{"_id":"3f7dfa70f37f4b149da5eaa63119d7d4","slug":"will-be-entered-into-the-computer-account-for-temporary-connections-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कंप्यूटर में दर्ज होगा अस्थायी संयोजनों का लेखा जोखा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कंप्यूटर में दर्ज होगा अस्थायी संयोजनों का लेखा जोखा
ब्यूरो
Updated Mon, 14 Dec 2015 02:19 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
झांसी। विद्युत विभाग अब अस्थायी संयोजनों को भी कंप्यूटर से जोड़ेगा। इसके लिए तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस व्यवस्था से आसानी से अस्थायी संयोजन स्थायी में बदल सकेंगे।
विद्युत विभाग अभी एलएमवी 9 टैरिफ के अंतर्गत भवन, बिल्डिंग आदि निर्माण के लिए अस्थायी संयोजन उपलब्ध कराता है। विभाग यह संयोजन तीन माह के लिए देता है। इसका एक्सटेंशन हर तीन माह में बढ़ाकर दो साल तक के लिए किया जा सकता है। एक किलोवाट के लिए 3150 रुपये व दो किलोवाट के संयोजन के लिए 4950 रुपये तीन माह के लिए निर्धारित हैं। घर बनाने के लिए 6.50 रुपये प्रति यूनिट व कामर्शियल बिल्डिंग के निर्माण के लिए 7.85 रुपये प्रति यूनिट निर्धारित है।
विभाग अभी अस्थायी संयोजन हाथ से कटी रसीद पर उपलब्ध कराता है। उपभोक्ता को जब स्थायी संयोजन लेना पड़ता है तो उसे दुबारा पूरी प्रक्रिया को अपनाना पड़ता है। नए उपभोक्ताओं को इस समस्या से बचाने के लिए अस्थायी संयोजनों को भी कंप्यूटर में फीड करने की तैयार चल रही है। इससे अस्थायी संयोजन को स्थायी में बदलने में आसानी हो जाएगी। अस्थायी संयोजन देते समय ही उपभोक्ता से सौ रुपये जमा कराकर आईडी नंबर बनाया जाएगा, जो स्थायी संयोजन देने में मदद करेगा।
विज्ञापन
इस संबंध में अधिशासी अभियंता (द्वितीय) पंकज अग्रवाल ने बताया कि विभाग कोशिश कर रहा है कि अस्थायी संयोजन भी कंप्यूटर में फीड हो, ताकि स्थायी संयोजन लेते समय उपभोक्ता को दुबारा प्रक्रिया न अपनाना पड़े।
विज्ञापन
विद्युत विभाग अभी एलएमवी 9 टैरिफ के अंतर्गत भवन, बिल्डिंग आदि निर्माण के लिए अस्थायी संयोजन उपलब्ध कराता है। विभाग यह संयोजन तीन माह के लिए देता है। इसका एक्सटेंशन हर तीन माह में बढ़ाकर दो साल तक के लिए किया जा सकता है। एक किलोवाट के लिए 3150 रुपये व दो किलोवाट के संयोजन के लिए 4950 रुपये तीन माह के लिए निर्धारित हैं। घर बनाने के लिए 6.50 रुपये प्रति यूनिट व कामर्शियल बिल्डिंग के निर्माण के लिए 7.85 रुपये प्रति यूनिट निर्धारित है।
विज्ञापन
विभाग अभी अस्थायी संयोजन हाथ से कटी रसीद पर उपलब्ध कराता है। उपभोक्ता को जब स्थायी संयोजन लेना पड़ता है तो उसे दुबारा पूरी प्रक्रिया को अपनाना पड़ता है। नए उपभोक्ताओं को इस समस्या से बचाने के लिए अस्थायी संयोजनों को भी कंप्यूटर में फीड करने की तैयार चल रही है। इससे अस्थायी संयोजन को स्थायी में बदलने में आसानी हो जाएगी। अस्थायी संयोजन देते समय ही उपभोक्ता से सौ रुपये जमा कराकर आईडी नंबर बनाया जाएगा, जो स्थायी संयोजन देने में मदद करेगा।
विज्ञापन
इस संबंध में अधिशासी अभियंता (द्वितीय) पंकज अग्रवाल ने बताया कि विभाग कोशिश कर रहा है कि अस्थायी संयोजन भी कंप्यूटर में फीड हो, ताकि स्थायी संयोजन लेते समय उपभोक्ता को दुबारा प्रक्रिया न अपनाना पड़े।