{"_id":"634728170644f5231a24c51d","slug":"illegal-construction-and-occupation-will-be-identified-by-drone-from-today-city-news-mrt609319544","type":"story","status":"publish","title_hn":"आज से ड्रोन से होगी अवैध निर्माण और कब्जे की पहचान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आज से ड्रोन से होगी अवैध निर्माण और कब्जे की पहचान
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। शहर में अवैध निर्माण और कब्जों पर अंकुश लगाने के लिए अब ड्रोन सर्वे शुरू होने जा रहा है। आज से मेरठ विकास प्राधिकरण की टीम किराये पर चार ड्रोन लेकर चारों जोन में सर्वे करेगी। कमिश्नर सेल्वा कुमारी. जे और जिलाधिकारी दीपक मीणा के आदेश पर कार्रवाई शुरू होने जा रही है। पहले चार दिन किराये पर ड्रोन लेकर सर्वे शुरू किया जाएगा। इसके बाद प्राधिकरण अपना एक ड्रोन खरीद लेगा। इसकी फाइल भी जिलाधिकारी के पास भेज दी गई है।
अवैध निर्माणों पर लगातार कार्रवाई होने के बावजूद भी कोई असर नहीं पड़ रहा है। अब ड्रोन सर्वे से आसानी से क्षेत्रों में बन रहे आवासीय, व्यावसायिक निर्माणों पकड़ में आ सकेंगे। इसके बाद सूूची बनाकर कार्रवाई की जाएगी। हाल ही में कमिश्नर सेल्वा कुमारी. जे ने अपनी पहली एमडीए में बैठक के दौरान 15 दिन में अवैध निर्माणों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद से ही यह पूरी कवायद की गई है।
एक ड्रोन का किराया रोजाना साढ़े तीन हजार
किराये पर ड्रोन लेकर एमडीए अवैध निर्माणों पर अंकुश लगाने का दावा कर रहा है। इसके लिए सभी अवर अभियंताओं को रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। लेकिन एक दिन में ही एक ड्रोन का किराया साढ़े तीन हजार रुपये होगा। चार ड्रोन किराये पर लेनेे की व्यवस्था तय की गई है।
विज्ञापन
कमिश्नर और जिलाधिकारी के निर्देश पर ड्रोन सर्वे शुरू किया जा रहा है। पहले किराये पर लेने की व्यवस्था है। इसके बाद एक ड्रोन को खरीद लिया जाएगा।
- चंद्रपाल तिवारी, एमडीए सचिव
विज्ञापन
मेरठ। शहर में अवैध निर्माण और कब्जों पर अंकुश लगाने के लिए अब ड्रोन सर्वे शुरू होने जा रहा है। आज से मेरठ विकास प्राधिकरण की टीम किराये पर चार ड्रोन लेकर चारों जोन में सर्वे करेगी। कमिश्नर सेल्वा कुमारी. जे और जिलाधिकारी दीपक मीणा के आदेश पर कार्रवाई शुरू होने जा रही है। पहले चार दिन किराये पर ड्रोन लेकर सर्वे शुरू किया जाएगा। इसके बाद प्राधिकरण अपना एक ड्रोन खरीद लेगा। इसकी फाइल भी जिलाधिकारी के पास भेज दी गई है।
अवैध निर्माणों पर लगातार कार्रवाई होने के बावजूद भी कोई असर नहीं पड़ रहा है। अब ड्रोन सर्वे से आसानी से क्षेत्रों में बन रहे आवासीय, व्यावसायिक निर्माणों पकड़ में आ सकेंगे। इसके बाद सूूची बनाकर कार्रवाई की जाएगी। हाल ही में कमिश्नर सेल्वा कुमारी. जे ने अपनी पहली एमडीए में बैठक के दौरान 15 दिन में अवैध निर्माणों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद से ही यह पूरी कवायद की गई है।
विज्ञापन
एक ड्रोन का किराया रोजाना साढ़े तीन हजार
किराये पर ड्रोन लेकर एमडीए अवैध निर्माणों पर अंकुश लगाने का दावा कर रहा है। इसके लिए सभी अवर अभियंताओं को रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। लेकिन एक दिन में ही एक ड्रोन का किराया साढ़े तीन हजार रुपये होगा। चार ड्रोन किराये पर लेनेे की व्यवस्था तय की गई है।
विज्ञापन
कमिश्नर और जिलाधिकारी के निर्देश पर ड्रोन सर्वे शुरू किया जा रहा है। पहले किराये पर लेने की व्यवस्था है। इसके बाद एक ड्रोन को खरीद लिया जाएगा।
- चंद्रपाल तिवारी, एमडीए सचिव