{"_id":"5c13f4d9bdec2253f10a24d0","slug":"slow-pace-of-construction-work-obstructed-in-technical-education","type":"story","status":"publish","title_hn":"तकनीकी शिक्षा में बाधा बनी निर्माण कार्य की धीमी रफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तकनीकी शिक्षा में बाधा बनी निर्माण कार्य की धीमी रफ्तार
Fri, 14 Dec 2018 11:52 PM IST
राकेश पांडेय
संतकबीरनगर
संतकबीरनगर
Published by: राकेश पांडेय
Updated Fri, 14 Dec 2018 11:52 PM IST
विज्ञापन
तकनीकी शिक्षा में बाधा बनी निर्माण कार्य की धीमी रफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
संतकबीरनगर। सूबे की सरकार एक तरफ विकास का दावा कर रही है तो दूसरी कार्यदायी संस्था व जिम्मेदार अफसरों की उदासीनता से शासन की मंशा पर पानी फिर रहा है। कुछ ऐसा ही है निर्माणाधीन राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान का। पिछले चार साल से कार्य चल रहा है, लेकिन अब तक निर्माण कार्य पूरा नहीं हो सका है। इससे इस क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी शिक्षा में बाधा खड़ी हो रही है।
जिले में तकनीकी शिक्षा के लिए राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) नहीं है। सरकार ने वर्ष-2015 में राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान की मंजूरी प्रदान की। इसके लिए खलीलाबाद के दक्षिण में स्थित ग्राम पंचायत चकदही में जमीन की तलाश की गई। जमीन मिलने के बाद औपचारिकता पूरी कराते हुए इसके निर्माण के लिए कुल 627.51 लाख रुपये की मंजूरी दी गई और 316 लाख रुपये अवमुक्त कर दिए गए। काम की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेेश आवास विकास फैजाबाद इकाई की सौंपी गई। शुरुआती दौर में राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान का निर्माण कार्य तेजी से शुरू हुआ, लेकिन बाद में गति काफी धीमी हो गई। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के लिए मुख्य भवन, वर्कशॉप, टाइप एक के दो, टाइप तीन के एक तथा बाउंड्रीवाल बनाया जाना है। इसके साथ 20 किलोलीटर का ओवरहेड टैंक बनाया जाना है। ये सभी कार्य जून-2017 तक पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन अब भी काम अधूरा है। भवन बन गया है, लेकिन प्लास्टर का काम जारी है। ऐसी स्थिति में इस वित्तीय वर्ष में कार्य पूरा हो पाएगा, इसे लेकर संशय है। यह स्थिति तब है जब जिला प्रशासन इसी सत्र में प्रशिक्षण कार्य शुरू कराने की तैयारी कर रहा है। दूसरी तरफ निर्माण कार्य पूर्ण न होने से क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी शिक्षा के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है।
विज्ञापन