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मांगे पूरी न होने पर लेखपालों ने शुरू किया आंदोलन
Updated Wed, 20 Jun 2018 12:12 AM IST
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19 पीबीटीपी 02 व 12
मांगे पूरी न होने पर लेखपालों ने शुरू किया आंदोलन
क्रासर...
पहले दिन तहसील दिवसों का किया बहिष्कार
अमर उजाला ब्यूरो
पीलीभीत। वेतन उच्चीकरण, पेंशन व वेतन विसंगति दूर करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर लेखपालों ने अनिश्चित कालीन आंदोलन शुरू किया है। पहले दिन लेखपालों ने बांह पर काली पट्टी बांधकर तहसील दिवसों का बहिष्कार किया।
प्रांतीय आह्वान पर लेखपालों ने मंगलवार से अनिश्चित कालीन आंदोलन शुरू किया है। सदर तहसील क्षेत्र के लेखपाल सुबह सदर तहसील में एकत्र हुए। सभी ने बांह पर काली पट्टी बांधकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और तहसील दिवस का बहिष्कार कर बरामदे में धरने पर बैठ गए। इस बीच जिलाध्यक्ष अशोक गंगवार भी आंदोलन में पहुंचे। उन्होंने कहा कि लेखपाल संघ वेतन का उच्चीकरण करने, पेंशन व वेतन विसंगति दूर करने, राजस्व उपनिरीक्षक सेवा नियमावली को कैबिनेट से पारित कराने, लेखपालों को प्रोन्नति देकर राजस्व निरीक्षक बनाने एवं इसमें अमीन का कोटा समाप्त करने सहित विभिन्न मांगों को आंदोलनरत हैं। उन्होंने सभी लेखपालों से अपने हक की लड़ाई के लिए एकजुट रहकर संघर्ष करने का आह्वान किया। यहां तेजबहादुर, अनुराग मिश्रा, ओमप्रकाश, कृष्ण कुमार देवल, तेजपाल गंगवार, चंद्र प्रकाश सिंह, अजहर हुसैन सहित कई लोग थे।
बीसलपुर। लेखपालों ने मंगलवार को आंदोलन के प्रथम दिन में बांहों पर काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम राकेश कुमार को दिया। इसमें अध्यक्ष छत्रपाल, मंत्री प्रवीण कुमार, वशीर अहमद, हरीओम मिश्रा, रामस्वरूप, सुभाष दीक्षित, रामप्रकाश, कीर्ति प्रसाद, जीतराम, श्याम बिहारी लाल आदि थे।
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पूरनपुर। प्रांतीय आह्वान पर लेखपालों ने यहां भी काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। तहसील परिसर में धरना दिया और समस्याओं का समाधान न होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी।
अमरिया। लेखपाल संघ के तत्वावधान में लेखपालों ने तहसील दिवस का बहिष्कार किया और एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इसमें मंत्री धर्मेंद्र कुमार, उपाध्यक्ष उमेश चन्द्रा, सुख लाल भास्कर, गुरजीत सिंह, भगवान दास, मोहम्मद यासीन आदि थे।
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मांगे पूरी न होने पर लेखपालों ने शुरू किया आंदोलन
क्रासर...
पहले दिन तहसील दिवसों का किया बहिष्कार
अमर उजाला ब्यूरो
पीलीभीत। वेतन उच्चीकरण, पेंशन व वेतन विसंगति दूर करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर लेखपालों ने अनिश्चित कालीन आंदोलन शुरू किया है। पहले दिन लेखपालों ने बांह पर काली पट्टी बांधकर तहसील दिवसों का बहिष्कार किया।
प्रांतीय आह्वान पर लेखपालों ने मंगलवार से अनिश्चित कालीन आंदोलन शुरू किया है। सदर तहसील क्षेत्र के लेखपाल सुबह सदर तहसील में एकत्र हुए। सभी ने बांह पर काली पट्टी बांधकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और तहसील दिवस का बहिष्कार कर बरामदे में धरने पर बैठ गए। इस बीच जिलाध्यक्ष अशोक गंगवार भी आंदोलन में पहुंचे। उन्होंने कहा कि लेखपाल संघ वेतन का उच्चीकरण करने, पेंशन व वेतन विसंगति दूर करने, राजस्व उपनिरीक्षक सेवा नियमावली को कैबिनेट से पारित कराने, लेखपालों को प्रोन्नति देकर राजस्व निरीक्षक बनाने एवं इसमें अमीन का कोटा समाप्त करने सहित विभिन्न मांगों को आंदोलनरत हैं। उन्होंने सभी लेखपालों से अपने हक की लड़ाई के लिए एकजुट रहकर संघर्ष करने का आह्वान किया। यहां तेजबहादुर, अनुराग मिश्रा, ओमप्रकाश, कृष्ण कुमार देवल, तेजपाल गंगवार, चंद्र प्रकाश सिंह, अजहर हुसैन सहित कई लोग थे।
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बीसलपुर। लेखपालों ने मंगलवार को आंदोलन के प्रथम दिन में बांहों पर काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम राकेश कुमार को दिया। इसमें अध्यक्ष छत्रपाल, मंत्री प्रवीण कुमार, वशीर अहमद, हरीओम मिश्रा, रामस्वरूप, सुभाष दीक्षित, रामप्रकाश, कीर्ति प्रसाद, जीतराम, श्याम बिहारी लाल आदि थे।
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पूरनपुर। प्रांतीय आह्वान पर लेखपालों ने यहां भी काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। तहसील परिसर में धरना दिया और समस्याओं का समाधान न होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी।
अमरिया। लेखपाल संघ के तत्वावधान में लेखपालों ने तहसील दिवस का बहिष्कार किया और एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इसमें मंत्री धर्मेंद्र कुमार, उपाध्यक्ष उमेश चन्द्रा, सुख लाल भास्कर, गुरजीत सिंह, भगवान दास, मोहम्मद यासीन आदि थे।