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बसपा ने झाड़ा भीम आर्मी से पल्ला
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Thu, 18 May 2017 12:31 AM IST
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बसपा
- फोटो : amar ujala
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सहारनपुर में शब्बीरपुर बवाल के विरोध में उतरी भीम आर्मी के बवाल किए जाने के बाद से बसपा उससे दूर होती जा रही है। बसपा ने भीम आर्मी से पल्ला झाड़ लिया है और कहा है कि भीम आर्मी से उसका कोई लेनादेना नहीं है।
बसपा सिर्फ पीड़ितों के साथ हैं और निर्दोषों को न्याय दिलाने की बात कर रहे हैं। इससे भीम आर्मी अलग-थलगपड़ती नजर आ रही है। पुलिस और प्रशासन अभी तक भीम आर्मी के साथ बसपा को खड़ा हुआ मान रहा था।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने इसके बारे में जानकारी की और बसपा पदाधिकारियों से भी बैठक की। जिसके बाद बसपाइयों ने भीम आर्मी से पल्ला झाड़ लिया।
बसपाइयों ने भीम आर्मी को अलग संगठन बताया। भीम आर्मी के सवाल पर पहले तो बसपा पदाधिकारी टालमटोल ही करते नजर आए, बाद में भीम आर्मी के नाम पर चुप्पी साधे रहे।
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अब उन्होंने भीम आर्मी से बसपा के कोई संबंध होने से नकार दिया है। बसपा नेता शादान मसूद ने कहा है कि समाज को तोड़ने वालों, कानून को हाथ में लेने वालों से बसपा का कोई संबंध नहीं है। भीम आर्मी का अपना अलग संगठन है और उसकी विचारधारा बसपा से मेल नहीं खातीं।
बसपा बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के आदर्शों को मानती है, उनके बनाए हुए संविधान के तहत कानून पर भरोसा करती है। कानून के दायरे में रहकर संविधान में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार अपना विरोध भी प्रदर्शित करती है।
शब्बीरपुर मामले में वह पीड़ितों के पक्ष में हैं और निर्दोर्षों पर कार्रवाई के विरोध में हैं। बसपा द्वारा भीम आर्मी को अलग-थलग किए जाने से भीम आर्मी को झटका लगा है।
इससे भीम आर्मी की मुश्किलें बढ़ सकतीं हैं और पुलिस का शिकंजा भी कस सकता है। पुलिस भी मानकर चल रही है कि भीम आर्मी अलग संगठन ही है और बसपा से दूर रहकर अपना अलग अस्तित्च बनाने का प्रयास कर रहा है।
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बसपा सिर्फ पीड़ितों के साथ हैं और निर्दोषों को न्याय दिलाने की बात कर रहे हैं। इससे भीम आर्मी अलग-थलगपड़ती नजर आ रही है। पुलिस और प्रशासन अभी तक भीम आर्मी के साथ बसपा को खड़ा हुआ मान रहा था।
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पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने इसके बारे में जानकारी की और बसपा पदाधिकारियों से भी बैठक की। जिसके बाद बसपाइयों ने भीम आर्मी से पल्ला झाड़ लिया।
बसपाइयों ने भीम आर्मी को अलग संगठन बताया। भीम आर्मी के सवाल पर पहले तो बसपा पदाधिकारी टालमटोल ही करते नजर आए, बाद में भीम आर्मी के नाम पर चुप्पी साधे रहे।
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अब उन्होंने भीम आर्मी से बसपा के कोई संबंध होने से नकार दिया है। बसपा नेता शादान मसूद ने कहा है कि समाज को तोड़ने वालों, कानून को हाथ में लेने वालों से बसपा का कोई संबंध नहीं है। भीम आर्मी का अपना अलग संगठन है और उसकी विचारधारा बसपा से मेल नहीं खातीं।
बसपा बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के आदर्शों को मानती है, उनके बनाए हुए संविधान के तहत कानून पर भरोसा करती है। कानून के दायरे में रहकर संविधान में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार अपना विरोध भी प्रदर्शित करती है।
शब्बीरपुर मामले में वह पीड़ितों के पक्ष में हैं और निर्दोर्षों पर कार्रवाई के विरोध में हैं। बसपा द्वारा भीम आर्मी को अलग-थलग किए जाने से भीम आर्मी को झटका लगा है।
इससे भीम आर्मी की मुश्किलें बढ़ सकतीं हैं और पुलिस का शिकंजा भी कस सकता है। पुलिस भी मानकर चल रही है कि भीम आर्मी अलग संगठन ही है और बसपा से दूर रहकर अपना अलग अस्तित्च बनाने का प्रयास कर रहा है।