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पाइप पेयजल योजना में लापरवाह नौ प्रधानों से जवाब-तलब

Tue, 22 Jan 2019 12:04 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 22 Jan 2019 12:04 AM IST
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पाइप पेयजल योजना में लापरवाह नौ प्रधानों से जवाब-तलब
ओवरहेड टैंक बना शोपीस, नहीं हुए गांव में पानी के कनेक्शन
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सीतापुर। जिले के नौ प्रधानों की मनमानी से ग्रामीणों को पाइप पेयजल योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। लापरवाही के चलते गांव में एक भी कनेक्शन नहीं कराए गए। इससे यहां पर योजना का फायदा नहीं मिल पा रहा है। समीक्षा बैठक में डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित प्रधानों का जवाब तलब किया है।

तय समय में पानी कनेक्शन न कराने पर ग्राम पंचायत में प्रधान के पॉवर सीज करने की चेतावनी दी है। ग्रामीण पाइप पेयजल योजनाओं के संचालन की समीक्षा बैठक डीएम शीतल वर्मा की अध्यक्षता में की गई थी। समीक्षा में यह तथ्य प्रकाश में आया कि अभी तक नौ ग्राम पंचायतों में पेयजल योजना जल निगम द्वारा पूर्ण करने के बाद ट्रांसफर होने की दशा में गांव पंचायत के निवासियों के कनेक्शन नहीं कराए गए हैं।
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जिससे शासन की योजना का लाभ ग्रामीण जनता को नहीं मिल पा रहा है। जबकि प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में पाइप पेयजल आपूर्ति के लिए संचालन एवं अनुरक्षण नीति-2018 के अनुसार यह प्राविधान किया गया है कि योजना के हस्तांतरण के बाद संचालन, संयुक्त संचालन समितियों द्वारा लाभार्थियों को प्राइवेट कनेक्शन देने के साथ-साथ सहयोग प्रदान किया जाएगा।
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वीडब्ल्यूएससी का अर्थ ग्राम पंचायत पेयजल एवं स्वच्छता समिति से है। इस समिति का कार्य दायित्व ग्राम पंचायत के तहत पेयजल एवं स्वच्छता से संबंधित सभी मामलों की देखरेख करना है। इससे प्रतीत होता है कि संबंधित प्रधान द्वारा अपने पद का दुरुपयोग किया जा रहा है। शासन के कार्य में रुचि नहीं है।

इस संबंध में प्रधानों को निर्देश दिए हैं कि 15 दिन में कम से कम 250 वाटर कनेक्शन कराते हुए सूचना डीपीआरओ को दें। ऐसा न करने पर यह मान लिया जाएगा कि ग्राम पंचायत के विकास कार्य में एवं शासन द्वारा संचालित योजनाओं के क्रियान्वयन में रुचि नहीं ली जा रही है।

क्यों न आपको प्रधान पद के दायित्वों से कार्यमुक्त करते हुए ग्राम पंचायत में कार्यों को कराने के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन कर दिया जाए। डीएम ने संबंधित प्रधानों को कारण बताओ नोटिस जारी कर इसका उल्लेख करते हुए कहा है कि निर्धारित समय में शासन की कल्याणकारी योजना में सहयोग नहीं किया जाता है तो पंचायत राज अधिनियम 1947 की सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई कर दी जाएगी।


इन प्रधानों को जवाब तलब
ग्रामीण पाइप पेयजल योजना के संचालन में लापरवाही पर मछरेहटा ब्लॉक की ग्राम सभा रालामऊ के प्रधान नरेंद्र कुमार को कारण बताओ नोटिस भेजा गया है।

इसी प्रकार ब्लॉक परसेंडी की ग्रामसभा तालगांव के प्रधान नजमुद्दीन, रामपुरमथुरा की ग्रामसभा बांसुरा के प्रधान नाजिमा, बेहटा की ग्रामसभा मुड़िला के प्रधान संतू एवं ग्रामसभा चंदेसुवा के प्रधान राकेश कुमार, रेउसा की ग्रामसभा सेवता के प्रधान विजय लक्ष्मी, सिधौली की ग्रामसभा बाड़ी की प्रधान अंजुम परवीन, हरगांव की ग्रामसभा नबीनगर के प्रधान गुड्डू एवं ब्लॉक खैराबाद की ग्रामसभा रामकोट की प्रधान रचना से भी डीएम शीतल वर्मा ने नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
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