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कोर्ट के आदेश पर 32 साल बाद दर्ज हुई धोखाधड़ी की रिपोर्ट
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बीसलपुर। धोखाधड़ी के एक मामले में 32 साल बाद कानूनी कार्रवाई की गई। कोतवाली पुलिस ने क्षेत्र के एक व्यक्ति की ओर से कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज की है, जिसमें नौ लोगों को नामजद किया गया है।
दर्ज कराई गई रिपोर्ट में थाना बरखेड़ा क्षेत्र के गांव गाजीपुरकुंडा निवासी सुरेश चंद्र ने बताया कि 21 फरवरी 1989 को गांव के कुछ लोगों ने फर्जी अभिलेख तैयार कर उनके खेत का बैनामा अपने नाम करा लिया था। कई सालों तक उन्हें धोखाधड़ी का पता नहीं चला। कुछ माह पूर्व जालसाज उनके पास आए और धोखाधड़ी कर कराए गए बैनामा को दिखाकर खेत खाली करने का दबाव बनाने लगे। इसके बाद घटना की जानकारी उन्हें हुई। विरोध करने पर आरोपियों ने गाली गलौज कर झगड़ा शुरू कर दिया। पीड़ित ने उप निबंधक और तहसील कार्यालय में इसकी जानकारी जुटाई। तब जाकर पूरा मामला सामने आया। घटना की उसी समय कोतवाली में तहरीर दी गई, मगर पुलिस ने जांच के नाम पर टाल दिया, रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। कोतवाल कमल सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर धोखाधड़ी, गाली गलौज कर धमकाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें गांव के शंकरलाल, रामबहादुर, बालकराम, कन्हईलाल, ओमप्रकाश, सूरजपाल, गुलफाम, प्यारेलाल और बाबूराम को आरोपी बनाया है।
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दर्ज कराई गई रिपोर्ट में थाना बरखेड़ा क्षेत्र के गांव गाजीपुरकुंडा निवासी सुरेश चंद्र ने बताया कि 21 फरवरी 1989 को गांव के कुछ लोगों ने फर्जी अभिलेख तैयार कर उनके खेत का बैनामा अपने नाम करा लिया था। कई सालों तक उन्हें धोखाधड़ी का पता नहीं चला। कुछ माह पूर्व जालसाज उनके पास आए और धोखाधड़ी कर कराए गए बैनामा को दिखाकर खेत खाली करने का दबाव बनाने लगे। इसके बाद घटना की जानकारी उन्हें हुई। विरोध करने पर आरोपियों ने गाली गलौज कर झगड़ा शुरू कर दिया। पीड़ित ने उप निबंधक और तहसील कार्यालय में इसकी जानकारी जुटाई। तब जाकर पूरा मामला सामने आया। घटना की उसी समय कोतवाली में तहरीर दी गई, मगर पुलिस ने जांच के नाम पर टाल दिया, रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। कोतवाल कमल सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर धोखाधड़ी, गाली गलौज कर धमकाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें गांव के शंकरलाल, रामबहादुर, बालकराम, कन्हईलाल, ओमप्रकाश, सूरजपाल, गुलफाम, प्यारेलाल और बाबूराम को आरोपी बनाया है।
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