अक्तूबर वर्ष 2019 में विद्यालय में उसने नौकरी शुरू की थी, उस समय उसकी आयु करीब 17 वर्ष थी। राधा के पिता खेती-बाड़ी करते हैं। फर्जी शिक्षिका की तलाश में एसआई दुर्वेश कुमार अपनी टीम के साथ भैंसरोली मैनपुरी में दबिश दी। प्रधान से संध्या पुत्री रामशंकर दुबे के बारे में पूछताछ भी की। प्रधान ने कहा कि इस नाम की कोई भी महिला गांव में नहीं है। पुलिस वापस आ गई।
बता दें कि विभागीग स्तर से शैक्षिक अभिलेख, आधार कार्ड के सत्यापन के दौरान संध्या ने नौकरी के आवेदन पत्र के साथ जो आधार कार्ड लगा रखा था, उसका नंबर बैंक में लगे आधार कार्ड से अलग था। जांच-पड़ताल में यह मामला उजागर हो गया, लेकिन फर्जी शिक्षिका विद्यालय में नहीं थी, क्योंकि वह होली की छुट्टी में घर गई थी। 13 मार्च को विद्यालय जब खुला, तो वार्डन ने उसे आने के लिए कहा, लेकिन आने में असमर्थता जता दी। इसके बाद लॉकडाउन हो गया। इसी बीच फर्जी शिक्षिका का सच सामने आ चुका था, जिसकी तलाश पुलिस पिछले तीन महीने से कर रही थी। पुलिस के गिरफ्त में आई राधा ने कहा कि नौकरी दिलाने में पुष्पेंद्र की भूमिका है, जो इस समय जेल में है।
विज्ञापन
विद्यालय में संध्या द्विवेदी के नाम से राधा पढ़ा रही थी। पुष्पेंद्र नाम का मास्टरमाइंड है, उसी ने यह फर्जी नौकरी लगवाई थी। राधा से पूछताछ की जा रही है। - विनोद कुमार, थानाध्यक्ष विजयगढ़
दोनों फर्जी शिक्षिकाएं गिरफ्तार
अनामिका शुक्ला के शैक्षिक अभिलेेख के सहारे कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में फर्जी तरीके से नौकरी हासिल करने वाली बबली यादव को थाना पालीमुकीमपुर की पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि शुक्रवार को थाना विजयगढ़ पुलिस ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय विजयगढ़ में संध्या द्विवेदी के शैक्षिक अभिलेख व कूटरचित तरीके से नौकरी करने वाली राधा को गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
शुक्रवार शाम चार बजे पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि फर्जी शिक्षिका संध्या द्विवेदी कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय विजयगढ़ के पास देखी गई है। थानाध्यक्ष विनोद कुमार अपने हमराहियों के साथ मौके पर पहुंच गए। खोजबीन के दौरान संध्या को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने खुद का नाम राधा बताया। महागमा, मैनपुरी निवासी राधा पुत्री राजाराम ने कहा कि वह हाईस्कूल पास है। हाईस्कूल के अंक पत्र में उसकी जन्मतिथि 26 जून 2002 अंकित है। 10 अक्तूबर वर्ष 2019 में विद्यालय में उसने नौकरी शुरू की थी, उस समय उसकी आयु करीब 17 वर्ष थी। राधा के पिता खेती-बाड़ी करते हैं। फर्जी शिक्षिका की तलाश में एसआई दुर्वेश कुमार अपनी टीम के साथ भैंसरोली मैनपुरी में दबिश दी। प्रधान से संध्या पुत्री रामशंकर दुबे के बारे में पूछताछ भी की। प्रधान ने कहा कि इस नाम की कोई भी महिला गांव में नहीं है। पुलिस वापस आ गई।
विज्ञापन
बता दें कि विभागीग स्तर से शैक्षिक अभिलेख, आधार कार्ड के सत्यापन के दौरान संध्या ने नौकरी के आवेदन पत्र के साथ जो आधार कार्ड लगा रखा था, उसका नंबर बैंक में लगे आधार कार्ड से अलग था। जांच-पड़ताल में यह मामला उजागर हो गया, लेकिन फर्जी शिक्षिका विद्यालय में नहीं थी, क्योंकि वह होली की छुट्टी में घर गई थी। 13 मार्च को विद्यालय जब खुला, तो वार्डन ने उसे आने के लिए कहा, लेकिन आने में असमर्थता जता दी। इसके बाद लॉकडाउन हो गया। इसी बीच फर्जी शिक्षिका का सच सामने आ चुका था, जिसकी तलाश पुलिस पिछले तीन महीने से कर रही थी। पुलिस के गिरफ्त में आई राधा ने कहा कि नौकरी दिलाने में पुष्पेंद्र की भूमिका है, जो इस समय जेल में है।
विज्ञापन
विद्यालय में संध्या द्विवेदी के नाम से राधा पढ़ा रही थी। पुष्पेंद्र नाम का मास्टरमाइंड है, उसी ने यह फर्जी नौकरी लगवाई थी। राधा से पूछताछ की जा रही है। - विनोद कुमार, थानाध्यक्ष विजयगढ़
दोनों फर्जी शिक्षिकाएं गिरफ्तार
अनामिका शुक्ला के शैक्षिक अभिलेेख के सहारे कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में फर्जी तरीके से नौकरी हासिल करने वाली बबली यादव को थाना पालीमुकीमपुर की पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि शुक्रवार को थाना विजयगढ़ पुलिस ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय विजयगढ़ में संध्या द्विवेदी के शैक्षिक अभिलेख व कूटरचित तरीके से नौकरी करने वाली राधा को गिरफ्तार कर लिया।