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Shamli News: यूपी की सीमा तक ठोकर बनने से यमुना की धार बदली, सैकड़ों बीघा फसल बहकर बर्बाद

Tue, 12 Aug 2025 12:06 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 12 Aug 2025 12:06 AM IST
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Yamuna river course changed due to a bump on the border of UP, hundreds of acres of crops were washed away and destroyed
बिडौली के गांव ​शीतलगढ़ी में होता यमुना नदी का कटान ।
शामली/चौसाना/कैराना/कांधला। हरियाणा सरकार द्वारा यमुना की सीमा तक ठोकर बनाने के कारण यमुना नदी की धार पश्चिमी उत्तर प्रदेश की ओर मुड़ गई है, जिससे शामली और सहारनपुर जिलों के कई गांवों में भारी कटान हो रहा है। मंगलौरा, कलरी, ऊदपुर और शीतलगढ़ी गांवों में सैकड़ों बीघा गन्ना, ज्वार, धान और मक्का की फसल नदी में बहकर तबाह हो गई है।
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करनाल के धाकवाला और शीतलगढ़ी के निकट तक हरियाणा प्रशासन ने 600 मीटर लंबाई की ठोकर बनाई हुई है। यमुना की धार बदलने के कारण चौसाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुरा, बढ़ी मुस्ताफाबाद, ऊदपुर, कलरी, सकौती, नाई नंगला, मंगलौरा, शीतल गढ़ी आदि गांव पड़ते हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार इस साल अब तक यमुना में 62 हजार क्यूसेक पानी आ चुका है। मई से लगातार हो रही रुक-रुककर बारिश के कारण जलस्तर बढ़ रहा है। यूपी की सीमा में हरियाणा प्रशासन द्वारा ठोकर लगाने के कारण यमुना की धार बदल गई। धार बदलने से किसानों की जमीन और फसल दोनों पर संकट आ गया है।
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शीतलगढ़ी के राकेश की 25 बीघा में से 15 बीघा गन्ना और रामफल की 27 में से 12 बीघा गन्ना नदी में समा गया। ऊदपुर, मंगलौरा, बिड़ाैली समेत कई गांवों में लगभग 150 बीघा से अधिक उपजाऊ जमीन यमुना की लहरों में बह गई है। बिड़ौली के महबूब अली, शीतलगढ़ी के रामफल का कहना है कि कटान के कारण फसलें बर्बाद हो गईं। प्रशासन को समस्या का समाधान करना चाहिए।
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-बाढ़ चौकियां सिर्फ कागजों पर
कैराना तहसील क्षेत्र में चार बाढ़ चौकियां बनाई गई हैं, लेकिन जांच में वे सिर्फ कागजों पर मौजूद मिलीं। न तो स्थायी भवन हैं, न ही कर्मचारी मौके पर मौजूद। अधिकांश लेखपाल और कानूनगो तहसील या अन्य जगहों पर मिले। स्थानीय किसानों का कहना है कि इस बार यमुना में पानी कम है। वरना किनारे के खेत पूरी तरह डूब जाते। बिड़ाैली, सालहापुर, नाई नंगला, सकौती और लक्ष्मीपुरा में बाढ़ चौकियां नजर नहीं आईं। बिड़ाैली में तो केवल बांस की कुछ बल्लियां सड़क किनारे पड़ी मिलीं।




-प्रशासन का दावा



तहसीलदार अर्जुन सिंह का कहना है कि यमुना की स्थिति अभी सामान्य है और कर्मचारी भ्रमण कर हालात पर नजर रख रहे हैं। वहीं ड्रेनेज खंड के अधिशासी अभियंता सुधांशु मनोहर सिंह ने बताया कि कलरी, मंगलौरा, ऊदपुर, शीतल गढ़ी में यमुना नदी में किसानों की फसल का कटान हुआ है। बाढ़ चौकियोें पर सभी को अलर्ट किया गया है। जिलाधिकारी अरविंद कुमार का कहना है कि बाढ़ चौकियोें से नदारद रहने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सभी को अलर्ट किया गया है।
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