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ंक्शन एसएचओ की कार्य प्रणाली पर उठ रहे सवाल
Updated Sat, 27 Oct 2018 11:37 PM IST
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न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
हाथरस। कोतवाली हाथरस जंक्शन के एसएचओ की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। छह अप्रैल को दरियापुर के पूर्व प्रधान के भतीजे की हत्या के मामले में आरोपी को साठगांठ कर छोड़ने का आरोप इंस्पेक्टर केपी सिंह पर लग रहा है।
उल्लेखनीय है कि छह अप्रैल 2018 की शाम को दरियापुर निवासी पूर्व प्रधान राधेश्याम के भतीजे की हरिओम की मौत हुई थी। इसे लेकर परिजनों ने गांव के दंपति और उनके रिश्तेदार पर हत्या किए जाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया। बताया जा रहा है कि विसरा रिपोर्ट में जहर से हरिओम की हत्या होने की पुष्टि हुई।
पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए दबिश भी दी। एक को गिरफ्तार भी कर लिया, लेकिन मृतक के परिजनों का आरोप है कि 22 अक्तूबर को गिरफ्तार किए गए आरोपी को पुलिस ने साठगांठ कर छोड़ दिया। कोतवाल केपी सिंह का कहना है कि हत्या के मामले में नामजद को पूछताछ के लिए लेकर आए थे। उसे पूछताछ के बाद छोड़ है। मामले की विवेचना चल रही है। मृतक के परिजनों द्वारा लगाया जा रहा साठगांठ का आरोप गलत है।
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हाथरस। कोतवाली हाथरस जंक्शन के एसएचओ की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। छह अप्रैल को दरियापुर के पूर्व प्रधान के भतीजे की हत्या के मामले में आरोपी को साठगांठ कर छोड़ने का आरोप इंस्पेक्टर केपी सिंह पर लग रहा है।
उल्लेखनीय है कि छह अप्रैल 2018 की शाम को दरियापुर निवासी पूर्व प्रधान राधेश्याम के भतीजे की हरिओम की मौत हुई थी। इसे लेकर परिजनों ने गांव के दंपति और उनके रिश्तेदार पर हत्या किए जाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया। बताया जा रहा है कि विसरा रिपोर्ट में जहर से हरिओम की हत्या होने की पुष्टि हुई।
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पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए दबिश भी दी। एक को गिरफ्तार भी कर लिया, लेकिन मृतक के परिजनों का आरोप है कि 22 अक्तूबर को गिरफ्तार किए गए आरोपी को पुलिस ने साठगांठ कर छोड़ दिया। कोतवाल केपी सिंह का कहना है कि हत्या के मामले में नामजद को पूछताछ के लिए लेकर आए थे। उसे पूछताछ के बाद छोड़ है। मामले की विवेचना चल रही है। मृतक के परिजनों द्वारा लगाया जा रहा साठगांठ का आरोप गलत है।
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