{"_id":"577037d64f1c1bcf7379b22f","slug":"diabetes-rid-teach-lessons","type":"story","status":"publish","title_hn":"मधुमेह से छुटकारा दिलाने का पढ़ाएंगे पाठ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मधुमेह से छुटकारा दिलाने का पढ़ाएंगे पाठ
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
Updated Mon, 27 Jun 2016 01:45 AM IST
विज्ञापन
विश्व मधुमेह जागृति दिवस पर विशेष
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी। योग के माध्यम से मधुमेह जैसी गंभीर बीमारियों से छुटकारा दिलाने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प को पूरा करने में अब विश्वविद्यालय-कॉलेजों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसके तहत छात्रों को जहां अलग-अलग क्रियाओं के माध्यम से मधुमेह जैसी बीमारियों पर नियंत्रण की जानकारी दी जाएगी और योगाभ्यास भी कराया जाएगा। काशी विद्यापीठ और आयुर्वेद कॉलेज में इसकी शुरूआत इसी सत्र से होगी।
तनावपूर्ण जीवनशैली और खान-पान पर विशेष ध्यान न देने की वजह से मधुमेह रोगियों की संख्या बढ़ती जा रही है। यह एक ऐसी बीमारी है कि अगर इस पर समय रहते ध्यान न दिया जाए तो इससे कई और बीमारियां फैलने का खतरा रहता है। गत 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर प्रधानमंत्री ने लोगों को इसके प्रति जागरूक रहने का आह्वान करते हुए कहा था कि योग की विभिन्न क्रियाओं के माध्यम से इस पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इस बीच यूजीसी की पहल पर विश्वविद्यालयों कॉलेजों में अलग से ्रयोग विभाग खुलने के बाद पाठ्यक्रम भी तैयार हो गए है। इसी सत्र से इसकी पढ़ाई शुरू होगी।
विज्ञापन
तनावपूर्ण जीवनशैली और खान-पान पर विशेष ध्यान न देने की वजह से मधुमेह रोगियों की संख्या बढ़ती जा रही है। यह एक ऐसी बीमारी है कि अगर इस पर समय रहते ध्यान न दिया जाए तो इससे कई और बीमारियां फैलने का खतरा रहता है। गत 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर प्रधानमंत्री ने लोगों को इसके प्रति जागरूक रहने का आह्वान करते हुए कहा था कि योग की विभिन्न क्रियाओं के माध्यम से इस पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इस बीच यूजीसी की पहल पर विश्वविद्यालयों कॉलेजों में अलग से ्रयोग विभाग खुलने के बाद पाठ्यक्रम भी तैयार हो गए है। इसी सत्र से इसकी पढ़ाई शुरू होगी।
विज्ञापन