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Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर - पिता ने 100 किमी बाइक चलाकर स्कूल पहुंचाया छात्र
Tue, 21 Nov 2023 01:06 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
Updated Tue, 21 Nov 2023 01:06 AM IST
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पहले दिन स्कूल से बच्चें को लेकर जाते परिजन । संवाद
- खुब्बापुर प्रकरण : पिता को पहले दिन स्कूल के दो चक्कर लगाने पड़े
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। शारदेन स्कूल में प्रवेश के बाद खुब्बापुर गांव का पीड़ित छात्र पहले दिन स्कूल पहुंचा। पिता को पहले दिन स्कूल के दो चक्कर लगाने पड़े, जिसमें उन्होंने एक सौ किमी बाइक चलाई। पहले वह बच्चे को स्कूल छोड़ने पहुंचे और इसके बाद दोपहर के समय लेने पहुंचे।
शहर के मेरठ रोड स्थित शारदेन स्कूल में खुब्बापुर थप्पड़ कांड के पीड़ित छात्र का शनिवार को प्रवेश हो गया था। सोमवार को छात्र अपने पिता के साथ बाइक पर सवार होकर स्कूल पहुंचा। घर से स्कूल 25 किमी दूर है। पीड़ित परिवार को बाइक पर दो चक्कर लगाते हुए एक सौ किमी की दूरी तय करनी पड़ी। पहले दिन बच्चा खुश नजर आया। छात्र ने कहा कि शारदेन स्कूल में उसका पहला दिन था। स्कूल में किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं हुई है और सबकुछ अच्छा ही रहा।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लखनऊ से डिप्टी डायरेक्टर राजेंद्र प्रसाद सिंह और परियोजना विशेषज्ञ गुरुविंदर सिंह ने बीएसए पहुंचकर छात्र को कक्षा दो में प्रवेश दिलाया था। इसके बाद खंड शिक्षा अधिकारी शाहपुर संजय भारती ने बाजार से छात्र को किताबें और यूनिफॉर्म दिलाई थी। डिप्टी डायरेक्टर ने छात्र के पिता इरशाद को कुछ दिन आने-जाने की व्यवस्था करने की बात कही थी।
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सर्दी में बाइक से आवागमन संभव नहीं
खुब्बापुर गांव के पीड़ित छात्र के पिता इरशाद का कहना है कि वह कुछ दिन तक बाइक से ही अपने बेटे को स्कूल में आना-जाना करेंगे। हालांकि उन्होंने कहा कि सर्दी में बाइक पर रोजाना सुबह और दोपहर में आवागमन करना उचित नहीं है। इसलिए प्रशासन जल्द से जल्द छात्र के परिवहन की सुविधा करे। लखनऊ से पहुंचे अफसरों ने उनसे कुछ दिन तक व्यवस्था करने की बात कही थी। इसलिए वह अभी बाइक से ही बेटे को स्कूल में छोड़ेंगे और लेकर जाएंगे। इरशाद ने कहा कि रोजाना आने-जाने पर उसका काम भी प्रभावित होगा।
यह था पूरा मामला
खुब्बापुर गांव के स्कूल में शिक्षिका तृप्ता त्यागी ने पांच का पहाड़ा नहीं सुनाने पर अल्पसंख्यक समुदाय के छात्र की सहपाठियों से पिटाई करा दी थी। इसी दौरान जातीय टिप्पणी का भी आरोप है। प्रकरण के दौरान पीड़ित छात्र के चचेरे भाई ने वीडियो बना लिया। वीडियो के वायरल होते ही प्रतिक्रियाएं आने लगीं और शिक्षिका की गिरफ्तार करने की मांग उठने लगी। आरोपी शिक्षिका पर अब एफआईआर दर्ज हो गई है। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पोते तुषार गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की थी, जिसका सुनवाई 11 दिसंबर को होगी।
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मुजफ्फरनगर। शारदेन स्कूल में प्रवेश के बाद खुब्बापुर गांव का पीड़ित छात्र पहले दिन स्कूल पहुंचा। पिता को पहले दिन स्कूल के दो चक्कर लगाने पड़े, जिसमें उन्होंने एक सौ किमी बाइक चलाई। पहले वह बच्चे को स्कूल छोड़ने पहुंचे और इसके बाद दोपहर के समय लेने पहुंचे।
शहर के मेरठ रोड स्थित शारदेन स्कूल में खुब्बापुर थप्पड़ कांड के पीड़ित छात्र का शनिवार को प्रवेश हो गया था। सोमवार को छात्र अपने पिता के साथ बाइक पर सवार होकर स्कूल पहुंचा। घर से स्कूल 25 किमी दूर है। पीड़ित परिवार को बाइक पर दो चक्कर लगाते हुए एक सौ किमी की दूरी तय करनी पड़ी। पहले दिन बच्चा खुश नजर आया। छात्र ने कहा कि शारदेन स्कूल में उसका पहला दिन था। स्कूल में किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं हुई है और सबकुछ अच्छा ही रहा।
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सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लखनऊ से डिप्टी डायरेक्टर राजेंद्र प्रसाद सिंह और परियोजना विशेषज्ञ गुरुविंदर सिंह ने बीएसए पहुंचकर छात्र को कक्षा दो में प्रवेश दिलाया था। इसके बाद खंड शिक्षा अधिकारी शाहपुर संजय भारती ने बाजार से छात्र को किताबें और यूनिफॉर्म दिलाई थी। डिप्टी डायरेक्टर ने छात्र के पिता इरशाद को कुछ दिन आने-जाने की व्यवस्था करने की बात कही थी।
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सर्दी में बाइक से आवागमन संभव नहीं
खुब्बापुर गांव के पीड़ित छात्र के पिता इरशाद का कहना है कि वह कुछ दिन तक बाइक से ही अपने बेटे को स्कूल में आना-जाना करेंगे। हालांकि उन्होंने कहा कि सर्दी में बाइक पर रोजाना सुबह और दोपहर में आवागमन करना उचित नहीं है। इसलिए प्रशासन जल्द से जल्द छात्र के परिवहन की सुविधा करे। लखनऊ से पहुंचे अफसरों ने उनसे कुछ दिन तक व्यवस्था करने की बात कही थी। इसलिए वह अभी बाइक से ही बेटे को स्कूल में छोड़ेंगे और लेकर जाएंगे। इरशाद ने कहा कि रोजाना आने-जाने पर उसका काम भी प्रभावित होगा।
यह था पूरा मामला
खुब्बापुर गांव के स्कूल में शिक्षिका तृप्ता त्यागी ने पांच का पहाड़ा नहीं सुनाने पर अल्पसंख्यक समुदाय के छात्र की सहपाठियों से पिटाई करा दी थी। इसी दौरान जातीय टिप्पणी का भी आरोप है। प्रकरण के दौरान पीड़ित छात्र के चचेरे भाई ने वीडियो बना लिया। वीडियो के वायरल होते ही प्रतिक्रियाएं आने लगीं और शिक्षिका की गिरफ्तार करने की मांग उठने लगी। आरोपी शिक्षिका पर अब एफआईआर दर्ज हो गई है। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पोते तुषार गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की थी, जिसका सुनवाई 11 दिसंबर को होगी।