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हापुड़ जिले की दो लाख महिलाओं को पढ़ाया जाएगा जनसंख्या नियंत्रण पाठ
Updated Sun, 08 Jul 2018 12:25 AM IST
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जिले की दो लाख महिलाएं पढ़ेंगी जनसंख्या नियंत्रण का पाठ
हापुड़। जिलेभर की दो लाख महिलाओं को स्वास्थ्य विभाग जनसंख्या नियंत्रण का पाठ पढ़ाएगा। इसके लिए आशाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है। 11 से 24 जुलाई तक ‘जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़ा’ चलाया जाएगा। जिलेभर की तमाम सीएचसी, पीएचसी पर इच्छुक नसबंदी का लाभ उठा सकेंगे।
जनसंख्या नियंत्रण को लेकर सरकार अनेक कदम उठा रही है। इस बार 11 जुलाई से मनाए जाने वाले जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़े में भी संशोधन किया गया है। जिलेभर से चिंहित दो लाख महिलाओं को आशाओं द्वारा जनसंख्या नियंत्रण के लाभ व इसके अपनाने के तरीके बताए जाएंगे।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा आशाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है, जो महिलाओं को पूरी जानकारी देंगे। इच्छुक महिलाएं 11 जुलाई से 24 जुलाई तक जिलेभर के किसी भी सीएचसी, पीएचसी पर नसबंदी या अस्थाई मैथड का लाभ उठा सकती है। बता दें कि जिले में कुल जनसंख्या 14 लाख से अधिक है। जनसंख्या वृद्धि से बेरोजगारी बढ़ रही है, साथ ही बच्चों को अच्छी शिक्षा भी नहीं मिल पा रही है। इसी उद्देश्य से सरकार ने महिलाओं को जागरूक करने का निर्णय लिया है।
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डिप्टी सीएमओ डा. प्रवीण शर्मा ने बताया कि आशाएं गांव-गांव जाकर महिलाओं को जागरूक कर रही हैं। 11 से 24 जुलाई तक जिलेभर में जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़ा चलाया जाएगा। इस योजना को लागू कराने में सरकार की विशेष रुचि है। हालांकि यह स्पष्ट है कि किसी को नसबंदी के लिए जबरन बाध्य नहीं किया जा सकता, लेकिन इतना जरूर है कि बच्चे कम होने के लाभों से महिला पुरुषों को अवगत कराकर उन्हें नसबंदी के लिए प्रेरित किया जाएगा।
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हापुड़। जिलेभर की दो लाख महिलाओं को स्वास्थ्य विभाग जनसंख्या नियंत्रण का पाठ पढ़ाएगा। इसके लिए आशाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है। 11 से 24 जुलाई तक ‘जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़ा’ चलाया जाएगा। जिलेभर की तमाम सीएचसी, पीएचसी पर इच्छुक नसबंदी का लाभ उठा सकेंगे।
जनसंख्या नियंत्रण को लेकर सरकार अनेक कदम उठा रही है। इस बार 11 जुलाई से मनाए जाने वाले जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़े में भी संशोधन किया गया है। जिलेभर से चिंहित दो लाख महिलाओं को आशाओं द्वारा जनसंख्या नियंत्रण के लाभ व इसके अपनाने के तरीके बताए जाएंगे।
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स्वास्थ्य विभाग द्वारा आशाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है, जो महिलाओं को पूरी जानकारी देंगे। इच्छुक महिलाएं 11 जुलाई से 24 जुलाई तक जिलेभर के किसी भी सीएचसी, पीएचसी पर नसबंदी या अस्थाई मैथड का लाभ उठा सकती है। बता दें कि जिले में कुल जनसंख्या 14 लाख से अधिक है। जनसंख्या वृद्धि से बेरोजगारी बढ़ रही है, साथ ही बच्चों को अच्छी शिक्षा भी नहीं मिल पा रही है। इसी उद्देश्य से सरकार ने महिलाओं को जागरूक करने का निर्णय लिया है।
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डिप्टी सीएमओ डा. प्रवीण शर्मा ने बताया कि आशाएं गांव-गांव जाकर महिलाओं को जागरूक कर रही हैं। 11 से 24 जुलाई तक जिलेभर में जनसंख्या नियंत्रण पखवाड़ा चलाया जाएगा। इस योजना को लागू कराने में सरकार की विशेष रुचि है। हालांकि यह स्पष्ट है कि किसी को नसबंदी के लिए जबरन बाध्य नहीं किया जा सकता, लेकिन इतना जरूर है कि बच्चे कम होने के लाभों से महिला पुरुषों को अवगत कराकर उन्हें नसबंदी के लिए प्रेरित किया जाएगा।