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खनन पर ग्रामीण लामबंद, 12 वाहन पकड़े 

Wed, 29 Jun 2016 11:48 PM IST
Amarujala Bureau
Amarujala Bureau Updated Wed, 29 Jun 2016 11:48 PM IST
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12 vehicles caught in  Mining
- फोटो : डेलीमेल

खैराबाद थाना क्षेत्र में हो रहे अवैध मिट्टी खनन के खिलाफ बुधवार को ग्रामीण लामबंद हो गए। लाठी-डंडों लैस ग्रामीणों ने मिट्टी खनन कर ले जा रहे वाहनों को रोक लिया। दोनों पक्षों में काफी देर तक नोकझोंक हुई। उधर, हंगामे की सूचना पर करीब चार घंटे बाद पुलिस मौके पर पहुंची।

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पुलिस ने ग्रामीणों के दबाव में दो जेसीबी, चार डंपर व छह ट्रैक्टर-ट्रॉलियां कब्जे में ले ली हैं। ग्रामीणों का कहना है कि खनन से उस क्षेत्र का इकलौता मार्ग बदहाल हो गया है। ग्रामीणों का कहना था कि पकड़े जाने के बाद भी इस मामले में जिम्मेदार लीपापोती कर खनन माफिया को राहत देने में जुटे हैं। देर शाम पुलिस ने पकड़े गए सभी वाहनों को सीज कर रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेज दी। 
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थाना क्षेत्र के उनेरा व खपरैला के निकट एक खेत में पिछले कुछ दिनों से अवैध मिट्टी खनन हो रहा था। शिकायत के बाद भी खनन माफिया खेतों को जेसीबी से खोद रहे थे। इसी बीच बुधवार भोर करीब पांच बजे क्षेत्र के खपरैला, उनेरा, सरैंया, मलुही, महमूदपुर, मकदूमपुर, अकबरपुर, मजलिसपुर, गनेशपुर, चकपुरवा आदि गांवों के सैकड़ों लोग खनन स्थल पर पहुंचे।
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यहां पर ग्रामीणों ने खनन को बंद कराते हुए हंगामा शुरू कर दिया। ग्रामीणों के हंगामे के चलते मिट्टी से लदे करीब दर्जन भर वाहन निकल भागे, जबकि 12 वाहनों को ग्रामीणों ने रोक लिया। ग्रामीणों का कहना है कि बीते एक सप्ताह से इस क्षेत्र में खनन चल रहा है।

खपरैला, उनेरा आदि गांवों से मुख्यालय जाने का एक मात्र रास्ता नहर पटरी है। इस नहर पटरी पर डामरीकृत सड़क है। बीते एक सप्ताह से खनन कर मिट्टी ढो रहे वाहनों के कारण करीब एक किलोमीटर दूरी तक सड़क गायब सी हो गई है। जहां सड़क थी, वहां पर धूल उड़ रही है।

बारिश होने पर यह मार्ग दलदल का रूप ले लेगा। जबकि जिम्मेदार इन सब बातों से बेफिक्र नजर आ रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि वे लगातार जिम्मेदार अधिकारियों से शिकायत कर रहे हैं, लेकिन ध्यान नहीं दिया जा रहा है। यही वजह है कि इस क्षेत्र में बेधड़क खनन हो रहा है।

ग्रामीणों का रोष देख मौके पर पहुंचे ईंट-भट्ठा स्वामी भी बेरंग लौट गए। उधर, प्रदर्शन की सूचना मिलने के चार घंटे बाद पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पहले तो पुलिस ने ग्रामीणों को फटकार लगाकर खदेड़ना चाहा, लेकिन विरोध देख वाहनों को थाने ले जाने की बात कहने लगी।

ग्रामीणों का कहना था कि प्रशासन के अधिकारी मौके पर आकर यहां की सच्चाई देखे। करीब एक घंटे तक पुलिस व भीड़ के बीच तकरार व नोकझोंक चलती रही। करीब एक घंटे बाद पुलिस कर्मियों ने ग्रामीणों को इस मामले में कार्रवाई का भरोसा दिया। जिसके बाद 10 बजे पुलिस ने 2 जेसीबी, चार डंपर व छह ट्रैक्टर-ट्रॉली कब्जे में ली।


हंगामे के बीच एक ट्रैक्टर चालक ट्रॉली को मौके पर छोड़ भाग गया। थानाध्यक्ष मनोज यादव ने बताया कि पूछताछ में पता चला है कि खनन ईंट उद्योग से जुड़े लोग करवा रहे हैं। खनन की जाने वाली मिट्टी भट्ठे पर पहुंचाई जा रही थी। पकड़े गए सभी वाहनों को सीज कर दिया गया है। पूरे मामले में रिपोर्ट तैयार की जिलाधिकारी को भेजी गई है।
 

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