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Unnao News: हाईवे के निर्माण के लिए बैरिकेडिंग किए बिना कर दिया रूट डायवर्जन
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सोनिक। कानपुर-लखनऊ हाईवे का निर्माण कर रही एजेंसी ने बिना बैरिकेडिंग किए बसीरतगंज के पास रूट डायवर्ट कर दिया। इसी जगह पर गंगा एक्सप्रेसवे का जंक्शन भी निर्माणाधीन होने से हादसे की आशंका बढ़ गई है। कार्यदायी संस्था के इंजीनियर ने बैरिकेडिंग जल्द लगवाने की बात कही है।
हाईवे पर जहां सड़क खराब हुई है, वहां नई डामर की परत बिछाई जा रही है। बसीरतगंज में सोनिक मोड़ के पास एक तरफ गंगा एक्सप्रेसवे का जंक्शन भी निर्माणाधीन है। सड़क निर्माण के चलते रूट डायवर्ट किया गया है। एक ही साइड से दोनों तरफ के वाहन निकाले जा रहे हैं। सोनिक मोड़ से कानपुर से लखनऊ की तरफ जाने वाले वाहनों को लखनऊ-कानपुर की तरफ जाने वाली लेन से निकाला जा रहा है। इसके चलते वाहन रेंगते हुए निकल रहे हैं।
बड़ी बात यह है कि इस दो किलोमीटर के रूट डायवर्जन में बैरिकेडिंग ही नहीं लगाई गई है। इससे रात के अंधेरे में हादसे का अंदेशा बढ़ गया है। कार्यदायी संस्था के साइड इंजीनियर अभय ने बताया कि जहां पर बैरिकेडिंग नहीं लगी है। वहां पर लगवाई जा रही है। नया काम है। जल्दबाजी में नहीं लगवा पाए। जल्द ही लगवा देंगे। उधर, गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था के मैनेजर सुनील तिवारी ने बताया कि हाईवे के दोनों तरफ पिलर पर गाटर रखने के लिए दो दिन बाद वह भी रूट डायवर्ट कराएंगे।
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हाईवे पर जहां सड़क खराब हुई है, वहां नई डामर की परत बिछाई जा रही है। बसीरतगंज में सोनिक मोड़ के पास एक तरफ गंगा एक्सप्रेसवे का जंक्शन भी निर्माणाधीन है। सड़क निर्माण के चलते रूट डायवर्ट किया गया है। एक ही साइड से दोनों तरफ के वाहन निकाले जा रहे हैं। सोनिक मोड़ से कानपुर से लखनऊ की तरफ जाने वाले वाहनों को लखनऊ-कानपुर की तरफ जाने वाली लेन से निकाला जा रहा है। इसके चलते वाहन रेंगते हुए निकल रहे हैं।
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बड़ी बात यह है कि इस दो किलोमीटर के रूट डायवर्जन में बैरिकेडिंग ही नहीं लगाई गई है। इससे रात के अंधेरे में हादसे का अंदेशा बढ़ गया है। कार्यदायी संस्था के साइड इंजीनियर अभय ने बताया कि जहां पर बैरिकेडिंग नहीं लगी है। वहां पर लगवाई जा रही है। नया काम है। जल्दबाजी में नहीं लगवा पाए। जल्द ही लगवा देंगे। उधर, गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था के मैनेजर सुनील तिवारी ने बताया कि हाईवे के दोनों तरफ पिलर पर गाटर रखने के लिए दो दिन बाद वह भी रूट डायवर्ट कराएंगे।
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