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आबादी के निकट फिर पहुंचा तेंदुआ, दहशत
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,लखीमपुर खीरी
Updated Mon, 29 Oct 2018 05:32 PM IST
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दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के मैलानी रेंज की जटपुरा बीट जंगल से सटे एक गन्ने खेत में रविवार बकरी को निवाला बनाने वाला तेंदुआ सोमवार सुबह चौधीपुर गांव के निकट पहुंच गया। दिन दहाड़े गांव के निकट पहुंचे तेंदुए को देख ग्रामीणों के शोर मचाने पर वह गन्ने के खेत में घुस गया। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने आलू के खेत में तेंदुआ के पगचिह्न मिलने की पुष्टि की है।
बफरजोन के मैलानी रेंज की जटपुरा बीट में पिछले चार माह से सक्रिय एक तेंदुआ चौधीपुर, पूरनपुर, राजनगर, हरदुआ आदि के ग्रामीणों की 40 से अधिक बकरियों और गांव के पालतू कुत्तों का शिकार कर निवाला बना चुका है। आबादी के निकट सक्रिय तेंदुए की खबर अमर उजाला ने 29 अक्टूबर के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित की थी। खबर छपने के बाद दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के एसडीओ डीबी सिंह ने सोमवार दोपहर घटनास्थल का मुआयना किया। इसके बाद चौधीपुर गांव पहुंचे। उन्होंने गांव में चौपाल लगाकर ग्रामीणों को तेंदुए से पालतू पशुओं और बच्चों के बचाव के टिप्स दिए। बताया कि पालतू बकरियों और पशुओं को चराने अकेले जाने के बजाय समूह में जाएं। तेंदुआ के दिखने पर शोर मचाएं और इसकी सूचना वन विभाग को दें। उन्होंने बताया कि तेंदुआ के हमले में बकरी की मौत होने पर वन विभाग से मुआवजा दिया जाता है। बकरी की मौत पर पीड़ित से प्रार्थना-पत्र मिलने पर संबधित वन कर्मी से घटनास्थल की जांच के बाद वन विभाग की ओर से नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा। इस मौके पर फॉरेस्टर राजेंद्र वर्मा सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
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बफरजोन के मैलानी रेंज की जटपुरा बीट में पिछले चार माह से सक्रिय एक तेंदुआ चौधीपुर, पूरनपुर, राजनगर, हरदुआ आदि के ग्रामीणों की 40 से अधिक बकरियों और गांव के पालतू कुत्तों का शिकार कर निवाला बना चुका है। आबादी के निकट सक्रिय तेंदुए की खबर अमर उजाला ने 29 अक्टूबर के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित की थी। खबर छपने के बाद दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के एसडीओ डीबी सिंह ने सोमवार दोपहर घटनास्थल का मुआयना किया। इसके बाद चौधीपुर गांव पहुंचे। उन्होंने गांव में चौपाल लगाकर ग्रामीणों को तेंदुए से पालतू पशुओं और बच्चों के बचाव के टिप्स दिए। बताया कि पालतू बकरियों और पशुओं को चराने अकेले जाने के बजाय समूह में जाएं। तेंदुआ के दिखने पर शोर मचाएं और इसकी सूचना वन विभाग को दें। उन्होंने बताया कि तेंदुआ के हमले में बकरी की मौत होने पर वन विभाग से मुआवजा दिया जाता है। बकरी की मौत पर पीड़ित से प्रार्थना-पत्र मिलने पर संबधित वन कर्मी से घटनास्थल की जांच के बाद वन विभाग की ओर से नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा। इस मौके पर फॉरेस्टर राजेंद्र वर्मा सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
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काशीपुर के निकट पहुंचा बाघ, खेत में मिले चिह्न
वन रेंज मोहम्मदी महेशपुर की देवीपुर बीट क्षेत्र में ग्राम अंगदपुर निवासी रविउल्ला खान के काशीपुर इलाके के पश्चिम स्थित फार्म हाउस के बाहर बीती रात बाघ आ गया। सुबह जब रविउल्ला खेत में गए तो वहां बाघ के पगचिह्न देख कर भौचक रह गए। उन्होंने शोर मचाया और गांव के लोगों को घटना की जानकारी दी। वहीं रविवार शाम बाघ द्वारा मक्खन सिंह निवासी ग्राम पंचायत ग्रंट डॉटपुर के घमहघाट की गाय को मार डालने से क्षेत्र में दहशत का माहौल है। रविउल्ला खान, कमाल अहमद, कमलेश कुमार, जगतपाल आदि ने बताया कि रात में बाघ के दहाड़ने की आवाज आती है, जिससे दिन में भी खेतों की तरफ जाने में भय लगता है।