Rampur: सीआरपीएफ कैंप में बिना अनुमति घुसे दो युवक पकड़े, सुरक्षा एजेंसियां सतर्क, 2007 में हो चुका आतंकी हमला
रामपुर के सीआरपीएफ ग्रुप सेंटर में बिना अनुमति दो संदिग्ध युवक घुस गए । दोनो को सुरक्षा कर्मियों ने पकड़कर पुलिस को सौंप दिया है। इस सेंटर में पहले आतंकी हमला हो चुका है।
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सीआरपीएफ ग्रुप सेंटर में बिना अनुमति प्रवेश करने का मामला सामने आने से सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। कैंप के मुख्य गेट पर तैनात सुरक्षा कर्मियों ने दो संदिग्ध युवकों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने दोनों से पूछताछ के बाद उनका चालान कर दिया है।
सीआरपीएफ में तैनात उप कमांडेंट सौरव राजपूत की तहरीर के अनुसार, दोनों युवक बाइक से कैंप परिसर में प्रवेश कर गए थे। ड्यूटी पर तैनात गार्ड ने उन्हें संदिग्ध रूप से घूमते देखा और रोककर पूछताछ की। शुरुआत में दोनों संतोषजनक जवाब नहीं दे सके और गुमराह करने का प्रयास किया।
सख्ती से पूछताछ करने पर एक ने अपना नाम नईम निवासी ग्राम पटवाई और दूसरे ने भूरा निवासी ग्राम घोसीपुरा बताया। घटना को गंभीर मानते हुए सीआरपीएफ प्रशासन ने सिविल लाइंस थाना पुलिस को तहरीर दी। इसके आधार पर दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
घटना के बाद कैंप की सुरक्षा और सख्त कर दी गई है। सिविल लाइंस इंस्पेक्टर ओमकार सिंह ने बताया कि दोनों से पूछताछ की गई है और उनका चालान कर दिया गया है। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
मोबाइल और पहचान की जांच जारी
पुलिस दोनों संदिग्धों के मोबाइल फोन, पहचान पत्र और आपसी संपर्कों की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि कैंप में प्रवेश का उद्देश्य क्या था और उनका किसी संदिग्ध गतिविधि से संबंध तो नहीं है।
पहले भी हो चुका है हमला
31 दिसंबर 2007 की रात सीआरपीएफ समूह केंद्र पर आतंकियों ने हमला किया था। एके-47 और हथगोले से लैस हमलावरों ने शिविर के फाटक संख्या तीन में घुसकर फायरिंग की थी। इसमें सीआरपीएफ के सात जवान शहीद हुए थे। एक रिक्शा चालक की मौत भी हुई थी। तब से कैंप की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।