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मेले होते है हमारी संस्कृति के अभिन्न अंग
Updated Mon, 11 Sep 2017 12:56 AM IST
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मेले हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग
थानाभवन। भाजपा जिलाध्यक्ष पवन तरार ने सुप्रसिद्ध मेला गुघाल का उद्घाटन किया।
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष पवन तरार ने कहा कि मेले हमारी संस्कृति सभ्यता का अभिन्न अंग है। भाजपा वरिष्ठ नेता सतीश तायल ने कहा कि मेले का आयोजन स्वस्थ मनोरंजन के लिए होता था। अब यह मेले धन उगाही का साधन बन गए है। नगर में लगाया गया मेला अब ठेका प्रणाली से कराया जा रहा है, जिसमें झूले का ही एक आदमी का टिकट पचास रुपये है, जिसे वहन करना एक सामान्य परिवार के लिए भी सोचनीय हो जाता है। मेला नगर पंचायत द्वारा लगाना चाहिए व खेल खिलौने वालों के लिए नि:शुल्क भूमि मिलनी चाहिए, जिसका टिकट सस्ता हो तो गरीब परिवार भी मेले का आनंद ले सकेंगे। इस दौरान अजय गुप्ता, सोहनलाल, कुलदीप गर्ग, नरेंद्र सैनी, सुरेश पाल, ब्रिजेश आदि रहे।
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थानाभवन। भाजपा जिलाध्यक्ष पवन तरार ने सुप्रसिद्ध मेला गुघाल का उद्घाटन किया।
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष पवन तरार ने कहा कि मेले हमारी संस्कृति सभ्यता का अभिन्न अंग है। भाजपा वरिष्ठ नेता सतीश तायल ने कहा कि मेले का आयोजन स्वस्थ मनोरंजन के लिए होता था। अब यह मेले धन उगाही का साधन बन गए है। नगर में लगाया गया मेला अब ठेका प्रणाली से कराया जा रहा है, जिसमें झूले का ही एक आदमी का टिकट पचास रुपये है, जिसे वहन करना एक सामान्य परिवार के लिए भी सोचनीय हो जाता है। मेला नगर पंचायत द्वारा लगाना चाहिए व खेल खिलौने वालों के लिए नि:शुल्क भूमि मिलनी चाहिए, जिसका टिकट सस्ता हो तो गरीब परिवार भी मेले का आनंद ले सकेंगे। इस दौरान अजय गुप्ता, सोहनलाल, कुलदीप गर्ग, नरेंद्र सैनी, सुरेश पाल, ब्रिजेश आदि रहे।