ननदोई पुनीत कोटवानी मेरी बेटी आंचल पर बुरी नजर रखता था। उसे अपने जाल में फंसाना चाहता था। बेटी उसके झांसे में नहीं आई तो ससुराल वालों को भड़काना शुरू कर दिया। उसी के कहने पर ननद निकिता कोटवानी समेत अन्य रिश्तेदार आंचल से गाली-गलौज करते थे।
कानपुर मामला: पिता ने पुलिस से कहा- आंचल पर थी ननदोई की बुरी नजर, रिश्तेदार भी करते थे गाली-गलौज
बेटी ने उन्हें फोन पर खुद आरोपियों की सारी सच्चाई और आपबीती बताई थी। उन्होंने बेटी की वॉयस रिकॉर्डिंग, व्हाट्सएप चैट और उसके हाथों लिखा गया पत्र भी अहम साक्ष्य के रूप में उनके पास मौजूद होने का दावा किया। आंचल ने उन्हें फोन पर बताया था कि उसके साथ मारपीट कर ऊपर वाले कमरे में बंद कर सभी ग्राउंड फ्लोर पर बैठ पार्टी करते थे।
साक्ष्यों के आधार पर सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी। पूछताछ के लिए सूर्यांश के फूफा को हिरासत में लिया गया है। सोमवार को परिजनों को बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया था, लेकिन वे नहीं आ सके। उनसे साक्ष्य मांगे गए हैं।- संतोष सिंह, एसीपी नजीराबाद
आरोपी भरत के पक्ष में थाने पहुंचे व्यापारी
पुलिस हिरासत में लिए गए आरोपी सूर्यांश के फूफा भरत ग्रोवर के पक्ष में सोमवार देर शाम गुमटी से कानपुर व्यापारी एसोसिएशन के पदाधिकारी नजीराबाद थाने पहुंचे। उन्होंने पुलिस से कहा कि भरत के खिलाफ सुबूत मिल जाएं तो उसे जेल भेज दें, लेकिन बेवजह थाने में बैठाना ठीक नहीं है। एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय टंडन ने बताया कि भरत गुमटी बाजार में होजरी व्यापारी हैं। उन्हें केस में फंसाया जा रहा है। इस दौरान उनके साथ हरजीत सिंह, रवि जायसवाल, रविंदर सिंह, अमरपाल सिंह आदि व्यापारी मौजूद रहे। पुलिस ने उन्हें निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।
पिता के ही पास है आंचल का मोबाइल
एसीपी संतोष सिंह ने बताया कि पुलिस को घटनास्थल से आंचल का मोबाइल नहीं मिला था। मोबाइल आंचल के पिता के पास है। उन्होंने बताया कि आंचल के मोबाइल में भी आरोपियों के खिलाफ कई अहम साक्ष्य हो सकते हैं। उनसे मोबाइल मांगा गया है। साथ ही आंचल का लिखा पत्र मिलने के बाद हैंडराइटिंग मिलाने के लिए उसे फोरेंसिक लैब भेजने की बात कही।
जिम बैग लेकर घर से निकलता दिखा सूर्यांश
पुलिस ने सूर्यांश के घर से जांच के लिए सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर जब्त की थी। इसकी जांच में 12 नवंबर को सूर्यांश घर के अंदर जाते और फिर जिम वाले दो बैग लेकर बाहर निकलता नजर आया है। परिजनों ने आरोप लगाया था कि आरोपी इन्हीं बैगों में सूर्यांश गहने और नकदी ले गया था। हालांकि, 19 नवंबर को घर में आने-जाने का फुटेज नहीं मिला है, जबकि नौकरानी ने पुलिस को बताया था कि उसकी सूचना पर सूर्यांश देर रात घर आया था।
इसलिए सात हो गई कुत्तों की संख्या
घर में कुत्तों की संख्या पर की गई पुलिस की पूछताछ में सूर्यांश ने बताया कि शुरुआत में सिर्फ दो ही पिटबुल नस्ल के मेल और फीमेल कुत्ते पाले थे। इसके बाद उनके बच्चे होते गए और घर में कुत्तों की संख्या सात हो गई।