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जेवर साफ करने के बहाने गहना पार करने वालों को पीटा
Tue, 16 Apr 2019 12:34 AM IST
shailendra Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
Published by: shailendra Kumar
Updated Tue, 16 Apr 2019 12:34 AM IST
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मंझनपुर। मुख्यालय के नेहरू नगर में कथित तौर पर जेवर साफ करने वालों को स्थानीय लोगों ने बेरहमी से पीटा। दहशत कायम करने के लिए व्यापारियों को कार में भरकर कस्बे में टहलाया गया। सूचना के बाद भी पुलिस नहीं पहुंची। इस बीच मौका पाकर कथित आरोपी भाग निकले।
नेहरूनगर मोहल्ले में रहने वाले सुरेश के यहां दो लोग पहुंचे। वह बिहार प्रांत के बताए जा रहे हैं। कथित कारोबारियों ने अपना परिचय जेवर साफ करने वालों के रूप में दिया। इस पर सुरेश की बहन ने अपनी चांदी की पायल साफ करने के लिए उन्हें दे दिया। आरोप है कि साफ करने के दौरान उसकी आधी से ज्यादा पायल खत्म हो गई। सुरेश की बहन के शोर मचाने पर जुटे मोहल्ले वालों ने दोनों को पीटने लगे। मामले की जानकारी एसपी प्रदीप गुप्ता और कोतवाल मंझनपुर उदयवीर सिंह को दी गई। कोतवाल ने मौके पर जाना मुनासिब नहीं समझा और न ही फोर्स भेजी। इसके बाद मोहल्ले के लोग दोनों को कार में भरकर दुर्गा मंदिर की तरफ ले गए और वहां पर भी जमकर पीटा।
दोबारा फिर कोतवाल को सूचना दी गई। लेकिन उन्होंने खुद न जाकर डायल-100 को भेजा। इस बीच मौका पाकर दोनों लोग भाग निकले। पुलिस की उदासीनता से लोगों में आक्रोश है। बताते चले कि जिले में इसी तरह से सक्रिय एक रैकेट लोगों के जेवरात पर हाथ साफ कर रहा है। सरायअकिल इलाके में इसी तरह से ठगी की दो घटनाएं हो चुकी है। ताबड़तोड़ हो रही घटनाओं के बावजूद कोतवाली पुलिस की उदासीनता लोगों के गले नहीं उतर रही है।
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नेहरूनगर मोहल्ले में रहने वाले सुरेश के यहां दो लोग पहुंचे। वह बिहार प्रांत के बताए जा रहे हैं। कथित कारोबारियों ने अपना परिचय जेवर साफ करने वालों के रूप में दिया। इस पर सुरेश की बहन ने अपनी चांदी की पायल साफ करने के लिए उन्हें दे दिया। आरोप है कि साफ करने के दौरान उसकी आधी से ज्यादा पायल खत्म हो गई। सुरेश की बहन के शोर मचाने पर जुटे मोहल्ले वालों ने दोनों को पीटने लगे। मामले की जानकारी एसपी प्रदीप गुप्ता और कोतवाल मंझनपुर उदयवीर सिंह को दी गई। कोतवाल ने मौके पर जाना मुनासिब नहीं समझा और न ही फोर्स भेजी। इसके बाद मोहल्ले के लोग दोनों को कार में भरकर दुर्गा मंदिर की तरफ ले गए और वहां पर भी जमकर पीटा।
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दोबारा फिर कोतवाल को सूचना दी गई। लेकिन उन्होंने खुद न जाकर डायल-100 को भेजा। इस बीच मौका पाकर दोनों लोग भाग निकले। पुलिस की उदासीनता से लोगों में आक्रोश है। बताते चले कि जिले में इसी तरह से सक्रिय एक रैकेट लोगों के जेवरात पर हाथ साफ कर रहा है। सरायअकिल इलाके में इसी तरह से ठगी की दो घटनाएं हो चुकी है। ताबड़तोड़ हो रही घटनाओं के बावजूद कोतवाली पुलिस की उदासीनता लोगों के गले नहीं उतर रही है।
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