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कमांडो ऑपरेशन में दुश्मन पर कहर बरपाना सीख रहे सेना के पायलट
Wed, 05 Feb 2020 05:05 PM IST
झांसी ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
Published by: झांसी ब्यूरो
Updated Wed, 05 Feb 2020 05:05 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : pib.nic.in
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महानगर के ग्वालियर रोड स्थित आर्मी एविएशन बेस में सेना के जांबाज हेलीकॉप्टर से कमांडो ऑपरेशन कर दुश्मन पर कहर बरपाने और आपात काल में राहत देने के लिए ‘देवदूत’ बनने का हुनर सीख रहे हैं। यहां वर्ष 2007 से प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
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बेस में हर वर्ष दो बैच में सेना के जांबाजों को तरह-तरह के हेलीकॉप्टर उड़ाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अब तक यहां 25 बैच प्रशिक्षण ले चुके हैं। सूत्रों के अनुसार आर्मी एविएशन पायलट में इनफैंट्री के साथ ही आर्टिलरी व सेना की अन्य शाखाओं से अफसरों को प्रशिक्षण दिया जाता है। आर्मी एविएशन पायलट्स को एमआई 25, एमआई 35, एचएएल रुद्र जैसे हेलीकॉप्टरों को उड़ाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। कमांडो ऑपरेशन में इनकी खास भूमिका होती है।
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युद्ध की स्थिति में भी इनफैंट्री और आर्मर्ड टुकड़ियों के ऑपरेशन के दौरान बहुत सहायक साबित होते हैं। इसके साथ ही, इन्हें एचएएल चेतक, एचएएल चीता और एचएएल ध्रुव उड़ाने का हुनर सिखाया जाता है। ये सियाचिन व अन्य दुर्गम स्थानों तक सेना को रसद पहुंचाने में मददगार होते हैं। एविएशन बेस के उच्च अधिकारियों ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए कुछ भी बताने से मना कर दिया।
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घमासान के बीच उपलब्ध कराते हैं स्वास्थ्य सेवाएं
आर्मी एविएशन कार्पस् कॉम्बैट सर्च एंड रेस्क्यू (सीएसएआर), आर्टिलरी लिफ्ट, कॉम्बैट ट्रांस्पोर्टेशन, लॉजिस्टिक्स रिलीफ, युद्ध बंदियों को ले जाने, युद्ध और आपदाओं के दौरान स्वास्थ्य व बचाव कार्यों के लिए भी सेवाएं उपलब्ध कराते हैं।