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Lakhimpur Kheri News: किसानों ने बंद रखा मिल का गेट, वार्ता के बाद बनी सहमति
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पलिया चीनी मिल के बाहर गेट बंद कराने के बाद खड़े किसान।
चीनी मिल प्रबंधन ने दिया हर रोज पांच करोड़ के भुगतान का आश्वासन
पलिया कलां। बजाज चीनी मिल पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए किसानों ने मंगलवार रात आठ बजे तक हंगामा काटा। बाद में हर रोज पांच करोड़ के तय भुगतान के आश्वासन पर किसान माने।
बीते बुधवार से किसान बकाया गन्ना भुगतान की मांग को लेकर चीनी मिल के बाहर क्रमिक अनशन पर बैठे हुए हैं। मंगलवार को पांच करोड़ की बजाए टुकड़ों में भुगतान दिए जाने के बाद किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। मंगलवार को शाम साढ़े पांच बजे मिल के अंदर जाने वाले रास्ते को किसानों ने बंद कर दिया।
करीब छह बजे किसानों को मिल के जीएम ओपी चौहान मनाने पहुंचे, लेकिन किसानों ने दो टूक कहा कि जब बात पांच करोड़ की हुई थी तो कभी दो तो दो करोड़ रुपये से कम का भुगतान आखिर क्यों किया जा रहा है। मिल जीएम द्वारा इसका जवाब नहीं दिया जा सका। शाम साढ़े पांच बजे से रात आठ बजे तक किसानों ने मिल का गेट बंद कर दिया। फिर तय हुआ कि जिस हिसाब से पेमेंट की बात हुई थी उसके हिसाब से पेमेंट किया जाएगा। इसके बाद किसानों ने गेट को खोल दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि 27 जनवरी को मांगों के अनुसार पेमेंट नहीं किया जाता है तो फिर किसान गेट बंद कर देंगे।
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किसान नेता जगपाल सिंह ढिल्लन ने बताया चीनी मिल की तरफ से पेमेंट में लगातार हीला हवाली की जा रही है जिसके बाद चीनी मिल का गेट बंद किया गया है। क्रमिक अनशन कर किसान अपना भुगतान मांग रहे हैं, तो वादा के हिसाब से चीनी मिल को पेमेंट करना चाहिए।
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पलिया कलां। बजाज चीनी मिल पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए किसानों ने मंगलवार रात आठ बजे तक हंगामा काटा। बाद में हर रोज पांच करोड़ के तय भुगतान के आश्वासन पर किसान माने।
बीते बुधवार से किसान बकाया गन्ना भुगतान की मांग को लेकर चीनी मिल के बाहर क्रमिक अनशन पर बैठे हुए हैं। मंगलवार को पांच करोड़ की बजाए टुकड़ों में भुगतान दिए जाने के बाद किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। मंगलवार को शाम साढ़े पांच बजे मिल के अंदर जाने वाले रास्ते को किसानों ने बंद कर दिया।
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करीब छह बजे किसानों को मिल के जीएम ओपी चौहान मनाने पहुंचे, लेकिन किसानों ने दो टूक कहा कि जब बात पांच करोड़ की हुई थी तो कभी दो तो दो करोड़ रुपये से कम का भुगतान आखिर क्यों किया जा रहा है। मिल जीएम द्वारा इसका जवाब नहीं दिया जा सका। शाम साढ़े पांच बजे से रात आठ बजे तक किसानों ने मिल का गेट बंद कर दिया। फिर तय हुआ कि जिस हिसाब से पेमेंट की बात हुई थी उसके हिसाब से पेमेंट किया जाएगा। इसके बाद किसानों ने गेट को खोल दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि 27 जनवरी को मांगों के अनुसार पेमेंट नहीं किया जाता है तो फिर किसान गेट बंद कर देंगे।
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किसान नेता जगपाल सिंह ढिल्लन ने बताया चीनी मिल की तरफ से पेमेंट में लगातार हीला हवाली की जा रही है जिसके बाद चीनी मिल का गेट बंद किया गया है। क्रमिक अनशन कर किसान अपना भुगतान मांग रहे हैं, तो वादा के हिसाब से चीनी मिल को पेमेंट करना चाहिए।