Samwad 2025 Day 1: माफिया-औरंगजेब और हिंदू राष्ट्र से लेकर खेल-फिल्मों तक, 'संवाद' के पहले दिन क्या-क्या हुआ?
Amar Ujala Samwad Day 1: अमर उजाला संवाद 2025 उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आयोजित किया गया। आज पहले दिन राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद, यूपी के राज्यमंत्री असीम अरुण के साथ-साथ खेल और फिल्म जगत के कई प्रमुख चेहरों ने तमाम मुद्दों पर अपने विचार रखें। यहां देखिए अमर उजाला संवाद के पहले दिन की झलकियां...
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विस्तार
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में अमर उजाला संवाद 2025 के पहले दिन राजनीति, खेल, फिल्म, फिटनेस और कई क्षेत्रों के चर्चित चेहरों ने हिस्सा लिया। इस दौरान देश-राज्य और दुनिया के तमाम ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा की गई। अमर उजाला के मंच पर सियासत, खेल, फिल्म और कला जगत से जुड़ी हस्तियों ने अपने-अपने विचार बेबाकी से साझा किए। इन हस्तियों ने अपने जीवन के कई अहम और अनसुने किस्सों को भी साझा किया है।
अमर उजाला संवाद के मंच पर सीएम योगी
पूरा भारत कुंभ में आया- सीएम योगी
कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर बोले सीएम योगी
सीएम योगी ने खोली पिछली सरकारों की पोल
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अमर उजाला संवाद 2025 कार्यक्रम में राज्य के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास, विशेष रूप से पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को लेकर पिछली सरकारों की लापरवाही और भ्रष्टाचार की पोल खोली। उन्होंने बताया कि 2016 में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे का शिलान्यास तो हुआ, लेकिन जमीन अधिग्रहण और परियोजना की योजना तक तय नहीं थी। सीएम योगी ने कहा कि हर एक सेक्टर में उत्तर प्रदेश ने आज नई छलांग लगाई है। इंफ्रास्ट्रक्चर में उत्तर प्रदेश के बारे में तो हर कोई जानता था। सड़क में गड्ढा है या फिर गड्ढे में सड़क है, इसका पता नहीं लगता था। एक्सप्रेसवे इसलिए पिछली सरकारों के लिए बेईमानी और भ्रष्टाचार का अड्डा बन गया था। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
लखनऊ का भारतीय राजनीति में खास महत्व- जितिन प्रसाद
वक्फ समेत कई मुद्दों पर बोले मंत्री असीम अरुण
अमर उजाला के 'संवाद' कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार में समाज कल्याण राज्यमंत्री असीम अरुण भी पहुंचे। 'संवाद' के मंच से उन्होंने समता और समाजिक विषय के साथ-साथ वक्फ समेत कई मुद्दों पर अपने विचार रखें। असीम अरुण ने कहा कि कोई भी ट्रेनिंग काम आती है। ट्रेनिंग हमें सिखाती है कि योजना बनाओ, सामने वाले को चित करने के लिए तैयार रहो और कुछ भी हो जाए हारना नहीं है, जान लगाकर लड़ना है। यह बात राजनीति में भी लागू है और अभी बॉक्सिंग की बात हो रही थी ये बात वहां पर भी लागू है। जो आपका व्यवहार बनता है ऐसे प्रशिक्षण से वो बहुत काम आता है। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
'सनातन धर्म और आध्यात्म' पर अनिरुद्धाचार्य ने रखे विचार
अमर उजाला के मंच पर गौरी गोपाल आश्रम के संस्थापक डॉ अनिरुद्धाचार्य ने 'सनातन धर्म और आध्यात्म' के विषय पर बेबाकी से अपने विचार रखे। उन्होंने संवाद की शुरुआत श्रीमदभगवतगीता के 18वें अध्याय के 66वें श्लोक से की। वहीं उन्होंने इस दौरान हिंदू राष्ट्र के सवाल के जवाब में कहा कि दुनिया में 52 मुस्लिम देश हैं, ऐसे में भारत के हिंदू राष्ट्र बनने पर किसी को एतराज नहीं होना चाहिए। उन्होंने नारी उत्पीड़न के खिलाफ सख्ती को लेकर भी अपनी बात रखी। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
गीता से काम न चले तो गांडीव उठाओ- अनिरुद्धाचार्य
राणा सांगा और औरंगजेब विवाद पर क्या बोले अनिरुद्धाचार्य
अमर उजाला के मंच पर डॉ. अनिरुद्धाचार्य ने राणा सांगा और मुगल शासक औरंगजेब से जुड़े विवादों पर बेबाकी से जवाब दिए। उन्होंने कहा कि औरंगजेब के वंशज तो पाकिस्तान में रहते हैं, ऐसे लोग वहीं चले जाएं सपरिवार। खाएंगे रोटी यहां की और बखान करेंगे उन मूर्खों का। ऐसे लोगों को उल्टा लटकार मिर्ची का धुआं देना चाहिए। अनिरुद्धाचार्य आगे कहा- राणा सांगा को गद्दार बताने वालों से यह पूछना चाहिए कि हमारे यहां गद्दार कौन थे, यह इतिहास बता देगा। उन्हें इतिहास पढ़ना चाहिए। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
मंत्री रजनी तिवारी ने दिए सफलता के मंत्र
पाठ्यक्रम का हिस्सा बने कौशल विकास- डॉ. हरिओम
अमर उजाला संवाद के मंच पर शिक्षा और कौशल (स्किल) के बीच बेहतर तालमेल पर बात करते हुए आईएएस डॉ हरिओम ने सॉफ्ट स्किल की महत्ता पर भी बात की। उन्होंने ऐसी बातें बताईं, जिन्हें सुनने के बाद अपने करियर को लेकर कंफ्यूज्ड युवाओं के मन की उलझन दूर हुई। डॉ. हरिओम ने सरकार द्वारा संचालित की जा रही कौशल विकास आधारित योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। डॉ. हरिओम ने कहा कि कौशल विकास को पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाया जाना चाहिए। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
देश के 56% एक्सप्रेसवे आज उत्तर प्रदेश में हैं- मयूर माहेश्वरी
अमर उजाला संवाद के मंच पर यूपीसीडा के सीईओ मयूर माहेश्वरी ने उत्तर प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास पर जोर देते हुए बताया कि 21 एयरपोर्ट, 56 प्रतिशत एक्सप्रेसवे, और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के साथ राज्य ने प्रति व्यक्ति आय को 48,000 से 1,24,000 रुपये तक पहुंचाया। यह नेतृत्व के विजन और इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश का परिणाम है। उन्होंने कहा, 'देश के 56 प्रतिशत एक्सप्रेसवे आज उत्तर प्रदेश में हैं। सबसे ज्यादा डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का जो नेटवर्क है वो उत्तर प्रदेश के पास है।
एनईपी आने के बाद शिक्षा प्रणाली में काफी बदलाव आया- अनिल सहस्रबुद्धे
अमर उजाला संवाद के मंच पर एनईटीएफ के अध्यक्ष प्रो. अनिल सहस्रबुद्धे ने कहा कि जनरल एजुकेशन और स्किल एजुकेशन एक-दूसरे के पूरक हैं। एक समय था जब इंडस्ट्रीज कहती थीं कि हमारे ग्रेजुएट छात्र रोजगार के लायक नहीं हैं। हालांकि, एनईपी आने के बाद शिक्षा प्रणाली में काफी बदलाव आया है। टिंकरिंग लैब्स, हैकेथॉन जैसे प्रयास युवाओं में कौशल विकास को बढ़ावा दे रहे हैं। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
विजेंदर ने साझा किया पीएम मोदी से मुलाकात का किस्सा
निकहत ने साझा किया अपने करियर से जुड़े किस्से
अमर उजाला संवाद कार्यक्रम के दौरान मुक्केबाज निकहत जरीन ने अपने करियर से जुड़े किस्सों को साझा किया और बताया कि किस तरह उन्होंने मुक्केबाजी में अपनी पहचान बनाई। दो बार की विश्व चैंपियन भारतीय महिला मुक्केबाज ने बताया कि महज 13 साल की उम्र में बॉक्सिंग शुरू कर दी थी, लेकिन उनके लिए यह राह आसान नहीं थी। समाज की तरफ से उन पर हिजाब पहनने का दबाव डाला गया। उनके शॉर्ट्स पहनने पर भी आपत्ति जताई गई। हालांकि, निकहत के पास उनके परिवार का समर्थन था और वह इन सब चीजों से लड़ते हुए कड़ी प्रैक्टिस पर लगी रहीं। निकहत के पिता जमील अहमद खुद पूर्व फुटबॉलर और क्रिकेटर रह चुके हैं। ऐसे में उन्होंने बेटी को खेल में करियर बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। निकहत 2022 राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
'38 साल बाद पहली बार श्रीनगर में स्क्रीन होगी बॉलीवुड फिल्म'
'छोरी 2' फिल्म बनाने की जरूरत क्यों पड़ी?
‘छोरी 2’ के सीक्वल को लेकर बड़ा एलान
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अजहर के नाम बदलने का दिलचस्प किस्सा
अमर उजाला के दो दिवसीय 'संवाद' कार्यक्रम में मशहूर शायर अजहर इकबाल ने भी शिरकत की और अपने नाम बदलने का दिलचस्प किस्सा साझा किया। इस दौरान अजहर से पूछा गया कि गूगल पर जब आपके बारे में कुछ सर्च किया जाता है तो आपकी शेरों-शायरी, वाहवाही-दाद के अलावा भी एक और चीज मिलती है, वो है एक नाम- मोहम्मद अजहरुद्दीन। तो आप अजहर इकबाल हैं या मोहम्मद अजहरुद्दीन? इस सवाल पर अजहर थोड़ा मुस्कुराएं और पुरानी यादों में खोते हुए एक दिलचस्प किस्सा निकाल लाए, जो था उनके नाम बदलने का किस्सा। उन्होंने कहा कि यह पहला मौका है, जब इस तरह का सवाल मेरे सामने आया है। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
शिखा शर्मा की रंगोली देखकर हैरान रह गए सीएम योगी
फिटनेस कोच डॉ. मिकी मेहता ने साझा किया दिलचस्प किस्सा
अमर उजाला संवाद के मंच पर प्रतिष्ठित लाइफ और फिटनेस कोच डॉ. मिकी मेहता ने कई दिलचस्प बातें साझा की है। डॉ. मिकी मेहता ने इस दौरान सेहत और खानपान से जुड़े टिप्स साझा किए। इसके अलावा उन्होंने बताया कि सिनेमा में उनकी बेहद दिलचस्पी है। वहीं जब उनसे पूछा गया कि क्या आप लाइफ में कुछ और भी बनना चाहते थे? इस पर उन्होंने कहा, 'मैं बचपन में बॉलीवुड की फिल्में 20 बार, 30 बार और 40 बार देखता था। स्कूल नहीं जाता था। अगर मैं इस लाइन में नहीं आता तो शायद मैं एक्टर बनता'। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
डीआईजी नरेंद्रनाथ धर दुबे ने बताई शौर्य और पराक्रम की कहानी
अमर उजाला संवाद के मंच पर सीमा सुरक्षा बल (BSF) के सेवानिवृत्त डीआईजी नरेंद्रनाथ धर दुबे भी पहुंचे। दो दिवसीय इस सत्र के पहले दिन कीर्ति चक्र से सम्मानित अधिकारी नरेंद्रनाथ धर दुबे ने अपने सेवाकाल में शौर्य और पराक्रम के लम्हों की कहानियां साझा कीं। उन्होंने बताया कि साल 2003 में बीएसएफ की कार्रवाई के दौरान उन्होंने आतंकी को ढेर किया था। विस्तृत खबर यहां पढ़ें