Hathras News: कुटिया में रह रही महिला संत की डंडे से पीटकर हत्या, साथी संत फरार, पुलिस तलाश में जुटी
मेंण्डू के भैरों मंदिर के निकट एक कुटिया में रह रही महिला संत के सिर पर डंडे से हमला कर हत्या कर दी गई है। साथ में रह रहे संत पर महिला संत रेखा की हत्या का आरोप लगा है।
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हाथरस के कस्बा मेंडू में भैरों मंदिर के निकट एक कुटिया में रह रही महिला साध्वी रेखा (70) की सिर में भारी वस्तु से प्रहार कर हत्या कर दी गई। घटना का आरोप उनके साथ रहने वाले बाबा पर लग रहा है। वह भागा हुआ है। पुलिस ने मृतका के बेटे की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
24 जून की सुबह करीब छह बजे राहगीरों ने कुटिया के बाहर बने चबूतरे पर साध्वी रेखा का लहूलुहान शव पड़े देखा। उनके सिर पर चोट का निशान था। इसकी सूचना थाना जंक्शन पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका की पहचान कर परिजनों को सूचना दी। पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी सिर पर चोट लगने की वजह से मौत होने की बात सामने आई है।
कस्बा निवासी शेर सिंह ने बताया कि करीब आठ-नौ साल से भैरों मंदिर के निकट कुटिया बनाकर साधु बाबा नेम सिंह उर्फ फौजी रह रहा है। करीब पांच साल पहले सिंकदराराऊ क्षेत्र के गांव बरगांव निवासी रेखा भी उसके पास कुटिया में आकर रहने लगी थी। उन्होंने बताया कि नेमसिंह काफी गुस्से वाला था और दोनों के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। एक बार वह कुटिया छोड़कर भी चला गया था, लेकिन फिर वापस आ गया। वह कहां का रहने वाला था, उसके नाम के साथ फौजी क्यों जुड़ा, इसकी जानकारी ग्रामीणों को नहीं है। सीओ सिकंदराराऊ जेएन अस्थाना ने बताया कि मृतका के पुत्र दिनेश की तहरीर पर हत्यारोपी नेम सिंह उर्फ फौजी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। उसकी तलाश की जा रही है।
20 साल पहले रेखा ने लिया था सन्यास
महिला साध्वी रेखा के पुत्र दिनेश कुमार ने बताया कि 2005 में उनकी मां ने सन्यास ले लिया था। भिक्षा मांग कर गुजारा करती थी। उन्होंने कई बार उन्हें घर ले जाने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने इन्कार कर दिया और कहती थी कि अब पूरा जीवन साधु बनकर ही गुजारना है। उन्होंने बताया कि पिछली सर्दियों में उनकी तबीयत बहुत ज्यादा खराब हो गई थी। तब वह आए थे। सोमवार को भी उनकी तबीयत खराब हुई तो साथ में रहने वाले साधु ने ही उन्हें दवा लाकर दी थी।
चांदी की मूर्ति के लिए होता था विवाद
मृतका के पुत्र का कहना है कि नेमपाल और उनकी माता के बीच मां दुर्गा की एक चांदी की मूर्ति को पर विवाद था। हालांकि की पुलिस का कहना है कि यह मूर्ति कुटिया में ही मिल गई है।