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मुक्त कराए गए मजदूर
ब्यूरो/अमर उजाला, महराजगंज
Updated Tue, 22 Mar 2016 12:20 AM IST
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ईट भटठा मालिक द्वारा बंधक बनाये गये मजदूर डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन कर कार्रवाई की मांग की है।
- फोटो : विनोद गुप्ता
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चार महीने से बंधक बनाए गए मजदूरों को भट्टा मालिकों से सोमवार को मुक्त कराया गया। कुछ मजदूर अभी फंसे हैं। एक एनजीओ के साथ मजदूर डीएम आफिस पहुंचे और भट्टा मालिकों पर कार्रवाई की मांग की। डीएम के आदेश पर प्रशासनिक अधिकारी ने मजदूरों का बयान लिया।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के रिसदा निवासी चंद्रपाल सोमवार दोपहर वाराणसी की एक संस्था और कुछ मजदूरों के साथ डीएम आफिस पहुंचे और एक प्रार्थना पत्र दिया। प्रार्थना पत्र में लिखा गया है कि नवंबर में निचलौल क्षेत्र के कटहरी स्थित केएम मार्का ईंट भट्टा के मालिक मुमताज व मेंहदी सरदार उसके गांव पहुंचे। 600 रुपये प्रति हजार ईंट पथाई व खुराकी की बात कर दो-दो हजार रुपये एडवांस में दिए और साथ ले आए।
तीन महीने तक जब उनकी खबर नहीं मिली तो अपने स्तर से छानबीन का प्रयास किया। तब पता चला कि ये भट्टा मालिक सभी मजदूरों से बंधुआ मजदूरी करा रहे हैं। संस्था के माध्यम से कुछ मजदूरों को मुक्त कराया गया। डीएम ने प्रशासनिक अधिकारी सुशील कुमार को बयान लेने का निर्देश दिए। बंधुआ मजदूरी कराने का आरोप लगाया है।
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छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के रिसदा निवासी चंद्रपाल सोमवार दोपहर वाराणसी की एक संस्था और कुछ मजदूरों के साथ डीएम आफिस पहुंचे और एक प्रार्थना पत्र दिया। प्रार्थना पत्र में लिखा गया है कि नवंबर में निचलौल क्षेत्र के कटहरी स्थित केएम मार्का ईंट भट्टा के मालिक मुमताज व मेंहदी सरदार उसके गांव पहुंचे। 600 रुपये प्रति हजार ईंट पथाई व खुराकी की बात कर दो-दो हजार रुपये एडवांस में दिए और साथ ले आए।
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तीन महीने तक जब उनकी खबर नहीं मिली तो अपने स्तर से छानबीन का प्रयास किया। तब पता चला कि ये भट्टा मालिक सभी मजदूरों से बंधुआ मजदूरी करा रहे हैं। संस्था के माध्यम से कुछ मजदूरों को मुक्त कराया गया। डीएम ने प्रशासनिक अधिकारी सुशील कुमार को बयान लेने का निर्देश दिए। बंधुआ मजदूरी कराने का आरोप लगाया है।
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