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Maharajganj News: जनपद के संस्कृत स्कूलों में शिक्षकों का टोटा
Wed, 02 Oct 2024 04:13 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Wed, 02 Oct 2024 04:13 AM IST
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महराजगंज। माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले संस्कृत स्कूल शिक्षकों की कमी से जूझ रहे हैं। लंबे समय से इन स्कूलों में शिक्षकों की तैनाती नहीं की गई। इसके कारण समस्या बरकरार है। इन स्कूलों के विद्यार्थियों को निजी परिश्रम से ही पढ़ाई पूरी करनी पड़ती है।
संविदा पर 12 से 15 हजार रुपये पर कुछ शिक्षक संविदा पर जरूर रखे गए हैं, लेकिन फिर भी कमी बनी हुई है। जनपद में कुल 20 संस्कृत स्कूलों का संचालन होता है। माध्यमिक शिक्षा परिषद के दायरे में आने वाले स्कूलों में शिक्षकों की कमी के चलते विद्यार्थियों की संख्या भी कम है। वहीं तीन मान्यता प्राप्त संस्कृत स्कूलों में विद्यार्थियों की अच्छी खासी संख्या है, क्योंकि इन स्कूलों में शिक्षक भरपूर हैं।
विभाग के अनुसार जिले में सरकारी व संविदा मिलाकर कुल 36 शिक्षकों की तैनाती है, लेकिन जरूरत कुल 56 शिक्षकों की है। विभाग इन स्कूलों में प्रोजेक्ट अलंकार के तहत कार्य भी करवा रहा है, लेकिन पर्याप्त शिक्षक तैनाती के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है।
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विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार तो शिक्षक पूरे हैं, लेकिन सृजित पदों के सापेक्ष कमी है। शिक्षकों की संख्या बढ़ाने के लिए प्रयास किया जा रहा है।
-प्रदीप कुमार शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक
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संविदा पर 12 से 15 हजार रुपये पर कुछ शिक्षक संविदा पर जरूर रखे गए हैं, लेकिन फिर भी कमी बनी हुई है। जनपद में कुल 20 संस्कृत स्कूलों का संचालन होता है। माध्यमिक शिक्षा परिषद के दायरे में आने वाले स्कूलों में शिक्षकों की कमी के चलते विद्यार्थियों की संख्या भी कम है। वहीं तीन मान्यता प्राप्त संस्कृत स्कूलों में विद्यार्थियों की अच्छी खासी संख्या है, क्योंकि इन स्कूलों में शिक्षक भरपूर हैं।
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विभाग के अनुसार जिले में सरकारी व संविदा मिलाकर कुल 36 शिक्षकों की तैनाती है, लेकिन जरूरत कुल 56 शिक्षकों की है। विभाग इन स्कूलों में प्रोजेक्ट अलंकार के तहत कार्य भी करवा रहा है, लेकिन पर्याप्त शिक्षक तैनाती के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है।
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विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार तो शिक्षक पूरे हैं, लेकिन सृजित पदों के सापेक्ष कमी है। शिक्षकों की संख्या बढ़ाने के लिए प्रयास किया जा रहा है।
-प्रदीप कुमार शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक