बरतें सावधानी: बदले मौसम में बढ़ा फंगल इंफेक्शन, अस्पतालों में रोज पहुंच रहे सैकड़ों मरीज
एसबीडी जिला अस्पताल के चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. केवी सिंह का कहना है कि बरसात के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होती है। क्योंकि जरा सी लापरवाही के कारण ही फंगल इंफेक्शन (फफुंदीय संक्रमण) चपेट में ले लेता है।
विस्तार
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में एसबीडी जिला अस्पताल में त्वचा रोग विशेषज्ञ के यहां फंगल इंफेक्शन के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। एक महीना पहले तक जहां 70 से 80 मरीज फंगल इंफेक्शन के पहुंचते थे, अब 150 तक पहुंच रहे हैं। फंगल इंफेक्शन कई तरह की लापरवाही के कारण फैलता है, लिहाजा खुद ही सावधानी बरतनी होगी।
एसबीडी जिला अस्पताल के चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. केवी सिंह का कहना है कि बरसात के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होती है। क्योंकि जरा सी लापरवाही के कारण ही फंगल इंफेक्शन (फफुंदीय संक्रमण) चपेट में ले लेता है।
त्वचा रोग के लक्षण
- प्रभावित स्थान से सफेद पाउडर जैसा पदार्थ निकलना।
- त्वचा में पपड़ी पड़ना और खाल का उतर जाना।
- त्वचा का लाल होना और प्रभावित हिस्से में दर्द होना।
- मुंह के अंदर लाल व सफेद रंग के घावों का हो जाना।
- त्वचा का हिस्सा नरम व सफेद हो जाना।
इंफेक्शन के कारण
- बारिश में ज्यादा देर तक भीगने या पानी में रहने पर।
- भीगने के बाद गीले कपड़े पहने रहने से फंगस हो सकता है।
- अत्यधिक दवाओं के सेवन करने से आप प्रभाव में आ सकते हैं।
- खुजली वाले दाने पड़ने के बाद फंगस का रुप ले सकते हैं।
- गर्मी में टाइट कपड़े पहनने से भी आपको यह समस्या हो सकती है।
बचाव के प्रमुख उपाय
- नहाने के बाद शरीर सुखाकर ही साफ सुथरा कपड़े पहने।
- अगर पसीना ज्यादा आता है तो उसे बार-बार पोंछते रहें।
- ज्यादा देर बारिश में न भीगे, अगर भीग जाए तो सूखे कपड़े से शरीर पोंछे।
- पसीना आने पर खुजली होती है तो बार बार खुजली न करें।
- फंगल इंफेक्शन होने पर चर्म रोग विशेषज्ञ से तुरंत सलाह लें।