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Raebareli News: राप्ती की कटान से जमाली-जोत गांव पर मंडरा रहा खतरा
Thu, 03 Sep 2026 11:00 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
Updated Thu, 03 Sep 2026 11:00 PM IST
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बलरामपुर के कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन करते ग्रामीण
बलरामपुर। राप्ती नदी की तेज कटान से हरिहरपुर क्षेत्र के जमाली-जोत गांव के अस्तित्व पर संकट मंडराने लगा है। लगातार कटान के चलते नदी अब गांव से करीब 50 फीट की दूरी पर पहुंच गई है। करीब 50 साल पुरानी सड़क का हिस्सा भी नदी की धारा में समा चुका है। इससे ग्रामीणों में दहशत है। बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया और डीएम डॉ. विपिन कुमार जैन को ज्ञापन सौंपकर तत्काल कटानरोधी कार्य कराने की मांग की।
ग्रामीण मुरारी लाल, रामनेवास, गोमती प्रसाद, इंदरबाबू, राम कुमार, सहजराम व तीरथ राम आदि का कहना है कि राप्ती की कटान लगातार तेज हो रही है और नदी धीरे-धीरे गांव की ओर बढ़ रही है। कई ग्रामीणों की कृषि भूमि पहले ही कटान की भेंट चढ़ चुकी है। अब नदी की धारा मकानों के करीब पहुंचने से लोगों को घरों के भी नदी में समाने की आशंका सताने लगी है। यदि समय रहते कटान रोकने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो गांव के कई घर और बची हुई कृषि भूमि भी राप्ती में समा सकती है। ग्रामीणों ने बताया कि लेखपाल ने मौके पर पहुंचकर कटान की स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों ने तत्काल कटानरोधी कार्य कराए जाने की मांग की है।
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ग्रामीण मुरारी लाल, रामनेवास, गोमती प्रसाद, इंदरबाबू, राम कुमार, सहजराम व तीरथ राम आदि का कहना है कि राप्ती की कटान लगातार तेज हो रही है और नदी धीरे-धीरे गांव की ओर बढ़ रही है। कई ग्रामीणों की कृषि भूमि पहले ही कटान की भेंट चढ़ चुकी है। अब नदी की धारा मकानों के करीब पहुंचने से लोगों को घरों के भी नदी में समाने की आशंका सताने लगी है। यदि समय रहते कटान रोकने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो गांव के कई घर और बची हुई कृषि भूमि भी राप्ती में समा सकती है। ग्रामीणों ने बताया कि लेखपाल ने मौके पर पहुंचकर कटान की स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों ने तत्काल कटानरोधी कार्य कराए जाने की मांग की है।

बलरामपुर के कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन करते ग्रामीण

बलरामपुर के कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन करते ग्रामीण
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