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UP: ई-रिक्शा में दिया बच्चे को जन्म...पति और सास के फूल गए हाथ पैर, पुलिस ने किया ऐसा काम; हर कोई कर रहा सलाम
Sat, 18 Oct 2025 05:15 PM IST
अरुन पाराशर
संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी
संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी
Published by: अरुन पाराशर
Updated Sat, 18 Oct 2025 05:15 PM IST
सार
सरकारी एंबुलेंस नहीं पहुंची तो पुलिस ने निजी एंबुलेंस बुलाई, लेकिन तब तक महिला को प्रसव हो चुका था। महिला को बच्चे से अलग नहीं किया जा सकता था। ऐसी स्थिति में ई-रिक्शा से ही जच्चा और बच्चा को 400 मीटर दूर स्थित सौ शैया अस्पताल ले जाया गया।
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महिला ने ई रिक्शा में दिया शिशु को जन्म।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
जननी सुरक्षा योजनाओं और एंबुलेंस सेवाओं के तमाम दावों के बीच एक बार फिर लापरवाही उजागर हुई। शहर के मोहल्ला पुरोहिताना निवासी गुलशन की 35 वर्षीय पत्नी प्रिया गोस्वामी उर्फ हरियाणा को शनिवार दोपहर प्रसव पीड़ा हुई। परिजन की लापरवाही और अव्यवस्था के कारण उसे समय से अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका।
सरकारी एंबुलेंस सेवा का लाभ न उठाकर परिजन प्रिया को ई-रिक्शा से सौ शैया अस्पताल ले जा रहे थे। दोपहर करीब 12:30 बजे कचहरी रोड पर अचानक महिला को प्रसव शुरू हो गया। चलती ई-रिक्शा में स्थिति बिगड़ती देख चालक ने गाड़ी रोक दी। महिला के साथ मौजूद पति और सास घबरा गए।
महिला पुलिस बनी फरिश्ता
इसी बीच संयोग से महिला थाना प्रभारी हेमलता सिंह वहां से गुजर रही थीं। स्थिति को गंभीर देखते हुए उन्होंने तत्काल अपनी गाड़ी रुकवाई और महिला कांस्टेबलों के साथ ई-रिक्शा को सुरक्षा घेरे में ले लिया। कुछ ही देर में कोतवाल फतेहबहादुर भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने सड़क पर यातायात रुकवाया।
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सरकारी एंबुलेंस सेवा का लाभ न उठाकर परिजन प्रिया को ई-रिक्शा से सौ शैया अस्पताल ले जा रहे थे। दोपहर करीब 12:30 बजे कचहरी रोड पर अचानक महिला को प्रसव शुरू हो गया। चलती ई-रिक्शा में स्थिति बिगड़ती देख चालक ने गाड़ी रोक दी। महिला के साथ मौजूद पति और सास घबरा गए।
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महिला पुलिस बनी फरिश्ता
इसी बीच संयोग से महिला थाना प्रभारी हेमलता सिंह वहां से गुजर रही थीं। स्थिति को गंभीर देखते हुए उन्होंने तत्काल अपनी गाड़ी रुकवाई और महिला कांस्टेबलों के साथ ई-रिक्शा को सुरक्षा घेरे में ले लिया। कुछ ही देर में कोतवाल फतेहबहादुर भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने सड़क पर यातायात रुकवाया।
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नहीं पहुंची एंबुलेंस, टालमटोल करते रहे सीएमएस
कोतवाल फतेहबहादुर ने मौके से करीब तीन बार 108 सेवा को कॉल किया लेकिन फोन नहीं लगा। इस बीच उन्होंने सीएमएस जिला अस्पताल से भी फोन पर बात की और एंबुलेंस भेजने के लिए कहा लेकिन सीएमएस बार-बार यही करते रहे कि 108 या 102 पर कॉल करो। तब कोतवाली ने अपनी गाड़ी भेजकर जिला अस्पताल के सामन से एक निजी एंबुलेंस बुलाई। लेकिन प्रसव होने के कारण महिला को ई-रिक्शा से ही 400 मीटर दूर साै सैया अस्पताल पहुंचाया गया। यहां डॉक्टरों की देखरेख में नवजात का नाल काटा गया और मां-बच्चे दोनों को भर्ती किया गया। डॉक्टरों का कहना है कि दोनों पूरी तरह सुरक्षित हैं।
लोगों ने की पुलिस की सराहना
कचहरी रोड पर महिला थाना प्रभारी और पुलिस टीम की सजगता और मानवता की हर कोई प्रशंसा कर रहा था। महिला की लाज बचाने के लिए महिला पुलिसकर्मियों ने साड़ी से पर्दा कर सुरक्षा घेरे में प्रसव कराया। कोतवाल और महिला थानाध्यक्ष तब तक मौके पर डटे रहे जब तक महिला को सुरक्षित अस्पताल नहीं पहुंचा दिया गया। सीएमओ डॉ. आरसी गुप्ता ने बताया कि मामले की जानकारी मिलते ही सौ शैया अस्पताल के सीएमएस से बात की। जच्चा और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। परिजन ने एंबुलेंस सेवा को कॉल किया था कि नहीं इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।
ये भी पढ़ें-Diwali 2025: बंदनवार, लटकन और रंगोली से सजेगा घर...14,000 रुपये की तोरण; जानें क्या है खासियत
कोतवाल फतेहबहादुर ने मौके से करीब तीन बार 108 सेवा को कॉल किया लेकिन फोन नहीं लगा। इस बीच उन्होंने सीएमएस जिला अस्पताल से भी फोन पर बात की और एंबुलेंस भेजने के लिए कहा लेकिन सीएमएस बार-बार यही करते रहे कि 108 या 102 पर कॉल करो। तब कोतवाली ने अपनी गाड़ी भेजकर जिला अस्पताल के सामन से एक निजी एंबुलेंस बुलाई। लेकिन प्रसव होने के कारण महिला को ई-रिक्शा से ही 400 मीटर दूर साै सैया अस्पताल पहुंचाया गया। यहां डॉक्टरों की देखरेख में नवजात का नाल काटा गया और मां-बच्चे दोनों को भर्ती किया गया। डॉक्टरों का कहना है कि दोनों पूरी तरह सुरक्षित हैं।
लोगों ने की पुलिस की सराहना
कचहरी रोड पर महिला थाना प्रभारी और पुलिस टीम की सजगता और मानवता की हर कोई प्रशंसा कर रहा था। महिला की लाज बचाने के लिए महिला पुलिसकर्मियों ने साड़ी से पर्दा कर सुरक्षा घेरे में प्रसव कराया। कोतवाल और महिला थानाध्यक्ष तब तक मौके पर डटे रहे जब तक महिला को सुरक्षित अस्पताल नहीं पहुंचा दिया गया। सीएमओ डॉ. आरसी गुप्ता ने बताया कि मामले की जानकारी मिलते ही सौ शैया अस्पताल के सीएमएस से बात की। जच्चा और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। परिजन ने एंबुलेंस सेवा को कॉल किया था कि नहीं इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।
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