चुनार। आजमगढ़ जिले के मेहनगर थाने के एक गांव की युवती को राजस्थान में बेचे जाने का आरोप लगाते हुए भाई ने मुकदमा दर्ज कराने के लिए थाने का चक्कर लगाने के बाद पुलिस के उच्चाधिकारियों से गुहार लगाई। इसके बाद शनिवार को चुनार कोतवाली में तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने विवेचना शुरू की।
युवती के भाई ने बताया कि उसकी 26 वर्षीय बहन एक नेटवर्किंग कंपनी में काम करती थी। तीन साल से वह चुनार के उस्मानपुर मुहल्ले में किराए के मकान रह रही थी।सात महीने पहले उससे अचानक बातचीत बंद हो गई। बाद में काफी खोजबीन करने पर पता चला कि कुछ लोगों ने सात माह पहले उसे कही अन्य प्रांत में बेच दिया। इस मामले में पांच अक्तूबर तक लगातार चुनार कोतवाली का चक्कर काटते रहे, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद भी बहन की खोजबीन जारी रखी। भाई ने बताया कि 23 अक्तूबर को अपर पुलिस महानिदेशक वाराणसी के कार्यालय में जाकर अपनी पीड़ा सुनाई। इसके बाद हरकत में आई चुनार पुलिस ने राजस्थान के सीकर जिले के श्रीमाधवपुर के रहने वाले बाबूलाल, मिर्जापुर जिले की रिया व राजू के खिलाफ मानव तस्करी, महिला को जबरदस्ती शादी के लिए मजबूर करने, अपहरण आदि के आरोप में मुकदमा दर्ज किया। कोतवाल रविंद्र भूषण मौर्या ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर मामले की विवेचना की जा रही है। उन्होंने बताया कि जांच के लिए उप निरीक्षक नरेंद्र यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम राजस्थान रवाना हो गई है।