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Lakhimpur Kheri News: कच्ची दीवार गिरने से मलबे में दबकर दंपती की मौत

Sat, 19 Sep 2026 12:19 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी Updated Sat, 19 Sep 2026 12:19 AM IST
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Couple dies after being buried under debris when a mud wall collapses
मितौली (लखीमपुर खीरी)। थाना क्षेत्र के कस्ता कस्बे में बृहस्पतिवार रात करीब 11 बजे जर्जर कच्ची दीवार भरभराकर गिर गई। मलबे में दबकर घर में सो रहे गुड्डू कश्यप (50) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी पिंकी देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं। अस्पताल में इलाज के दौरान पिंकी देवी ने भी दम तोड़ दिया। परिजन के मुताबिक, पिंकी देवी पति गुड्डू को दवा देने के लिए जा रही थी, इसी दौरान अचानक हादसा हो गया। पिंकी का पैर नाली में फंस गया, मलबा न हट पाने की वजह से उनकी भी जान चली गई।
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कस्ता निवासी गुड्डू कश्यप रात में कच्ची दीवार पर पड़े छप्पर के नीचे सो रहे थे। रात करीब 11 बजे उनकी पत्नी उन्हें दवा देने जा रही थीं। इसी दौरान कच्ची दीवार दोनों के ऊपर जा गिरी। तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर दंपती को बाहर निकाला। गुड्डू की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। गंभीर रूप से घायल पिंकी देवी को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी भी मौत हो गई।
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परिजन के मुताबिक, गुड्डू मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके चार बच्चे हैं, जिसमें से दो बेटी व एक बेटे की शादी कर दी थी, जबकि एक बेटे की शादी नहीं हुई है। दोनों बेटे मजदूरी के लिए बाहर रहते हैं। बड़ा बेटा प्रीतम लुधियाना में और छोटा बेटा सुमित हरिद्वार में काम करता है। हादसे की सूचना मिलते ही दोनों बेटे घर के लिए रवाना हो गए।
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पक्का मकान मिला, फिर भी कच्चे घर में रह रहे थे दंपती
-ग्रामीणों के मुताबिक, वर्ष 2009-10 में गुड्डू के परिवार को इंदिरा आवास योजना के तहत पक्का मकान मिला था। बड़े बेटे की शादी के बाद उसकी पत्नी अपने परिवार के साथ इसी मकान में रहने लगी। इसके बाद गुड्डू और पिंकी कच्चे मकान में रहने लगे।
मेहनत की जिंदगी, एक रात में उजड़ गया घर
-गुड्डू कश्यप मजदूरी कर परिवार का पेट पालते थे, जबकि पत्नी पिंकी देवी दूसरों के घरों में बर्तन साफ कर घर चलाने में उनका हाथ बंटाती थीं। दोनों बेटे भी रोजी-रोटी के लिए घर से दूर मजदूरी कर रहे थे। दंपती दिन भर मेहनत के बाद रात को इसी कच्चे घर में सुकून की नींद सोते थे।
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परिजन को मिलेगी चार-चार लाख रुपये की सहायता
प्रशासन ने मृतकों के परिजन को दैवीय आपदा के तहत चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की बात कही है। एसडीएम मितौली संतदास पवार ने बताया कि घटना को लेकर लेखपाल और कानूनगो को मौके पर भेजकर जांच कराई गई है। आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद दोनों मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।

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वर्जन
घटना की सूचना पर पुलिस गई थी। मलबे से हटाकर दोनों को निकाला गया। इससे पहले ही गुड्डू की मौत हो चुकी थी, जबकि पिंकी देवी की इलाज के दौरान मौत हो गई। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है।
- यादवेंद्र यादव, सीओ मितौली
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