परिवार पर टूटा गमों का पहाड़: मां की मौत से बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल, नहीं सूख रहे परिजनों के आंसू
हंसते-खेलते परिवार पर गमों का पहाड़ टूट पड़ा। जिसने भी यह हादसा देखा उसकी रूह कांप गई। बताया गया कि व्यापारी राहुल पत्नी को दवा दिलाने के लिए जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में यह हादसा हो गया।
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व्यापारी राहुल तायल का परिवार घर से हंसते-खेलते हुए निकला था। सिर्फ 15 मिनट बाद ही मौत ने झपट्टा मारा। जिसने भी कार पर पेड़ गिरते देखा वही कांप उठा। सिस्टम की अव्यवस्था और अदूरदर्शिता से व्यापारी के घर की खुशियां हमेशा के लिए बिखर गई।
सामाजिक संगठनों से जुड़े राहुल तायल (46) का परिवार सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी करता है। राहुल की पत्नी रितु तायल बीमार थी, जिन्हें आयुर्वेदिक दवा लाने के लिए हरिद्वार जाना था। पहले कांवड़ यात्रा के चलते परिवार दवा लाने के लिए नहीं जा सका। सोमवार सुबह सात बजे परिवार घर से निकला था। ड्राइविंग सीट की बगल में रितु तायल (42) बैठी थी, जबकि दोनों बेटे शौर्य तायल (14) और विभू तायल (12) पीछे बैठे हुए थे। भैसी के निकट अचानक गाड़ी पर मौत का पेड़ गिरा। हाईवे से गुजर रहे लोग कांप गए। धम की आवाज दूर तक सुनी गई। इसके बाद चीख-पुकार मची। राहगीरों ने पुलिस और एंबुलेंस को कॉल की और खुद मदद करने के लिए दौड़े। कार के पिछले हिस्से से किसी तरह घायलों को निकालकर बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज तक भिजवाया गया, जहां रितु को मृत घोषित कर दिया गया।
परिवार के नहीं सूख रहे आंसू
हादसे के बाद परिवार के आंसू सूखने का नाम नहीं ले रहे हैं। मृतका के पति और बेटों का रो-रोकर बुरा हाल है। तीनों घायलावस्था में ही श्मशान घाट पहुंचे तो लोग भी गमजदा हो गए।
सामाजिक कार्यों में हिस्सेदारी
फर्नीचर के कारोबारी राहुल तायल का परिवार सामाजिक कार्यों में हिस्सेदारी करता है। परिवार के लोग वैश्य अग्रवाल सभा, बालाजी मंदिर समिति, गौरी शंकर मंदिर समिति, भारतीय व्यापार मंडल और पश्चिम उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े हुए हैं।
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मौके की ओर दौड़ पड़े लोग
सैनीनगर में जैसे ही कार पर पेड़ गिरने की सूचना पहुंची तो सैकड़ों लोग दौड़ पड़े। दुपहिया वाहनों पर लोग पहुंचे। आसपास के खेतों में काम कर रहे किसानों ने भी मदद की।