{"_id":"5be5ce36bdec22696a3ae4be","slug":"141541787190-kushinagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़क दुर्घटना में हुई मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सड़क दुर्घटना में हुई मौत
Updated Fri, 09 Nov 2018 11:43 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सेवरही के युवक की गुरुग्राम में मौत
दिवाली के दो दिन पहले रोजगार की तलाश में गए थे दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो
तमकुहीरोड। दिल्ली एनसीआर के गुरुग्राम में रोजगार के सिलसिले में गए सेवरही के युवक की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। मौत की सूचना से घर में कोहराम मच गया है। घरवालों का रो रोकर बुरा हाल है।
सेवरही नगर पंचायत के स्वर्णनगर निवासी स्वामीनाथ रौनियार का 42 वर्षीय पुत्र लालबाबू रौनियार अभी दीपावली के दो दिन पहले ही रोजगार के सिलसिले में एनसीआर के औद्योगिक क्षेत्र गुरुग्राम गए थे। बृहस्पतिवार की शाम करीब छह बजे जब वह बाजार से सब्जी खरीदकर पैदल अपने क्वार्टर लौट रहे थे। उसी समय सामने से तेज रफ्तार में आ रहे बाइकसवार ने उन्हें चपेट में ले लिया। स्वामीनाथ सिर के बल गिर पड़े। उनके सिर के पिछले हिस्से में गंभीर चोटें आईं। उन्हें सफदरगंज हॉस्पिटल ले जाया गया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
वह अपने पीछे पत्नी के साथ दो पुत्र शुभम (22) व किशन (15) और पुत्री सलोनी (17) को छोड़ गए हैं। घटना की जानकारी जब बृहस्पतिवार की रात में उनके परिवार के लोगों को मिली तो उनमें चीख-पुकार मच गई। परिवार के लोगों के अनुसार उनका शव दिल्ली से सेवरही लाया जा रहा है, ताकि उनका अंतिम संस्कार सेवरही में बांसी नदी के तट पर किया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
दिवाली के दो दिन पहले रोजगार की तलाश में गए थे दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो
तमकुहीरोड। दिल्ली एनसीआर के गुरुग्राम में रोजगार के सिलसिले में गए सेवरही के युवक की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। मौत की सूचना से घर में कोहराम मच गया है। घरवालों का रो रोकर बुरा हाल है।
सेवरही नगर पंचायत के स्वर्णनगर निवासी स्वामीनाथ रौनियार का 42 वर्षीय पुत्र लालबाबू रौनियार अभी दीपावली के दो दिन पहले ही रोजगार के सिलसिले में एनसीआर के औद्योगिक क्षेत्र गुरुग्राम गए थे। बृहस्पतिवार की शाम करीब छह बजे जब वह बाजार से सब्जी खरीदकर पैदल अपने क्वार्टर लौट रहे थे। उसी समय सामने से तेज रफ्तार में आ रहे बाइकसवार ने उन्हें चपेट में ले लिया। स्वामीनाथ सिर के बल गिर पड़े। उनके सिर के पिछले हिस्से में गंभीर चोटें आईं। उन्हें सफदरगंज हॉस्पिटल ले जाया गया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
विज्ञापन
वह अपने पीछे पत्नी के साथ दो पुत्र शुभम (22) व किशन (15) और पुत्री सलोनी (17) को छोड़ गए हैं। घटना की जानकारी जब बृहस्पतिवार की रात में उनके परिवार के लोगों को मिली तो उनमें चीख-पुकार मच गई। परिवार के लोगों के अनुसार उनका शव दिल्ली से सेवरही लाया जा रहा है, ताकि उनका अंतिम संस्कार सेवरही में बांसी नदी के तट पर किया जा सके।
विज्ञापन