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बीएसए ने शिक्षिका के खिलाफ बैठाई जांच
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बीएसए ने शिक्षिका के खिलाफ बैठाई जांच
सहारनपुर। हकीकतनगर स्थित प्राथमिक विद्यालय में बच्चों की पिटाई करने और असंसदीय भाषा से प्रताड़ित करने के मामले में आरोपी शिक्षिका के खिलाफ जांच बैठा दी गई है। नगर शिक्षा अधिकारी को जांच अधिकारी बनाया गया है तथा जल्दी ही जांच करके रिपोर्ट देने को कहा गया है।
हकीकतनगर के प्राथमिक विद्यालय नंबर दो में प्रधानाध्यापिका के पद पर राधा रानी कार्यरत हैं, जबकि रीतू सहायक अध्यापिका हैं। पिछले तीन दिन से प्रधानाध्यापिका अवकाश पर हैं और उनकी गैरमौजूदगी में सहायक अध्यापिका रीतू का एक वीडियो वायरल हुआ। वीडियो में वह बच्चों पर गुस्सा होते हुए कह रही हैं कि तुम्हारा रिजल्ट मुझे ही बनाना है और टीसी भी मुझे ही देनी है। जब तक तुम्हारी मैडम नहीं आती, बैग उठाओ और भाग जाओ। साथ ही यह भी कह रही हैं कि कोई और स्कूल देख लो यहां मिड-डे मील मत खाओ। कहती हैं कि तुम्हारे मां-बाप 200 रुपये नहीं कमाते और इतने तेवर हैं, शक्ल ना सूरत मुंह उठाकर आ जाते हैं यहां। वह एक छात्रा और एक छात्र को पीटते हुए कहती हैं कि पढ़ने का मन नहीं है तो अनुपस्थिति लगाओ और भाग जाओ यहां से। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि इस मामले में जांच बैठा दी गई है। शिक्षिका द्वारा बच्चों के साथ गलत व्यवहार करने का मामला गंभीर है। घटना के कारण का पता लगाया जाएगा। नगर शिक्षा अधिकारी को जांच अधिकारी बनाया गया है, मामले की जांच कर जल्द रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है। दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। उधर, शिक्षिका रीतू का कहना है कि स्कूल में बच्चे उनके साथ गाली गलौज करते हैं, जो डांटने से भी नहीं सुधर रहे हैं। ऐसे में गुस्से में उनके साथ ऐसा व्यवहार करना पड़ा है।
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ऐसे कैसे बढ़ेगी स्कूलों में संख्या
शासन की मंशा है कि परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ाई जाए। आउट ऑफ स्कूल चल रहे बच्चों को चिह्नित कर स्कूलों में दाखिला कराने और उनके कक्षाओं में ठहराव के लिए पिछले दिनों ही विकास भवन में कार्यशाला आयोजित की गई है। मगर वीडियो में शिक्षिका बच्चों के साथ जिस तरह का व्यवहार कर रही हैं। उससे तो वह बच्चे भी स्कूल नहीं आएंगे, जो आ रहे हैं। कहीं न कहीं शिक्षिका का यह रवैया उस मुहिम को झटका है, जिसमें स्कूलों में नामांकन संख्या बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
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सहारनपुर। हकीकतनगर स्थित प्राथमिक विद्यालय में बच्चों की पिटाई करने और असंसदीय भाषा से प्रताड़ित करने के मामले में आरोपी शिक्षिका के खिलाफ जांच बैठा दी गई है। नगर शिक्षा अधिकारी को जांच अधिकारी बनाया गया है तथा जल्दी ही जांच करके रिपोर्ट देने को कहा गया है।
हकीकतनगर के प्राथमिक विद्यालय नंबर दो में प्रधानाध्यापिका के पद पर राधा रानी कार्यरत हैं, जबकि रीतू सहायक अध्यापिका हैं। पिछले तीन दिन से प्रधानाध्यापिका अवकाश पर हैं और उनकी गैरमौजूदगी में सहायक अध्यापिका रीतू का एक वीडियो वायरल हुआ। वीडियो में वह बच्चों पर गुस्सा होते हुए कह रही हैं कि तुम्हारा रिजल्ट मुझे ही बनाना है और टीसी भी मुझे ही देनी है। जब तक तुम्हारी मैडम नहीं आती, बैग उठाओ और भाग जाओ। साथ ही यह भी कह रही हैं कि कोई और स्कूल देख लो यहां मिड-डे मील मत खाओ। कहती हैं कि तुम्हारे मां-बाप 200 रुपये नहीं कमाते और इतने तेवर हैं, शक्ल ना सूरत मुंह उठाकर आ जाते हैं यहां। वह एक छात्रा और एक छात्र को पीटते हुए कहती हैं कि पढ़ने का मन नहीं है तो अनुपस्थिति लगाओ और भाग जाओ यहां से। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि इस मामले में जांच बैठा दी गई है। शिक्षिका द्वारा बच्चों के साथ गलत व्यवहार करने का मामला गंभीर है। घटना के कारण का पता लगाया जाएगा। नगर शिक्षा अधिकारी को जांच अधिकारी बनाया गया है, मामले की जांच कर जल्द रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है। दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। उधर, शिक्षिका रीतू का कहना है कि स्कूल में बच्चे उनके साथ गाली गलौज करते हैं, जो डांटने से भी नहीं सुधर रहे हैं। ऐसे में गुस्से में उनके साथ ऐसा व्यवहार करना पड़ा है।
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ऐसे कैसे बढ़ेगी स्कूलों में संख्या
शासन की मंशा है कि परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ाई जाए। आउट ऑफ स्कूल चल रहे बच्चों को चिह्नित कर स्कूलों में दाखिला कराने और उनके कक्षाओं में ठहराव के लिए पिछले दिनों ही विकास भवन में कार्यशाला आयोजित की गई है। मगर वीडियो में शिक्षिका बच्चों के साथ जिस तरह का व्यवहार कर रही हैं। उससे तो वह बच्चे भी स्कूल नहीं आएंगे, जो आ रहे हैं। कहीं न कहीं शिक्षिका का यह रवैया उस मुहिम को झटका है, जिसमें स्कूलों में नामांकन संख्या बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
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