{"_id":"6578894ebe1616d098040fb4","slug":"development-of-ramgram-will-also-help-in-development-of-tourism-maharajganj-news-c-206-1-sgkp1021-11512-2023-12-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: रामग्राम के विकास से पर्यटन के विकास में भी मिलेगी मदद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: रामग्राम के विकास से पर्यटन के विकास में भी मिलेगी मदद
Tue, 12 Dec 2023 09:54 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Tue, 12 Dec 2023 09:54 PM IST
विज्ञापन
महाराजगंज। भारत नेपाल सीमा से सटे नेपाल नवलपरासी जिले में प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल प्रचंड ने रामग्राम स्तूप क्षेत्र के विकास के लिए मास्टर प्लान लागू करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की है। प्रधानमंत्री प्रचंड मंगलवार की शाम पश्चिम नवलपरासी में रामग्राम स्तूप एक कार्यक्रम के दौरान पहुंचे थे। जहां स्तूप क्षेत्र के जीर्णोद्धार, संरक्षण और विकास के लिए दूरदर्शी कार्य करने का संकल्प लिया है। उन्होंने रामग्राम स्तूप को इस क्षेत्र के विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए विश्वास व्यक्त किया कि इससे रामग्राम के विकास के साथ-साथ इस क्षेत्र के पर्यटन विकास में भी मदद मिलेगी।
नवलपरासी के रामग्राम में आयोजित विश्व शांति कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री दहल ने कहा कि आज की दुनिया में शांति का महत्व बढ़ गया है। बुद्ध के सिद्धांत, विचार और दर्शन कभी पुराने नहीं होते। जब तक मानव जाति का अस्तित्व है, बुद्ध की शिक्षाओं की प्रासंगिकता, आवश्यकता और महत्व दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। दुनिया में शांति का महत्व बढ़ गया है। उन्होंने लुम्बिनी जैसी पवित्र भूमि से विश्व समुदाय से विशेषकर शांति की अपील भी की। उन्होंने कहा कि रामग्राम के विकास के लिए कार्यक्रम के माध्यम से की गई प्रतिबद्धता से क्षेत्र का महत्व बढ़ गया है। प्रधान मंत्री दहल ने संयुक्त राष्ट्र के महासचिव की यात्रा के अवसर को याद किया। उनके आगमन के साथ नेपाल की शांति की इच्छा और नेपाल और नेपाली लोगों को जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से बचाने के लिए एक नई प्रतिबद्धता प्रस्तुत की गई। उस अवसर पर संस्कृति पर्यटन और नागरिक उड्डयन मंत्री सूडान किराती ने रामग्राम स्तूप क्षेत्र के महत्व पर चर्चा की।
विज्ञापन
नवलपरासी के रामग्राम में आयोजित विश्व शांति कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री दहल ने कहा कि आज की दुनिया में शांति का महत्व बढ़ गया है। बुद्ध के सिद्धांत, विचार और दर्शन कभी पुराने नहीं होते। जब तक मानव जाति का अस्तित्व है, बुद्ध की शिक्षाओं की प्रासंगिकता, आवश्यकता और महत्व दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। दुनिया में शांति का महत्व बढ़ गया है। उन्होंने लुम्बिनी जैसी पवित्र भूमि से विश्व समुदाय से विशेषकर शांति की अपील भी की। उन्होंने कहा कि रामग्राम के विकास के लिए कार्यक्रम के माध्यम से की गई प्रतिबद्धता से क्षेत्र का महत्व बढ़ गया है। प्रधान मंत्री दहल ने संयुक्त राष्ट्र के महासचिव की यात्रा के अवसर को याद किया। उनके आगमन के साथ नेपाल की शांति की इच्छा और नेपाल और नेपाली लोगों को जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से बचाने के लिए एक नई प्रतिबद्धता प्रस्तुत की गई। उस अवसर पर संस्कृति पर्यटन और नागरिक उड्डयन मंत्री सूडान किराती ने रामग्राम स्तूप क्षेत्र के महत्व पर चर्चा की।
विज्ञापन