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बांधों के रिसाव रोकने में हांफ रहा सिंचाई विभाग, सहमे ग्रामीण

Tue, 31 Aug 2021 10:56 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 31 Aug 2021 10:56 PM IST
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Irrigation department gasped to stop leakage of dams, villagers shocked
बांसी के सतवाढ़ी में रिसाव को रोकते मजदूर। - फोटो : SIDDHARTHNAGAR
बांधों के रिसाव रोकने में हांफ रहा सिंचाई विभाग, सहमे ग्रामीण
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सिद्धार्थनगर। एकबारगी सभी नदियों में आए उफान से जिले के कई जर्जर बंधों में रिसाव शुरू हो गया। बाढ़ के पानी के दबाव को झेलने से बांध जहां जवाब देते नजर आ रहे है, वहीं इन बांधों में हो रहे रिसाव को रोकने में लगे सिंचाई विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी हांफने लगे है। जबकि बांधों में हो रहे रिसाव से खतरे और बर्बादी के मुहाने पर खड़े ग्रामीणों की सांसे अटकी हुई हैं।
वर्तमान में कुछ नदियों का जलस्तर भले ही घट रहा है, लेकिन अभी भी वे खतरे के निशान से ऊपर बनी हुई हैं। खतरे के निशान से ऊपर बह रही राप्ती नदी का जलस्तर अभी भी लगातार बढ़ रहा है। जबकि बूढ़ी राप्ती और कूड़ा नदी स्थिर होने के बाद घटने लगी है, लेकिन वे खतरे के निशान से ऊपर बनी हुई हैं। बानगंगा, जमुआर, तेलार और घोघी नदी का जलस्तर भी उफान पर है। बाढ़ के पानी के दबाव से कई बांधों रिसाव शुरू हो गया है।
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बांसी-पनघटिया बांध में ताल नटवा गांव के पास रिसाव होने से जोगिया के कछार एवं बांसी क्षेत्र के अधिकांश गांवों को सीधे जिला मुख्यालय से जोड़ने वाले भुवही पुल से आवागमन बंद हो गया है। इससे मधवापुर मरहठा, बसहवा, डुमरिया बुजुर्ग, कुड़जा, गेंगटा और महुलानी समेत कई गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से कट गया है। साथ ही संतकबीरनगर के धर्मसिंहवा, मेहदावल समेत अन्य स्थानों पर सीधे आवागमन करने का रास्ता बंद हो गया है। इसके साथ ही उसका-लखनापार, कूड़ा-घोघी आदि बांधों में भी लगातार रिसाव हो रहा है।
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बांसी प्रतिनिधि के अनुसार, बूढ़ी राप्ती नदी के असोगवा नगवा बांध पर सतवाढ़ी में 48 घंटे से लगातार रिसाव जारी है, जिसे रोकने में सिंचाई विभाग के अभियंताओं का पसीना छूट रहा है। 2017 की बाढ़ में यही पर बांध टूटा था, जिससे 14 मकान जमींदोज हो गए थे तथा पूरे क्षेत्र में भारी तबाही आई थी। पूर्व की बाढ़ ने जो घाव यहां के लोगों को दिया था, वह अभी भरा नहीं है। उस मंजर को याद कर यहां के लोग काफी भयभीत हैं और बांध में हो रहे रिसाव को रोकने में जी तोड़ मेहनत कर रहे हैं। रविवार को शुरू हुआ रिसाव मंगलवार को भी जारी है।

यहां की भयावह स्थित की जानकारी होने पर सोमवार की देर शाम प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह उनके पुत्र कुंवर अभय प्रताप सिंह, एसडीएम जगप्रवेश, तहसीलदार अरुण कुमार वर्मा आदि ने मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य की जानकारी ली। उन्होंने सिंचाई विभाग के अभियंताओं को रिसाव रोकने के निर्देश दिए तथा बांध के सुरक्षा का पुख्ता इंतजाम करने के लिए कहा। बांध पर हो रहे रिसाव स्थल पर सपा जिलाध्यक्ष लालजी यादव ने भी पहुंचकर जायजा लिया। नगर क्षेत्र में सोमवार से बांसी डुमरियागंज बांध पर सहजी के पास तथा डुमरियागंज बांसी बांध पर गांगुली के पास रिसाव हो रहा है। सूचना मिलने पर पहुंचे नपा अध्यक्ष मो. इदरीश पटवारी ने सिंचाई विभाग को सूचना देकर रिसाव स्थल पर बचाव कार्य शुरू करने के लिए कहा। इटवा में कांग्रेस के पूर्व सांसद मोहम्मद मुकीम ने भी बाढ़ का दौरा कर पीड़ितों का हाल जाना।
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