वाराणसी: हिस्ट्रीशीटर की हत्या के आरोपी गिरधारी पर एक लाख का इनाम घोषित
वाराणसी के शिवपुर स्थित सदर तहसील परिसर में बस संचालक और सारनाथ थाने के हिस्ट्रीशीटर नितेश सिंह उर्फ बबलू की हत्या के आरोपी कन्हैया विश्वकर्मा उर्फ गिरधारी उर्फ डॉक्टर पर घोषित इनाम की राशि एक लाख कर दी गई है। इससे पहले चोलापुर थाना के लखनपुर निवासी गिरधारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
बीते साल 30 सितंबर को सदर तहसील परिसर में दिनदहाड़े अंधाधुंध फायरिंग कर नितेश की हत्या कर दी गई थी। तकरीबन आठ माह की तफ्तीश के बाद पुलिस ने यह बताया कि वारदात को अंजाम देने वाले दो बदमाशों में से एक गिरधारी था।
हालांकि यह बात वारदात के बाद ही स्पष्ट कर दी गई थी। गिरधारी का नाम आते ही आनन-फानन में उस पर 50 हजार का इनाम घोषित किया गया। हालांकि यह आज तक स्पष्ट नहीं हो सका कि वारदात की साजिश कौन रचा था और शूटर कौन भेजा था।
इस संबंध में एडीजी जोन बृज भूषण ने बताया कि वांछित बदमाश गिरधारी पर घोषित इनाम की राशि 50 हजार से बढ़ाकर एक लाख कर दी गई है। पूरी उम्मीद है कि वह जल्द ही पुलिस की गिरफ्त में होगा।
सोशल मीडिया में चल रहा कैंपेन, नितेश के हत्यारों को गिरफ्तार करो
सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लेटफार्म पर इन दिनों नितेश बके परिजनों की ओर से लगातार कैंपेन चलाई जा रही है कि नितेश के हत्यारे गिरफ्तार हों। परिजनों का यह कहना है कि हमें इससे मतलब नहीं है कि किस पर कितना इनाम हुआ है।
नितेश की हत्या करने वाले और वारदात की साजिश रचने वाले गिरफ्तार होंगे, तभी हम सबको सुकून मिलेगा। इसके लिए नितेश के परिजन लगातार एसएसपी, आईजी रेंज और एडीजी जोन के कार्यालय का चक्कर लगाने के साथ ही सोशल मीडिया पर भी यह गुहार लगाते रहते हैं कि हमारे साथ न्याय हो।
सफेदपोशों के संरक्षण में रहता है गिरधारी
पुलिस सूत्रों के मुताबिक नितेश पूर्वांचल के जौनपुर और चंदौली जिले के कुछ सफेदपोशों के संरक्षण में रहता है। इन सभी सफेदपोशों की लखनऊ में अच्छी-खासी पैठ है। इसी के चलते मऊ के मोहम्मदाबाद गोहना क्षेत्र का मूल निवासी गिरधारी लगातार गंभीर आपराधिक घटनाओं में संलिप्त रहने के बावजूद बचा रहता है।