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मुजफ्फरनगर में कल से गुड़ महोत्सव, वैरायटी के लगेंगे स्टाल, मिलेगा इनाम
Fri, 07 Jun 2019 12:21 AM IST
Deepak Kausik
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
Published by: Deepak Kausik
Updated Fri, 07 Jun 2019 12:21 AM IST
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जिले में आठ जून से तीन दिन तक चलने वाला गुड़ महोत्सव विश्व में जनपद को एक नई पहचान देगा। एक जनपद-एक उत्पाद योजना के तहत आयोजित होने वाले गुड़ महोत्सव में कई बड़ी हस्तियां शिरकत करेंगी। महोत्सव में सभी वैरायटी के गुड़ के स्टॉल लगेंगे। अच्छे स्टॉल को प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार दिया जाएगा।
बृहस्पतिवार को श्रीराम कॉलेज में आयोजित पत्रकार वार्ता में जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने बताया कि गुड़ महोत्सव जिले में आठ से दस जून तक चलेगा। मुजफ्फरनगर गन्ना उत्पादन में प्रदेश में अग्रणी स्थान रखता है। विश्व स्तर पर रिकॉर्ड गन्ना उत्पादन करने वाले इस जिले में एशिया की सबसे बड़ी गुड़ मंडी है। गुड़ महोत्सव का उद्देश्य भी गुड़ उत्पादकों को उत्पादन बढ़ाने संबंधी तकनीकों की जानकारी देना है। कोल्हू संचालक और व्यापारियों को अधिक लाभ के साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी कम कीमत पर अच्छे गुड़ और उससे बने पदार्थ प्राप्त होंगे।
केंद्रीय पशुधन राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान आठ जून को गुड़ महोत्सव का शुभारंभ करेंगे। महोत्सव में दूसरे दिन नौ जून को गन्ने की प्रदर्शनी एवं गन्ना किसानों की समस्याओं एवं उनके समाधान पर मुख्य अतिथि के रूप में सूबे के गन्ना राज्यमंत्री सुरेश राणा मौजूद रहेेंगे। अंतिम दिन दस जून को समापन समारोह के मुख्य अतिथि जनपद के प्रभारी एवं प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना होंगे। गुड़ महोत्सव कार्यक्रम श्रीराम कॉलेज में होगा। महोत्सव में प्रदर्शनी, फूड कोर्ट, संगोष्ठी, कार्यशाला एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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प्रदर्शनी में लगभग 35 स्टॉल लगेंगे, जिसमें विभिन्न स्थानों से विभिन्न प्रकार के गुड़, गन्ना रस और उनसे बने खाद्य पदार्थ, गुड़ बनाने की प्रक्रिया से बने सह पदार्थ राब, सिरका, शीरा, खांड़, गुड़ की विभिन्न प्रकार की चाय, गुड़ से बनी मिठाईयां, रेवडी, गजक, चटकन, गुड़ से बनने वाले देशी व विदेशी व्यंजन आदि प्रदर्शित एवं विक्रीत होंगे।
फूड कोर्ट में गुड़ से बने अनेक प्रकार के व्यंजन मिठाईयों के अतिरिक्त दक्षिणी भारतीय, पश्चिमी एवं चाईनीज खाद्य पदार्थ उपलब्ध रहेंगे। इसके अतिरिक्त गुड़ से बनी विभिन्न प्रकार की औषधियों का भी प्रदर्शन होगा। वार्ता में एसएसपी सुधीर कुमार सिंह, सीडीओ अर्चना वर्मा, सचिव एमडीए महेंद्र प्रसाद, एडीएम प्रशासन अमित कुमार सिंह, डॉ सुभाष चंद्र कुलश्रेष्ठ, डीसीओ डॉ आरडी द्विवेदी, मंडी समिति सचिव राकेश कुमार आदि मौजूद रहे।
तीन दिन के ये रहेंगे विषय
मुजफ्फरनगर। आठ जून को पहले दिन का विषय गुड़ उद्योग का ग्रामीण विकास में योगदान रहेगा। गुड़ उद्योग का इतिहास एवं क्षेत्रवार वितरण एवं विश्लेषण गुड़ उद्योग में रोजगार के अवसर के बारे में जानकारी दी जाएगी। नौ जून का विषय गुड़ उद्योग: संसाधन एवं तकनीक रहेगा। गन्ने का उत्पादन एवं उन्नतशील प्रजातियां, बुवाई की विधियां एवं बीमारियों की रोकथाम के बारे में बताया जाएगा। तीसरे दिन दस जून का विषय गुड़ उत्पादन, विपणन एवं वितरण प्रणाली’ रहेगा। डिजिटल प्लेटफार्म का उत्पादन, मंडी समिति, मूल्य निर्धारण एवं व्यापारियों व किसानों की आय आदि के बारे में बताया जाएगा।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी होगा आयोजन
मुजफ्फरनगर। गुड़ महोत्सव में प्रत्येक दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी होगा। लोक गीत, लोक नृत्य, रागिनी एवं लघु नाटिकाएं प्रस्तुत की जाएगी। प्रसिद्ध कलाकार राहुल बालियान एंड पार्टी की ओर से महाभारत को रागिनियों द्वारा प्रस्तुत किया जाएगा। दिल्ली से आए सत्यम ग्रुप द्वारा विभिन्न प्रदेशों के लोक नृत्यों की प्रस्तुति दी जाएगी। मथुरा से आए श्रीगोपाल कृष्ण द्वारा ब्रज के रास एवं घूमर प्रस्तुत किए जाएंगे। इस अवसर पर परंपरागत एव आधुनिक कोल्हू मशीनरी आदि का भी प्रदर्शन होगा।
देश के जाने माने वैज्ञानिक करेंगे व्याख्यान
मुजफ्फरनगर। देश के विभिन्न महत्वपूर्ण संस्थानों में गन्ना एवं गुड़ पर कार्य कर रहे प्रमुख वैज्ञानिक विचार रखेंगे। वैज्ञानिक डॉ अश्वनी दत्त पाठक, निदेशक आईआईएसआर लखनऊ, डॉ दिलीप कुमार प्रभारी गुड़ विभाग आईआईएसआर लखनऊ, डॉ महेश अध्यक्ष गन्ना परिष्करण विभाग, पंजाब कृषि विश्वविद्यालय लुधियाना, सीके जैन गुलशन पॉलियोलॉन मुजफ्फरनगर, डॉ रघुनंदन एवं डॉ कल्पना एनर्जी एफिसियेन्ट टेक्नोलॉजी नई दिल्ली, डॉ सुरेश केरल, अल्पेश पटेल गुजरात, मदनलाल पूणे एवं राशिद खान रुड़की आदि संगोष्ठी में अपने विचार रखेंगे।
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बृहस्पतिवार को श्रीराम कॉलेज में आयोजित पत्रकार वार्ता में जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने बताया कि गुड़ महोत्सव जिले में आठ से दस जून तक चलेगा। मुजफ्फरनगर गन्ना उत्पादन में प्रदेश में अग्रणी स्थान रखता है। विश्व स्तर पर रिकॉर्ड गन्ना उत्पादन करने वाले इस जिले में एशिया की सबसे बड़ी गुड़ मंडी है। गुड़ महोत्सव का उद्देश्य भी गुड़ उत्पादकों को उत्पादन बढ़ाने संबंधी तकनीकों की जानकारी देना है। कोल्हू संचालक और व्यापारियों को अधिक लाभ के साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी कम कीमत पर अच्छे गुड़ और उससे बने पदार्थ प्राप्त होंगे।
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केंद्रीय पशुधन राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान आठ जून को गुड़ महोत्सव का शुभारंभ करेंगे। महोत्सव में दूसरे दिन नौ जून को गन्ने की प्रदर्शनी एवं गन्ना किसानों की समस्याओं एवं उनके समाधान पर मुख्य अतिथि के रूप में सूबे के गन्ना राज्यमंत्री सुरेश राणा मौजूद रहेेंगे। अंतिम दिन दस जून को समापन समारोह के मुख्य अतिथि जनपद के प्रभारी एवं प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना होंगे। गुड़ महोत्सव कार्यक्रम श्रीराम कॉलेज में होगा। महोत्सव में प्रदर्शनी, फूड कोर्ट, संगोष्ठी, कार्यशाला एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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प्रदर्शनी में लगभग 35 स्टॉल लगेंगे, जिसमें विभिन्न स्थानों से विभिन्न प्रकार के गुड़, गन्ना रस और उनसे बने खाद्य पदार्थ, गुड़ बनाने की प्रक्रिया से बने सह पदार्थ राब, सिरका, शीरा, खांड़, गुड़ की विभिन्न प्रकार की चाय, गुड़ से बनी मिठाईयां, रेवडी, गजक, चटकन, गुड़ से बनने वाले देशी व विदेशी व्यंजन आदि प्रदर्शित एवं विक्रीत होंगे।
फूड कोर्ट में गुड़ से बने अनेक प्रकार के व्यंजन मिठाईयों के अतिरिक्त दक्षिणी भारतीय, पश्चिमी एवं चाईनीज खाद्य पदार्थ उपलब्ध रहेंगे। इसके अतिरिक्त गुड़ से बनी विभिन्न प्रकार की औषधियों का भी प्रदर्शन होगा। वार्ता में एसएसपी सुधीर कुमार सिंह, सीडीओ अर्चना वर्मा, सचिव एमडीए महेंद्र प्रसाद, एडीएम प्रशासन अमित कुमार सिंह, डॉ सुभाष चंद्र कुलश्रेष्ठ, डीसीओ डॉ आरडी द्विवेदी, मंडी समिति सचिव राकेश कुमार आदि मौजूद रहे।
तीन दिन के ये रहेंगे विषय
मुजफ्फरनगर। आठ जून को पहले दिन का विषय गुड़ उद्योग का ग्रामीण विकास में योगदान रहेगा। गुड़ उद्योग का इतिहास एवं क्षेत्रवार वितरण एवं विश्लेषण गुड़ उद्योग में रोजगार के अवसर के बारे में जानकारी दी जाएगी। नौ जून का विषय गुड़ उद्योग: संसाधन एवं तकनीक रहेगा। गन्ने का उत्पादन एवं उन्नतशील प्रजातियां, बुवाई की विधियां एवं बीमारियों की रोकथाम के बारे में बताया जाएगा। तीसरे दिन दस जून का विषय गुड़ उत्पादन, विपणन एवं वितरण प्रणाली’ रहेगा। डिजिटल प्लेटफार्म का उत्पादन, मंडी समिति, मूल्य निर्धारण एवं व्यापारियों व किसानों की आय आदि के बारे में बताया जाएगा।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी होगा आयोजन
मुजफ्फरनगर। गुड़ महोत्सव में प्रत्येक दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी होगा। लोक गीत, लोक नृत्य, रागिनी एवं लघु नाटिकाएं प्रस्तुत की जाएगी। प्रसिद्ध कलाकार राहुल बालियान एंड पार्टी की ओर से महाभारत को रागिनियों द्वारा प्रस्तुत किया जाएगा। दिल्ली से आए सत्यम ग्रुप द्वारा विभिन्न प्रदेशों के लोक नृत्यों की प्रस्तुति दी जाएगी। मथुरा से आए श्रीगोपाल कृष्ण द्वारा ब्रज के रास एवं घूमर प्रस्तुत किए जाएंगे। इस अवसर पर परंपरागत एव आधुनिक कोल्हू मशीनरी आदि का भी प्रदर्शन होगा।
देश के जाने माने वैज्ञानिक करेंगे व्याख्यान
मुजफ्फरनगर। देश के विभिन्न महत्वपूर्ण संस्थानों में गन्ना एवं गुड़ पर कार्य कर रहे प्रमुख वैज्ञानिक विचार रखेंगे। वैज्ञानिक डॉ अश्वनी दत्त पाठक, निदेशक आईआईएसआर लखनऊ, डॉ दिलीप कुमार प्रभारी गुड़ विभाग आईआईएसआर लखनऊ, डॉ महेश अध्यक्ष गन्ना परिष्करण विभाग, पंजाब कृषि विश्वविद्यालय लुधियाना, सीके जैन गुलशन पॉलियोलॉन मुजफ्फरनगर, डॉ रघुनंदन एवं डॉ कल्पना एनर्जी एफिसियेन्ट टेक्नोलॉजी नई दिल्ली, डॉ सुरेश केरल, अल्पेश पटेल गुजरात, मदनलाल पूणे एवं राशिद खान रुड़की आदि संगोष्ठी में अपने विचार रखेंगे।