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Sant Kabir Nagar News: पिता का साया उठा, बिटिया कर रही पापा का इंतजार
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राजेश की फाइल फोटाे
बेलहर। बेलहरकला थाना क्षेत्र के मझरिया पाठन गांव निवासी 30 वर्षीय राजेश की सड़क हादसे में हुई मौत से पूरे गांव में मातम पसरा है। करीब दो माह तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करने के बाद गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। राजेश परिवार के सबसे बड़े बेटे थे और उन्हीं की कमाई से पूरे घर का खर्च चल रहा था। उनके निधन से वृद्ध माता-पिता, पत्नी, दो छोटे भाइयों और तीन वर्षीय बेटी का सहारा छिन गया है।
बताया जाता है कि करीब दो माह पहले राजेश सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद उन्हें गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा था। चिकित्सकों के प्रयास के बावजूद उनकी हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका और अंततः उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
जैसे ही मौत की खबर गांव पहुंची, परिजन में चीख पुकार मच गई। राजेश रोजी-रोटी की तलाश में प्रदेश से बाहर रहकर मेहनत-मजदूरी करते थे। परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी मुख्य रूप से उन्हीं के कंधों पर थी। उनकी कमाई से ही वृद्ध माता-पिता, पत्नी तारा देवी, दो छोटे भाइयों और मासूम बेटी का पालन-पोषण होता था। ऐसे में उनके असमय निधन ने परिवार को गहरे आर्थिक और मानसिक संकट में डाल दिया है। संवाद
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बताया जाता है कि करीब दो माह पहले राजेश सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद उन्हें गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा था। चिकित्सकों के प्रयास के बावजूद उनकी हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका और अंततः उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
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जैसे ही मौत की खबर गांव पहुंची, परिजन में चीख पुकार मच गई। राजेश रोजी-रोटी की तलाश में प्रदेश से बाहर रहकर मेहनत-मजदूरी करते थे। परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी मुख्य रूप से उन्हीं के कंधों पर थी। उनकी कमाई से ही वृद्ध माता-पिता, पत्नी तारा देवी, दो छोटे भाइयों और मासूम बेटी का पालन-पोषण होता था। ऐसे में उनके असमय निधन ने परिवार को गहरे आर्थिक और मानसिक संकट में डाल दिया है। संवाद
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