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डॉक्टर का पोस्टमार्टम करने से इनकार

Wed, 24 Jun 2015 10:05 PM IST
लखीमपुर खीरी
लखीमपुर खीरी Updated Wed, 24 Jun 2015 10:05 PM IST
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The doctor refused to autopsy
जिला अस्पताल की मोर्चरी में शवों की बदहाली के कारण बुधवार को डॉक्टर ने दो शवों का पोस्टमार्टम करने से इनकार कर दिया क्योंकि निजी कर्मचारियों ने शवों दुर्दशा देखते हुए उन्हें श्मशान घाट तक ले जाने में असमर्थता व्यक्त की थी।  
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चार दिन पहले शहर के टैक्सी स्टैंड पर काम करने वाले एक अधेड़ की मौत हो गई थी, लेकिन उसकी शिनाख्त न होने पर जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने उसका शव 72 घंटे के लिए मोर्चरी में रखवाया था। वहीं धौैरहरा क्षेत्र में मिले एक लावारिस शव को मोर्चरी में रखे जाने की मियाद बुधवार को पूरी हो गई। लिहाजा बुधवार को 72 घंटे पूरे होने के बाद दोनों लावारिस शवों का पोस्टमार्टम होना था। किसी तरह मोर्चरी से पोस्टमार्टम हाउस तक शवों को पुलिस ने भेजवा दिया, लेकिन इसके बाद भी दोनों शवों के पोस्टमार्टम नहीं हो पाए। पोस्टमार्टम हाउस से श्मशान घाट तक शवों को ले जाने वाले कमरुद्दीन और भल्लर ने बताया कि आए-दिन शवों की दुर्गति हो रही है। कीड़े पड़ने से लाशें सड़कर भीषण बद्बू पैदा कर रही हैं। इससे खुद के बीमार होने का खतरा है, तो वहीं रास्ते में लोग ऐतराज करते हैं, इसी कारण उन्होंने श्मशान घाट तक शवों को ले जाने से मना किया। उधर, पोस्टमार्टम करने वाले डॉ. सतीश वर्मा ने बताया कि जब तक शवों को निस्तारण कराने की व्यवस्था नहीं हो जाती, तब तक पोस्टमार्टम करना संभव नहीं है, इसलिए उन्होंने पोस्टमार्टम नहीं किया। 
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सीएमएस डॉ. वीके साहू ने बताया कि शवों को सामान्य प्रक्रिया के तहत रखा जाता है। फ्रीजर को ठीक करा लिया गया है, लेकिन अभी चालू नहीं हो पाया है। जल्द ही फ्रीजर को चालू करा दिया जाएगा।
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