ठेकेदार हत्याकांड में फरार दंपती गिरफ्तार, आठ लाख के साथ बैग और जेवरात बरामद
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कोतवाली स्थित पीतांबरा इन्क्लेव में गत दिनों ठेकेदार बलवीर प्रजापति की हत्या के मामले में फरार मुख्य आरोपी हंसराज व उसकी पत्नी प्रियंका को शुक्रवार को पुलिस ने शहर के बस स्टैंड के पास से दबोच लिया। उनके पास से लूटे गए आठ लाख सात हजार रुपये, मोबाइल, जेवरात व बैग भी बरामद कर लिए हैं। ठेकेदार के पास बारह लाख रुपये देखकर इन लोगों की नीयत खराब हो गई थी। इसी कारण उन्होंने हत्या कर दी थी। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों को जेल भेज दिया है।
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एसएसपी डॉ. ओपी सिंह व एसपी देहात राहुल मिठास ने बताया कि बीते शनिवार को थाना कोतवाली के नई बस्ती गोड़ुआ निवासी बलवीर प्रजापति का शव पीतांबरा इन्क्लेव स्थित फ्लैट नंबर छह में खून से लथपथ मिला था। इस मामले में मृतक के पुत्र कपिल ने अभय अग्रवाल, दिनेश सिंह परिहार व हरियाणा की फरीदाबाद निवासी प्रियंका पर हत्या का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। ठेकेदार बलवीर दिनेश का फ्लैट खरीदने के लिए ही आया था।
आरोपियों को दबोचने के लिए टीमें गठित की गईं थीं। बुधवार को पुलिस टीमों ने मानिक चौक स्थित टकसाल निवासी अभय अग्रवाल को ग्वालियर मार्ग रेलवे क्रॉसिंग के पास से गिरफ्तार कर जेल भेजा था। पूछताछ में पुलिस को पता चला कि हत्या में प्रियंका का पति चिरगांव निवासी हंसराज भी शामिल है। इन दोनों व दिनेश की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें दबिश दे रही थीं। शुक्रवार को पुलिस टीमों ने सूचना मिलने पर फरार चल रहे आरोपी हंसराज व उसकी पत्नी प्रियंका को शहर के बस स्टैंड से धर दबोच लिया।
आरोपियों के पास से मिले बैग से आठ लाख सात हजार रुपये, जेवरात, दो मोबाइल बरामद हुए। पूछताछ के लिए दोनों को कोतवाली लाया गया, जहां दोनों ने बताया कि उनके बलवीर से अच्छे संबंध थे और मिलना जुलना भी लगा रहता था। इसी बीच उसने पीतांबरा इन्क्लेव में फ्लैट लेने की बात कही थी, लेकिन उनको नहीं पता था कि फ्लैट की रकम लेकर वह उनके पास पहुंचेगा।
घटना वाले दिन वे घर से रकम लेकर रजिस्ट्री कराने की कहकर उनके पास बैग लेकर पहुंच गए, इसमें रखी रकम देखकर तीनों की नीयत खराब हो गई। मौके पर ही रखी हथौड़ी से सिर पर हमला कर उसकी हत्या कर दी थी। इसके बाद उसमें से ढाई लाख रुपये अभय को दे दिए थे, जबकि बकाया रकम लेकर पति - पत्नी दोनों स्कूटी से स्टेशन पहुंचे और यहां से ट्रेन में बैठकर हरियाणा भाग गए थे।
यहां दो दिन रुकने के बाद शुक्रवार सुबह ट्रेन से झांसी पहुंचे थे। यहां एक रिश्तेदार को फोन लगाकर सूचना दी थी, तभी पुलिस को इसकी जानकारी मिल गई। दोनों को बस स्टैंड से पुलिस ने दबोच लिया। पुलिस ने दोनों को जेल भेज दिया है। वहीं, आरोपी दिनेश सिंह परिहार की भूमिका की जांच की जा रही है। एसएसपी ने बताया कि अब तक उसका हाथ हत्याकांड में शामिल होना पुष्ट नहीं हुआ है।
लूट की रकम से खरीदे जेवरात
हत्या करने के बाद दोनों ट्रेन में सवार होकर फरीदाबाद गए थे। यहां कुछ घंटे रुकने के बाद दोनों ने रुपये की गिनती की। इसके बाद कुछ रकम निकालकर खरीदारी करने बाजार आ गए। यहां से एक लाख तीस हजार रुपये में चार सोने की अंगूठियां, एक मंगलसूत्र, दो झुमकी, एक चेन, ब्रेसलेट, ॅ पायल, चार बिछिया आदि सामान खरीदकर हरियाणा के मेवात चले गए थे।
कनाडा भागने की थी तैयारी
गिरफ्तार अभय अग्रवाल कनाडा जाने की फिराक में था। घटना वाले दिन नहीं पकड़ा जाता तो रविवार को वह कनाडा भाग जाता। बताया गया है कि उसकी पुत्री कनाडा में पढ़ाई कर रही है।
जम्मू कश्मीर निकलने वाले थे
हत्याकांड के मुख्य आरोपी हंसराज व उसकी पत्नी प्रियंका ने जम्मू कश्मीर जाने की तैयारी कर रखी थी। इसके लिए बाकायदा पहले से ही ट्रेन से आरक्षण भी करा लिया था। ट्रेन झांसी से ही पकड़नी थी और शुक्रवार को दोनों पहुंच गए। इसी दौरान पुलिस ने धर दबोचा।
दतिया ले जाकर हत्या की भी थी साजिश
इन लोगों की बलवीर के अपहरण की भी तैयारी थी। बलवीर का दतिया में फ्लैट है। इन लोगों ने योजना बना रखी थी कि बलवीर का अपहरण कर फिरौती वसूली जाएगी। तीस लाख रुपये मांगने की साजिश थी, लेकिन शनिवार को बलवीर रकम लेकर फ्लैट पर आ गया। रकम देखकर तीनों की नीयत खराब हो गई। इसके बाद उसे उसे मार डाला।
पत्नी ने गिनकर दी थी रकम
मृतक बलवीर ने फ्लैट की रजिस्ट्री कराने के लिए चार दिन पहले बैंक रकम लाकर घर में रखी थी। शनिवार को रजिस्ट्री कराने के लिए पत्नी से रुपये मांगे। पत्नी ने अलमारी से रुपये निकालकर रकम गिनकर दी। इसके बाद बैग में रकम लेकर सीधे रजिस्ट्री कार्यालय न जाकर फ्लैट पर पहुंच गए। इसके बाद उनकी हत्या कर दी गई।
एडीजी व डीआईजी देंगे पुरस्कार
एडीजी प्रेमप्रकाश व डीआईजी सुभाष सिंह बघेल खुलासा करने वाली टीम में शामिल एसपी सिटी श्रीप्रकाश द्विवेदी, एसपी देहात राहुल मिठास, सीओ सिटी जितेंद्र सिंह परिहार, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र कुमार द्विवेदी, स्वॉट टीम प्रभारी जितेंद्र सिंह तक्खर, नवाबाद प्रभारी निरीक्षक संजय सिंह, रक्सा व सर्विलांस प्रभारी विजय कुमार पांडेय, राजीव सिंह, एसआई सुरेंद्र प्रताप सिंह, प्रमोद कुमार तिवारी, विक्रम सिंह, सोमेश सिंह, राकेश कुमार, दुर्गेश चौहान, प्रदीप सेंगर, योगेंद्र चौहान, सतपाल, शैलेंद्र चौहान, पदम गोस्वामी, विमलेंद्र, रमेश, अनुपमा व अंजुल को नगद पुरस्कार देकर सम्मानित करेंगे।